भारत के एक युवा इंडस्ट्रियल डिजाइनर राहुल अग्रवाल ने फोल्डेबल मेजरिंग चम्मच बनाई है, जिसने अमरीका के सबसे बड़े बिजनेस शो 'शार्क टैंक यूएसए' में तहलका मचा दिया है. राहुल ने अपने इस अनोखे आइडिया से अमरीकी इन्वेस्टर्स का दिल जीत लिया और 350,000 डॉलर (3 करोड़ रुपये से ज्यादा) की डील पक्की कर ली. आखिर यह फोल्डिंग चम्मच क्या है और कैसे एक साधारण से चैलेंज ने इस भारतीय युवा की जिंदगी बदलकर रख दी?
बात साल 2014 की है, जब राहुल अग्रवाल अहमदाबाद के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ डिजाइन (NID) में पढ़ाई कर रहे थे. उस वक्त उनके एक सीनियर ने उनसे मजाक-मजाक में कहा कि 'चम्मच को रिडिजाइन करने की कोशिश मत करो, यह अपने परफेक्ट फॉर्म में आ चुकी है और इससे बेहतर नहीं हो सकती.' राहुल ने इस बात को एक चैलेंज की तरह ले लिया. दिलचस्प बात यह है कि राहुल खुद खाना बनाना भी नहीं जानते थे, लेकिन वे इस आइडिया को छोड़ने को तैयार नहीं थे. उन्होंने दिन-रात एक करके सोचना शुरू किया और सिर्फ तीन दिनों में उनके दिमाग में एक बेसिक आइडिया आया कि क्यों न एक फ्लैट शीट बनाई जाए जो मोड़ने पर चम्मच का रूप ले ले. हालांकि इस डिजाइन को परफेक्ट बनाने और अमरीका के टीवी शो तक पहुंचाने में उन्हें सालों का वक्त लग गया.
राहुल अग्रवाल की कंपनी 'पॉलीगोन्स डिजाइन' द्वारा बनाई गई यह चम्मच किचन के झंझट को पूरी तरह खत्म कर देती है. आमतौर पर जब हम किचन में कुछ नापकर डालते हैं, तो हमें अलग-अलग साइज की 6 तरह की मेजरिंग चम्मच रखनी पड़ती हैं. राहुल ने इन 6 अलग-अलग चम्मचों की जगह सिर्फ 2 फ्लैट और फ्लेक्सिबल चम्मचें बनाई हैं. यह चम्मच दिखने में एक पतली प्लास्टिक की पट्टी जैसी लगती है जिसकी मोटाई महज 2.8 एमएम होती है. जब आप इसे तय किए गए निशान से पिंच करते हैं, तो यह तुरंत मोड़क चम्मच की शेप ले लेती है. बड़ी चम्मच से आप आधा बड़ा चम्मच, एक बड़ा चम्मच या दो बड़े चम्मच नाप सकते हैं. वहीं छोटी चम्मच से आप एक-चौथाई, आधा या एक छोटा चम्मच नाप सकते हैं. यह चम्मच फूड ग्रेड मटीरियल, सिलिकॉन और मैग्नेट से मिलकर बनी है जो इस्तेमाल के बाद बिल्कुल फ्लैट हो जाती है और इसे साफ करना भी बेहद आसान है.
अमरीका के मशहूर बिजनेस रियलिटी शो 'शार्क टैंक' के सीजन 18 के चौथे एपिसोड में राहुल अग्रवाल अपने इस 'Polygons' प्रोडक्ट के साथ पहुंचे. इस शो में अमरीकी टीवी स्टार लोरी ग्रेनर के साथ जानी-मानी हॉलीवुड एक्ट्रेस और प्रोड्यूसर माइंडी कलिंग भी बतौर गेस्ट जज मौजूद थीं. राहुल ने जजों के सामने अपने प्रोडक्ट का शानदार डेमो दिया. प्रोडक्ट को देखकर अमरीकी इन्वेस्टर्स इतने हैरान रह गए कि वे खुद को तारीफ करने से रोक नहीं पाए. माइंडी कलिंग ने इस प्रोडक्ट को बेहद स्मार्ट, उपयोगी और 'इंजीनियस' बताया.
शार्क टैंक के मंच पर राहुल अग्रवाल ने अपने बिजनेस के लिए एक बेहतरीन डील क्रैक की. उन्होंने लोरी ग्रेनर और माइंडी कलिंग से मिलकर 350,000 डॉलर का फंड हासिल किया. इसके बदले में राहुल ने अपनी कंपनी में 8 फीसदी इक्विटी और 2 फीसदी एडवाइजरी शेयर्स दिए, यानी कुल मिलाकर 10 फीसदी की हिस्सेदारी दी. एक साधारण सी दिखने वाली चम्मच को नए अंदाज में पेश करके राहुल ने अमरीका के सबसे बड़े इन्वेस्टर्स को अपना मुरीद बना लिया.