JDU कार्यालय के बाहर ANM छात्राओं का जोरदार प्रदर्शनः भीड़ देखकर नीतीश कुमार ने गाड़ी घुमवा ली
एएनएम छात्राओं ने अपनी मांगों को लेकर आज जेडीयू कार्यालय पर प्रदर्शन किया. छात्राओं के प्रदर्शन के कारण पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को वहां से बैरंग लौटना पड़ा. वहीं, प्रदर्शनकारी छात्राओं ने परिवहन मंत्री दामोदर रावत की गाड़ी का घेराव किया.
एएनएम छात्राओं ने अपनी मांगों को लेकर आज (बुधवार, 30 सितंबर) पटना स्थित जेडीयू कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया. इसमें बड़ी संख्या में महिलाओं ने हिस्सा लिया. इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने परिवहन मंत्री दामोदर रावत की गाड़ी का घेराव किया. मंत्री जी को घेरकर छात्राओं ने अपनी मांगें रखीं. छात्राओं के प्रदर्शन के बीच पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी जेडीयू कार्यालय पहुंच गए. हालांकि, उन्होंने गेट पर बड़ी संख्या में छात्राओं के जमावड़े को देखते हुए अपनी गाड़ी घुमवा ली और वापस लौट गए.
कार्यालय में ही मौजूद थे निशांत कुमार
बता दें कि नीतीश कुमार के बेटे और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार हर बुधवार को जेडीयू कार्यालय पहुंचते हैं और आम लोगों की समस्याएं सुनते हैं. इस दौरान बड़ी संख्या में कार्यकर्ता भी उनसे मिलने आते हैं. आज जब निशांत कुमार जब प्रदेश कार्यालय पर मौजूद थे, तभी बड़ी संख्या में एएनएम छात्राएं वहां पहुंच गईं और हंगामा करने लगीं.
प्रदर्शनकारी छात्राएं जेडीयू कार्यालय के अंदर जाने की जिद कर रही थीं, लेकिन पुलिसकर्मियों ने उन्हें अंदर नहीं जाने दिया. इसी दौरान परिवहन मंत्री दामोदर रावत भी कार्यालय पहुंच गए तो प्रदर्शनकारी छात्राओं ने उनकी गाड़ी घेर ली. इस गहमा-गहमी के कारण वहां जाम लग गया. कुछ देर बाद ही नीतीश कुमार भी कार्यालय पर पहुंच गए, लेकिन जाम की स्थिति को देखते हुए अपनी गाड़ी घुमवा ली.
प्रदर्शनकारियों की क्या मांगें हैं?
जानकारी के मुताबिक, संविदा पर कार्यरत ANM नर्सें अपने नियमितीकरण और समान काम के लिए समान वेतन की मांग कर रही हैं. उनका कहना है कि वे कम मानदेय पर लंबे समय से ग्रामीण इलाकों में काम कर रही हैं. प्रदर्शनकारियों ने कहा कि वे पिछले कई सालों से अपनी मांगों को लेकर अधिकारियों और स्वास्थ्य मंत्री से मिलते रहे हैं, लेकिन कोई ठोस सुनवाई नहीं हुई है. इस कारण से आज उन्हें यह उग्र प्रदर्शन करना पड़ा.
प्रदर्शनकारियों ने स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार से मुलाकात की मांग की. हालांकि, वह इसमें कामयाब नहीं हो सकीं. जेडीयू कार्यालय पर तैनात सुरक्षाकर्मियों ने किसी भी प्रदर्शनकारी को अंदर नहीं जाने दिया. जिस कारण से जेडीयू प्रदेश कार्यालय के बाहर काफी गहमा-गहमी देखने को मिली.