राजस्थान के जयपुर के परकोटे में वन-वे ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर व्यापारियों का विरोध तेज हो गया है. शुक्रवार को सुभाष चौक, चांदी की टकसाल, पुराना आमेर रोड और हवा महल क्षेत्र के 400 से ज्यादा दुकानदारों ने दुकानें बंद रखकर विरोध प्रदर्शन किया. व्यापारी सड़कों पर उतर आए और ट्रैफिक व्यवस्था में बदलाव की मांग की.
सुभाष चौक व्यापार मंडल के अध्यक्ष मुकेश अग्रवाल और महामंत्री महावीर शर्मा के नेतृत्व में व्यापारियों ने विरोध जताया. व्यापारी बड़ी चौपड़ पहुंचे और यहां प्रदर्शन किया. उनका कहना है कि सुभाष चौक से हवा महल जाने वाले रास्ते को डायवर्ट करने और वन-वे व्यवस्था लागू करने से ग्राहकों की आवाजाही कम हो गई है. इससे कारोबार प्रभावित हो रहा है. व्यापारियों ने आरोप लगाया कि ट्रैफिक व्यवस्था लागू करने से पहले उनसे राय नहीं ली गई.
व्यापारियों ने फिलहाल तीन घंटे का सांकेतिक विरोध प्रदर्शन किया. उन्होंने सरकार और प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया, तो आंदोलन को और बड़ा किया जाएगा. प्रदर्शन के दौरान चांदी की टकसाल का फूड पॉइंट भी सूना नजर आया. यहां प्याज की कचौरी, मिर्ची वड़ा और समोसे की दुकानें बंद रखकर विरोध जताया गया. हवा महल के सामने स्थित कुछ टैक्सटाइल और हैंडीक्राफ्ट दुकानों पर भी ताले लटके रहे.
व्यापारियों के विरोध को जयपुर टूरिस्ट गाइड एसोसिएशन ने भी समर्थन दिया. एसोसिएशन के अध्यक्ष मदन सिंह राजपुरा ने कहा कि वन-वे व्यवस्था लागू करने से पहले संबंधित लोगों से चर्चा होनी चाहिए. उन्होंने आशंका जताई कि रास्तों में बदलाव से पर्यटकों और कारोबारियों दोनों को परेशानी हो सकती है. गाइड्स ने भी समस्या का समाधान नहीं होने पर आंदोलन में शामिल होने की चेतावनी दी.
प्रदर्शन के दौरान एसीपी पीयूष कविया ने व्यापारियों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया. उन्होंने कहा कि यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए वन-वे लागू किया गया है. साथ ही उन्होंने आश्वस्त किया कि पर्यटकों की गाड़ियों को नहीं रोका जाएगा. व्यापारियों ने ट्रैफिक डीसीपी को ज्ञापन देकर अपनी समस्याएं रखने की बात कही है. अब देखना होगा कि प्रशासन व्यापारियों की मांगों पर क्या निर्णय लेता है.