रेहान के नाम पर मदन राठौड़ का तंज, बोले- 'पापा कहां गए, नाम कहां से कहां लगा रहे हो?'
जयपुर में बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने प्रियंका गांधी वाड्रा के बेटे रेहान के नाम को लेकर टिप्पणी की. उन्होंने नाम के साथ राजीव गांधी का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर परिवारवाद की राजनीति करने का आरोप लगाया और सवाल उठाए कि एक परिवार के नाम पर कब तक राजनीति होगी.
जयपुर में बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा के बेटे रेहान को लेकर बयान दिया है. उन्होंने रेहान के नाम के साथ राजीव गांधी का जिक्र करते हुए कांग्रेस की राजनीति पर सवाल उठाए. राठौड़ ने कहा कि कांग्रेस को इस बात पर विचार करना चाहिए कि आखिर एक परिवार के नाम पर कितने दिन तक राजनीति की जाएगी. उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें इस विषय पर बोलना नहीं चाहिए, क्योंकि उनके बयान को विवादित बताया जा सकता है.
पापा कहां गए, नाम कहां से कहां लगा रहे हो?
मदन राठौड़ ने कहा कि अगर रेहान का नाम गूगल पर खोजा जाएगा तो उनके नाम के साथ रेहान राजीव गांधी लिखा हुआ दिखाई देता है. उन्होंने सवाल उठाया कि नाम के साथ राजीव गांधी का नाम क्यों जोड़ा जा रहा है. राठौड़ ने तंज कसते हुए कहा, "पापा कहां गए? नाम कहां से कहां लगा रहे हो?"
उन्होंने कहा कि ऐसा इसलिए किया जा रहा है, क्योंकि उसी परिवार के नाम पर राजनीति करनी है. राठौड़ ने इस पूरे मामले को परिवारवाद की राजनीति से जोड़ते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा.
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कांग्रेस को परिवारवाद पर विचार करने की सलाह
बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस को अब इस बारे में विचार करना चाहिए कि केवल एक परिवार के नाम पर कितने दिन तक राजनीति की जा सकती है. उन्होंने कहा कि राजनीति में जनता का समर्थन पाने के लिए परिवार के नाम का सहारा लेने की कोशिश की जा रही है. राठौड़ ने कहा कि इस टिप्पणी को विवादित माना जाए या कुछ और, लेकिन इस मुद्दे पर सवाल उठना चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि उनके यहां मां-बाप के नाम को लेकर परंपरा है. हालांकि, उन्होंने इस विषय पर ज्यादा कुछ कहने से परहेज करने की बात भी कही.
बयान को लेकर विवाद की बात भी कही
मदन राठौड़ ने अपनी बात रखते हुए शुरुआत में ही कहा कि उन्हें इस विषय पर बोलना नहीं चाहिए, क्योंकि बाद में उनके बयान को विवादित बताया जा सकता है. इसके बावजूद उन्होंने रेहान के नाम और कांग्रेस की राजनीतिक परंपरा का जिक्र करते हुए अपनी बात रखी. उनकी टिप्पणी का मुख्य केंद्र रेहान के नाम के साथ राजीव गांधी का नाम जोड़े जाने का मुद्दा और कांग्रेस पर परिवारवाद का आरोप रहा. राठौड़ ने सवाल उठाया कि एक परिवार के नाम के सहारे आखिर कब तक राजनीति की जाएगी.
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गलवान घाटी को लेकर भी पूछा गया सवाल
बयान के दौरान पत्रकारों ने गलवान घाटी को लेकर आईटीबीपी के डीजी शत्रुजीत कपूर के बयान पर भी सवाल पूछा तो मदन राठौड़ ने कहा कि कभी-कभी सीमा पर घुसने की गलतफहमी भी हो जाती है, लेकिन उसे बैठकर सुलझा लेते हैं. हथियार का उपयोग नहीं, सीमा का मामला बैठकर सुलझाना ठीक बात है, लेकिन अब समय बदल रहा है, वो जो करेंगे सोच-समझकर करेंगे. दो बड़े देशों में लड़ाई जैसा फैसला नहीं होना चाहिए. वहीं पर छोटी-मोटी बातें सुलझा दें. आज विकास की दौड़ में आगे बढ़ने का समय है कहीं भी युद्ध होता है तो दुनिया को हानि होती है दो देशों को ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया को खामियाजा भुगतना पड़ता है.
इधर केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने प्रियंका गांधी वाड्रा के बेटे रेहान के नाम को लेकर चल रहे विवाद पर प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा कि प्रियंका गांधी अपने नाम के साथ गांधी लगाती हैं और इसी वजह से उनके बेटे भी अपने नाम के साथ गांधी लगाते होंगे. अठावले ने कहा कि किसी के नाम के साथ क्या जुड़ा है, इससे उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता और न ही उन्हें इस पर कोई तकलीफ है.