भास्कर नायडू की कहानी सिर्फ सांपों को बचाने की नहीं, बल्कि उनके जुनून, हिम्मत, सेवा और समर्पण की वो मिसाल है, जिसे जानकर आप दंग रह जाएंगे. जिस जहरीले सांप के डसने से उनकी जान पर बन आई, फिर भी उन्होंने अपना रास्ता नहीं बदला. तीन दशक में करीब 30 हजार सापों को बचा चुके नायडू के सेवा भाव को पहचान कर टीटीडी ने उनका सम्मान किया है.
तिरुमाला के नवरात्रि ब्रह्मोत्सव की सफलता पर तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम (TTD) के कार्यकारी अधिकारी एम रविचंद्र ने सभी सेवादारों और भक्तों का हृदय से आभार जताया. उन्होंने बताया कि इस उत्सव में आंध्र प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम ने भी विशेष भूमिका निभाई.
तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम (TTD) ने बताया कि मंदिर में आने वाले भक्तों की संख्या में दिन-प्रतिदिन बढ़ोतरी हो रही है. ट्रस्ट ने स्थानीय निकाय चुनाव के कारण कुछ नियमों में बदलाव किए जाने की बात कही है. ट्रस्ट ने भक्तों से सहयोग करने की अपील की है.
तिरुमाला की पहाड़ियों पर स्थित भगवान वेंकटेश्वर स्वामी यानी तिरुपति बालाजी के धाम में दिव्य नवरात्रि ब्रह्रोत्सव चल रहा है. ज़ी मीडिया अपनी विशेष कवरेज में भूलोक में भगवान की मौजूदगी की कथाओं और परंपराओं के बारे में आपको जानकारी दे रहा है. इस कड़ी में आज भगवान के दिव्य अभिषेक के बारे में आपको बताते हैं.
तिरुमाला की पहाड़ी पर भगवान वेंकटेश्वर स्वामी के मंदिर में नवरात्रि ब्रह्मोत्सवम की धूम मची है. ज़ी मीडिया भगवान के इस उत्सव की व्यापक कवरेज कर रहा है. इस कड़ी में नेपाल से आए तमाम श्रद्धालुओं ने भगवान की इस सेवा के लिए ज़ी मीडिया का आभार प्रकट किया.
तिरुमाला के नवरात्रि ब्रह्मोत्सव में 14 अक्टूबर को 84 हजार श्रद्धालुओं ने दर्शन किए. टीटीडी के अनुसार, अबतक लगभग 2 लाख तीर्थयात्रियों को मुफ्त अन्नप्रसादम परोसा गया, और 8,754 लोगों ने अश्विनी अस्पताल में सेवाएं प्राप्त कीं.
ज़ी मीडिया के एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में टीटीडी (TTD) के वरिष्ठ अधिकारी वेंकैया चौधरी ने तिरुमाला नवरात्रि ब्रह्मोत्सव की व्यापक तैयारियों की जानकारी देते हुए बताया कि इस बार पहले से ज्यादा श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद है. सुगम दर्शन, सुरक्षा, चिकित्सा, पेयजल, भोजन और प्रसाद की पुख्ता व्यवस्था की गई है.
मान्यता है कि ब्रह्मोत्सव के आयोजन को देखने का सौभाग्य मिलना जीवन में सकारात्मक बदलाव आने का संकेत होता है. स्थानीय लोग इस आयोजन को भगवान की विशेष कृपा और आध्यात्मिक पुण्यलाभ से जोड़कर देखते हैं.