2200 KM का सफर, नेपाल बॉर्डर से नागपुर तक का रूट और 5 बड़े सवाल; श्रद्धा केस में 'Z' गैंग एंगल की पड़ताल
लखनऊ के कारोबारी शिवा शर्मा की संदिग्ध मौत के बाद श्रद्धा दुबे 10 दिन तक 2200 KM तक फरार रही. नेपाल बॉर्डर से नागपुर तक का रूट, Z गैंग कनेक्शन और 5 बड़े सवालों पर Exclusive पड़ताल.
नंदन श्रीवास्तव/लखनऊ: राजधानी लखनऊ के कारोबारी शिवा शर्मा की संदिग्ध मौत के बाद श्रद्धा दुबे की 10 दिन की फरारी और 2200 किलोमीटर के सफर ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं. जांच अब इस बात पर टिक गई है कि फरारी के दौरान श्रद्धा की मदद किसने की? टाइमलाइन क्या है?
9 अक्टूबर को हुई थी कारोबारी शिवा शर्मा की मौत
9 अक्टूबर को हजरतगंज के अवध ग्रीन अपार्टमेंट से कारोबारी शिवा शर्मा की गिरकर मौत हुई. इसके बाद श्रद्धा दुबे, बहन रश्मि और ड्राइवर दानिश के खिलाफ FIR दर्ज हुई. 10 अक्टूबर को आरोपियों की SUV सीतापुर-लखीमपुर होते हुए बहराइच के रूपईडीहा, भारत-नेपाल बॉर्डर पर ट्रेस हुई. शाम 6:20 बजे आखिरी लोकेशन वहीं की मिली. 13 अक्टूबर को SUV रूपईडीहा में लावारिस खड़ी मिली।
नेपाल बॉर्डर के पास मिली SUV, नागपुर तक पहुंची तलाश
आगरा समेत कई शहरों से होते हुए आरोपी नागपुर पहुंचे. 13 अक्टूबर को 25-25 हजार का इनाम, 17 को गैर-जमानती वारंट और 18 अक्टूबर को इनाम बढ़ाकर 50 हजार किया गया. 20 अक्टूबर को लखनऊ पुलिस और STF ने नागपुर से श्रद्धा, रश्मि और दानिश को गिरफ्तार किया. 21 को ट्रांजिट रिमांड पर लखनऊ लाया गया. बीच में 15 अक्टूबर को श्रद्धा के दो वीडियो सामने आए, जिसमें उसने शिवा की मौत को सुसाइड बताकर खुद को निर्दोष बताया और कर्ज-जेवर के दावे किए.
Z गैंग कनेक्शन का क्या है एंगल?
जांच में अब मुंबई के कथित Z गैंग का नाम चर्चा में है. गैंग के सरगना जुल्फिकार बेहलिम और उसके भाई मोहसिन पर रंगदारी के कई मामले बताए जा रहे हैं. दावा है कि श्रद्धा को फार्म हाउस में ठहराने की तैयारी की गई थी. हालांकि, श्रद्धा और Z गैंग के बीच संबंध की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, यह जांच का संभावित एंगल है.
5 सवाल जिन पर टिकी है जांच
2200 KM के सफर का सत्यापित रूट क्या है?
रूपईडीहा में SUV मिलने के बाद आरोपी कैसे निकले?
आगरा समेत ठिकानों के होटल रिकॉर्ड और CCTV क्या कहते हैं?
क्या किसी ने ठहरने या यात्रा में मदद की?
Z गैंग से लिंक का कोई ठोस सबूत मिला?
श्रद्धा के संपर्कों का मायाजाल
श्रद्धा के बैकग्राउंड में 2016 में राजनीति में किस्मत आजमाने और बाद में मॉडलिंग की जानकारी सामने आई है. एक पूर्व DG के बेटे से फेसटाइम-व्हाट्सएप पर बातचीत के दावे भी हैं. सवाल है क्या फरारी के दौरान भी संपर्क था? इसका जवाब CDR और डिजिटल साक्ष्य देंगे.
श्रद्धा के पुराने संपर्क और VVIP पोस्टर भी चर्चा में
वहीं डांडिया महोत्सव का एक पोस्टर वायरल है, जिसमें श्रद्धा को 16-18 अक्टूबर को अवध शिल्पग्राम में VVIP गेस्ट बताया गया था। पोस्टर की असल कहानी और आयोजकों से संपर्क की भी जांच हो रही है। साथ ही 'अमीर' नाम के शख्स की भूमिका पर भी सवाल हैं।फिलहाल पुलिस का फोकस CDR, CCTV, होटल रिकॉर्ड और ट्रैवल डिटेल पर है.