मंगलवार (29 सितंबर) रात मध्य कश्मीर के बडगाम जिले के घने जंगलों वाले ऊंचे इलाकों में सुरक्षा बलों ने एक सर्च ऑपरेशन चलाया, जिसमें एक आतंकवादी मारा गया. अधिकारियों को शक है कि मारा गया आतंकवादी लश्कर-ए-तैयबा (LeT) का टॉप कमांडर सुलेमान शाह उर्फ 'फौजी मूसा' हो सकता है.
यह कार्रवाई ऊंचे इलाकों में आतंकवादियों की हलचल के बारे में मिली खास खुफिया जानकारी के आधार पर की गई. कोराग इलाका बडगाम जिले में यूसमर्ग और दूधपथरी टूरिस्ट स्पॉट के बीच स्थित एक ऊंचा इलाका है. इस इलाके की घेराबंदी की गई; यह इलाका दूधपथरी हिल स्टेशन से लगभग 7 किलोमीटर दक्षिण में स्थित है.
सितंबर 2026 के आखिर में यूसमर्ग के पास कोराग इलाके के ऊंचे इलाकों में भारतीय सेना, J&K पुलिस और CRPF ने मिलकर आतंकवाद-विरोधी ऑपरेशन चलाया. इस बार भी सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और CRPF की एक संयुक्त टीम ने यूसमर्ग और दूधपथरी के ऊंचे इलाकों में बडगाम के गुरुवतकलान के कोराग जंगल इलाके में घेराबंदी और तलाशी अभियान (कॉर्डन-एंड-सर्च ऑपरेशन) शुरू किया.
सेना की चिनार कोर ने एक बयान में कहा कि जब सैनिक संदिग्ध ठिकाने के करीब पहुंचे, तो आतंकवादियों ने गोलीबारी शुरू कर दी, जिससे दोनों तरफ से गोलीबारी हुई और एक आतंकवादी मारा गया.
अधिकारियों ने बताया कि मंगलवार देर रात तक ऑपरेशन जारी था और पीर पंजाल रेंज के घने और ऊबड़-खाबड़ इलाके की कड़ी घेराबंदी की गई थी ताकि बचे हुए आतंकवादी भाग न सकें. हालांकि, सेना और पुलिस ने शुरुआती जानकारी में मारे गए आतंकवादी की पहचान का खुलासा नहीं किया, लेकिन बाद में कई सुरक्षा और खुफिया सूत्रों ने पुष्टि की कि वह मूसा या फौजी मूसा, या पाकिस्तानी नागरिक और LeT का सीनियर कमांडर हाशिम मूसा हो सकता है.
OP KORAG, Yousmarg
Based on specific intelligence input, a Joint Search Operation was launched by #IndianArmy, @JmuKmrPolice and @crpf_srinagar in general area Korag, Yousmarg.
Vigilant troops observed suspicious activity and upon being challenged, terrorists opened fire,…— Chinar Corps🍁 - Indian Army (@ChinarcorpsIA) September 29, 2026
सुरक्षा एजेंसियों ने मूसा को कश्मीर में LeT के सबसे ज्यादा वांछित कमांडरों में से एक बताया है. वह पुंछ-राजौरी, गुलमर्ग, गांदरबल और पहलगाम की घटना समेत घाटी में कई हमलों में शामिल रहा है. अप्रैल 2025 में जांच एजेंसियों ने पहलगाम हमले से जुड़े चार आतंकवादियों की तस्वीरें जारी की थीं. इनमें आसिफ फौजी और सुलेमान शाह जैसे संदिग्ध शामिल थे, जो मूसा और यूनुस जैसे कोड नामों का इस्तेमाल करते थे.
अधिकारियों ने बताया कि मूसा कश्मीर में LeT के ऑपरेशन्स की कमान संभाल रहा था और उसने उस हमले के साथ-साथ घाटी के अन्य हिस्सों में पहले हुए हमलों की योजना बनाने और उन्हें अंजाम देने में अहम भूमिका निभाई थी.
खबरों के मुताबिक, मूसा 5 सितंबर को यूसमर्ग की पहाड़ियों में हुई एक मुठभेड़ के दौरान बच निकला था. उस मुठभेड़ में उसका करीबी साथी और भरोसेमंद व्यक्ति, जिसकी पहचान यासिर के तौर पर हुई थी, मारा गया था. मंगलवार के ऑपरेशन को मध्य कश्मीर में LeT के कमांड स्ट्रक्चर के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है, हालांकि अधिकारियों ने कहा कि औपचारिक पहचान की प्रक्रिया और आगे की जांच अभी चल रही है.