First Medical College in Ladakh: आखिरकार लंबे अरसे का इंतजार खत्म हुआ, जिसके बाद लद्दाख वालों में खुशी की लहर है. एक तरफ इस केंद्र शासित प्रदेश को पहली हाई कोर्ट बेंच मिल गई है. दूसरी ओर पहले मेडिकल कॉलेज खुलने की भी मंजूरी मिल गई है. दरअसल, साल 2019 में जब केंद्र शासित प्रदेश लेह-लद्दाख और जम्मू-कश्मीर एक दूसरे से अलग हुआ था, तब से यहां के लोगों को सरकारी मेडिकल कॉलेज के खुलने का इंतजार था और अब पूरा होने वाला है.
केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा लद्दाख में पहले सरकारी मेडिकल कॉलेज को शुरू करने की अनुमति दे दी गई है. ऐसे में छात्रों को अब शहर से बाहर जाना नहीं पड़ेगा वो अपने प्रदेश में रहकर ही मेडिकल की पढ़ाई कर सकेंगे.
कब से शुरू होगा मेडिकल कॉलेज?
जानकारी के लिए बता दें कि पहले ही दिसंबर 2019 में सरकार ने लद्दाख में मेडिकल कॉलेज को बनाने की मंजूरी दे दी थी, लेकिन अब इसे 80 प्रतिशत शर्त के तहत साल 2027 से मेडिकल पढ़ाई के लिए शुरू किया जाएगा. लद्दाख में शैक्षणिक सत्र 2027-28 से पढ़ाई के लिए इस मेडिकल कॉलेज को शुरू किया जाएगा.
राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (NMC) और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा भारत में नए मेडिकल कॉलेज को शुरू करने या एमबीबीएस की नई सीटों को मंजूरी देने के लिए सख्त नियम लागू किए जाते हैं. केंद्र शासित प्रदेश के स्टीपक फर्का में बन रहे सरकारी मेडिकल कॉलेज (GMC Leh) को लेकर केंद्र सरकार ने 80% निर्माण कार्य वाली शर्त में एक बार की खास छूट दी है.
Another historic milestone for Ladakh! Ladakh’s first medical college in Leh is all set to become a reality, with the Union Ministry of health & Family Welfare, approving the operationalisation of the medical college, starting from the academic year 2027-28. I sincerely thank Hon’ble Health Minister Shri @JPNadda ji, for taking cognisance of my request and granting a one-time relaxation from 80% completion of the infrastructure, before initiating recruitment of faculty and support staff. This crucial intervention allows us to initiate staggered, preparatory recruitment for 103 sanctioned regular posts, right away, even as the construction of our dedicated academic infrastructure progresses. This approval fulfils a long-standing aspiration of the people of Ladakh. It will expand opportunities for our youth to pursue quality medical education close to home and significantly boost the long-term healthcare ecosystem across the region. The UT Administration will ensure all necessary arrangements to welcome our first batch of medical students.
— LG Ladakh (@lg_ladakh) October 20, 2026
दरअसल, 80 प्रतिशत वाली शर्त के तहत किसी नए मेडिकल कॉलेज में फैकल्टी, डॉक्टरों और सपोर्ट स्टाफ की भर्ती प्रक्रिया और शैक्षणिक सत्र की शुरुआत जब तक 80 प्रतिशत तक निर्माण कार्य के साथ नहीं होती है तब तक मंजूरी नहीं मिलती है लेकिन लद्दाख में इस मामले में छूट दी गई है.
लद्दाख में 80% निर्माण वाली शर्त के बाद मेडिकल कॉलेज में शैक्षणिक सत्र 2027-28 की पढ़ाई शुरू होगी और भर्ती के लिए भी रास्ते खुलेंगे. इस पहले मेडिकल कॉलेज के बनने के बाद कई पदों पर भर्ती भी निकलेगी.