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बिहार में विधान परिषद की 8 सीटों पर हो रहे चुनाव में विपक्षी एकता की धज्जियां उड़ गई हैं. 'फ्रेंडली फाइट' के नाम पर 8 में से 6 सीटों पर महागठबंधन के दल आपस में ही ताल ठोक रहे हैं. इसमें भी दरभंगा स्नातक सीट पर तो मुकाबला और ज्यादा दिलचस्प हो गया है. यहां राजद और कांग्रेस के बाद अब भाकपा-माले ने भी अपना उम्मीदवार उतार दिया है. कांग्रेस ने यहां से अपने सिटिंग एमएलसी डॉ मदन मोहन झा पर फिर से भरोसा जताया है. कांग्रेस ने जब राजद के खिलाफ अपने उम्मीदवारे तो तेजस्वी ने भी उसी अंदाज में जवाब दिया और दरभंगा स्नातक सीट से कांग्रेस के मदन मोहन झा के खिलाफ कुंवर राय को मैदान में उतार दिया. ट्विस्ट तब आया, जब भाकपा (माले) ने भी अपना कैंडिडेट खड़ा कर दिया. माले ने इस सीट से रामदेव राय को अपना प्रत्याशी बनाया है. इस तरह दरभंगा शिक्षक सीट पर एक ही गठबंधन के तीन दल आपस में टकरा रहे हैं.
इन सीटों पर भी 'फ्रेंडली फाइट'
इसके अलावा 5 सीटों पर भी महागठबंधन में शामिल दलों का आपस में ही मुकाबला है. इनमें स्नातक निर्वाचन की 3 सीटें और शिक्षक निर्वाचन की 2 सीटें शामिल हैं. पटना स्नातक क्षेत्र से राजद के दिलीप कुमार के सामने कांग्रेस ने डॉ. असदुल्लाह खान को खड़ा कर दिया है. कोसी स्नातक सीट पर राजद उम्मीदवार नितेश कुमार और कांग्रेस प्रत्याशी मनोज कुमार जायसवाल आमने-सामने हैं.
दरभंगा स्नातक सीट पर राजद के अनिल कुमार झा और कांग्रेस के रजनीकांत पाठक में मुकाबला देखने को मिल रहा है. इसी तरह से पटना शिक्षक सीट पर राजद के डॉ. संजीव कुमार सिंह और कांग्रेस के संजय यादव के बीच 'फ्रेंडली फाइट' देखने को मिल रही है. सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में राजद के प्रो. जयराम यादव के खिलाफ सीपीआई ने विद्यासागर विद्यार्थी को उतार दिया है.
NDA के लिए बागी बने मुसीबत
उधर, दूसरी ओर एनडीए को बागी नेताओं से बड़ा खतरा महसूस हो रहा है. पटना स्नातक सीट पर जेडीयू विधायक अनंत सिंह ने अपनी पार्टी के नीरज कुमार को ही हराने की जिम्मेदारी ले रखी है. ललन सिंह के हस्तक्षेप से अनंत सिंह ने नीरज कुमार के खिलाफ बयानबाजी नहीं करने का वादा किया है, लेकिन उनका समर्थन करने से भी साफ इनकार कर दिया है.
यहां जन सुराज उम्मीदवार डॉ. अनुज सिंह को अनंत सिंह का समर्थन मिलता रहेगा या नहीं, यह भी देखना दिलचस्प होगा. जेडीयू की बगावत थमी नहीं कि अब उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी में घमासान शुरू हो गया है. रालोमो के तीन विधायकों ने सारण शिक्षक सीट से जेडीयू उम्मीदवार आनंद पुष्कर के खिलाफ निर्दलीय उम्मीदवार रामपुकार सिन्हा का खुला समर्थन किया है.