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फुटबॉल ग्राउंड और सैकड़ों फैंस की भीड़ देखकर बना था टाइगर श्रॉफ पर अटैक का प्लान, सामने आया वारदात का पूरा ब्लूप्रिंट

बॉलीवुड के सितारे टाइगर श्रॉफ पर जानलेवा हमले के मामले में नए-नए खुलासे हो रहे हैं. जांच में पता चला है कि आरोपियों ने फुटबॉल ग्राउंड के बाहर टाइगर श्रॉफ के फैंस की भीड़ को देखते हुए उस जगह को हमले के लिए चुना था.

फुटबॉल ग्राउंड और सैकड़ों फैंस की भीड़ देखकर बना था टाइगर श्रॉफ पर अटैक का प्लान, सामने आया वारदात का पूरा ब्लूप्रिंट
Image Credit: टाइगर श्रॉफ पर अटैक ब्लूप्रिंट सामने आया

टाइगर पर हमले की प्लानिंग कोई एक दिन में नहीं की गई थी. हमलावरों ने पंजाब से दिल्ली वाया हरियाणा होते हुए मुंबई तक बिना किसी चूक के ऐसा गुप्त प्लान बनाया, जिसने सुरक्षा एजेंसियों के होश उड़ा दिए. उनके इस हमले के बाद से पूरा बॉलीवुड अब तक सदमे में है. हमलावरों ने उस गोलीकांड को अंजाम देने के लिए जो प्लान बनाया था, उसका ब्लूप्रिंट जी मीडिया के हाथ लग चुका है.

लॉरेंस के इशारे पर रची गई हमले की साजिश!

मुंबई क्राइम ब्रांच के सूत्रों के मुताबिक, लॉरेंस बिश्नोई के इशारे पर अनिल पंडित ने कुणाल के साथ  मिलकर बॉलीवुड के 5 बड़े सितारों को टारगेट करने का प्लान डिसकस किया था. जिन सितारों को निशाना बनाया जाना था, उनमें अमिताभ बच्चन, सलमान खान, अक्षय कुमार, आमिर खान और टाइगर श्रॉफ थे. लेकिन टाइगर श्रॉफ को छोड़कर बाकी सबकी सिक्योरटी उन्हें जबरदस्त नजर आई, जिसमें सेंध लगाना उन्हें संभव नहीं लग रहा था. इसलिए आखिर में टाइगर को निशाना बनाने का फैसला लिया गया.

इसके बाद प्लान के मुताबिक कुणाल जेल से निकलने के बाद अमृतसर गया. वहां से हथियार लेकर वह दिल्ली वापस लौटा. वहां पर राधा और बबीता से कुणाल की मुलाकात हुई. उसने दोनों को मुंबई जाने के लिए मना लिया. उसके जरिए कुणाल ने हथियार और गोलियों को मुंबई पहुंचाया.

वारदात से पहले टाइगर की हुई थी रेकी

मुंबई में राधा और बबीता दादर में जाकर एक होटल में रुकीं. इसके बाद नाबालिग शूटर उनके होटल में पहुंचा और हथियार कलेक्ट करके निकल गया. उसी शाम को जुहू इलाके में तीन हमलावर टाइगर पर हमला कर दिया.

मुंबई में जिस तरह से खुलेआम शूटआउट को अंजाम दिया गया. वो लोगों की सुरक्षा की पोल खोल रहा है. इस शूटआउट को ऐसे-वैसे अंजाम नहीं दिया गया, बल्कि इस हमले के पीछे की तैयारी बहुत ही पुख्ता नजर आती है.

शूटरों ने टाइगर श्रॉफ पर हमला करने की अच्छी प्लानिंग की थी. उन्हें पहले से पता था कि टाइगर श्रॉफ हर संडे फुटबॉल खेलने पुष्पा नर्सरी पार्क में आते हैं. जहां उनके चाहने वालों की अच्छी खासी भीड़ जमा होती है.

टाइगर की फुर्ती से बच गई जान

वो कहां से कैसे निकलते हैं इन सभी जगहों को चिन्हित किया गया था. इसके बाद ठीक उसी मोड़ को चुना गया. जिस मोड़ पर अक्सर टाइगर श्रॉफ अपने चाहने वालों का अभिवादन करते नजर आते थे. इसी का फायदा उठाकर शूटर्स टाइगर श्रॉफ के करीब पहुंचे और एक के बाद एक 5 राउंड गोलियां चलाकर मुंबई को दहशत से भर देते हैं.

इस हमले में ड्राइविंग सीट पर बैठे उनके ड्राइवर फिरदौस के हाथ में गोली लगी. उनका एक फैन भी घायल हुआ और चारों ओर अफरा-तफरी मच गई. जबकि टाइगर के हाथ और सीने पर भी हमले के दौरान कुछ छर्रे और बारूद लगे.

हालांकि, खतरे को समझते हुए टाइगर फौरन ड्राइविंग सीट पर पहुंचे और लोगों की मदद से ड्राइवर को अपनी सीट पर बिठाकर नानावती अस्पताल पहुंच जाते हैं. फिलहाल टाइगर श्रॉफ के ड्राइवर और उनके फैन दोनों खतरे से बाहर हैं.

अब तक 8 आरोपी अरेस्ट, 2 हिरासत में

इस हमले को अंजाम देने के बाद शूटर्स राजस्थान फरार हो गए. वारदात के अगले दिन 19 अक्टूबर को मुंबई पुलिस ने राजस्थान के कोटा से हमलावर रिहान, ऋतिक और फूल सिंह को अरेस्ट कर लिया. इस वारदात में मदद करने वालीं राधा और बबीता को भी पुलिस ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से पकड़ लिया. साथ ही, शूटर्स को हथियार मुहैया करवाने वाले कुणाल और सुमित को भी पुलिस ने अरेस्ट कर लिया गया.

मामले की जांच कर रही मुंबई क्राइम ब्रांच के डीसीपी राजतिलक रोशन के मुताबिक, इस वारदात में कुल 8 आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं. जिनमें राजेश घटक नाम का आरोपी भी शामिल है. इसके साथ ही जतिन और समीर के नाम के आरोपी हिरासत में हैं. इस हमले में कई और लोगों के शामिल होने का शक है, जिसकी तफ्तीश की जा रही है. 
 

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About the Author

Devinder Kumar

Devinder Kumar

अनुभवी पत्रकार और अंतर्राष्ट्रीय मामलों के विश्लेषक हैं. पिछले 18 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. अमर उजाला और नवभारत टाइम्स जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में काम करने के बाद, वर्तमान में वे Zee News में कार्यरत हैं. देश-दुनिया और ब्रेकिंग न्यूज पर नजर रखते हैं. अंतर्राष्ट्रीय राजनीति, वैश्विक घटनाक्रमों और खोजपरक पत्रकारिता में विशेष पकड़ है.
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