कैंडी क्रश के खेल में रचा इतिहास: उंगलियों ने स्क्रीन पर दिखाया ऐसा कमाल, लेवल 22,222 जीतकर सारण का लाल हुआ निहाल!
लक्ष्य सधा हुआ हो और निशाना अचूक हो तो फिर आपको आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता. भले ही वह खेल का मैदान हो या फिर मोबाइल पर अपना हुनर दिखाने का मौका. अगर आपने कोई लक्ष्य तय कर लिया है तो उसी दिशा में आगे बढ़ते जाइए. मंजिल जरूर मिलेगी.
'नजर मंजिल पर थी, रास्तों की परवाह किसे थी; जीतकर लौटे हैं, अब जमाने की परवाह किसे है.' बिहार के सारण जिले के दिघवारा नगर पंचायत निवासी शुभम ने ऐसी उपलब्धि हासिल की कि यह शे'र बरबस याद आ गया. शुभम की उपलब्धि पर आज पूरा बिहार गौरवान्वित महसूस कर रहा है. 19 साल, 8 महीने और 25 दिन के टीनएजर शुभम कुमार ने एक अनोखा रिकॉर्ड बनाया है और इसकी बदौलत उन्होंने 'इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड्स' में अपना नाम दर्ज करवा लिया है. उन्होंने कैंडी क्रश सागा गेम के 22,222 लेवल को पार कर यह उपलब्धि हासिल की है.
शुभम कुमार ने 5 जुलाई, 2026 को यह उपलब्धि हासिल की. 'इंटरनेशनल बुक ऑफ़ रिकॉर्ड्स' की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, जब उन्होंने यह उपलब्धि हासिल की, तब उनकी उम्र 19 साल, 8 महीने और 25 दिन थी. संस्था ने इस उपलब्धि को 'कैंडी क्रश सागा (टीनएजर) में हासिल किया गया सबसे हाई लेवल' कैटेगरी के रूप में मान्यता दी है.
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'इंटरनेशनल बुक ऑफ़ रिकॉर्ड्स' की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, यह टाइटल 'कैंडी क्रश सागा' (टीनएजर) में हासिल किया गया सबसे हाई लेवल है. इसका मतलब यह नहीं है कि लेवल 22,222 सभी उम्र के कैंडी क्रश खिलाड़ियों की ओर से हासिल किया गया सर्वाधिक लेवल था. शुभम को लेवल 22,222 की उपलब्धि तब मिली जब गेम में नए लेवल जुड़ते जा रहे थे. आधिकारिक 'किंग कम्युनिटी' ने अगस्त, 2026 में लेवल 23,000 को एक माइलस्टोन माना, जिससे उस लेवल को पूरा करने वाले खिलाड़ियों को कम्युनिटी बैज पाने का मौका मिला.
'किंग कम्युनिटी' पर एक पोस्ट में उन्होंने लिखा कि वे लेवल 23,105 तक पहुंच गए थे और तब उपलब्ध मैप के आखिर में थे. बाद में, उन्होंने लेवल 23,165 तक पहुंचने के बारे में बताया. ये बाद के लेवल कम्युनिटी अपडेट हैं, जो खुद बताए गए हैं और 'इंटरनेशनल बुक ऑफ़ रिकॉर्ड्स' के सर्टिफिकेशन से अलग हैं. कम्युनिटी प्लेटफ़ॉर्म पर एक और पोस्ट में, शुभम ने अपने रिकॉर्ड को 'सालों की लगन, निरंतरता और कैंडी क्रश सागा खेलने में बिताए अनगिनत घंटों' का नतीजा बताया. शुभम कुमार सिवान के गवर्नमेंट इंजीनियरिंग कॉलेज के छात्र बताए जा रहे हैं.
उनकी इस उपलब्धि पर अब गेमिंग कम्युनिटी के बाहर भी ध्यान दिया जा रहा है. बिहार के विज्ञान, प्रौद्योगिकी और तकनीकी शिक्षा विभाग ने 'इंटरनेशनल बुक ऑफ़ रिकॉर्ड्स' से मान्यता मिलने पर सिवान के गवर्नमेंट इंजीनियरिंग कॉलेज के इस छात्र को बधाई दी है. कैंडी क्रश सागा एक 'मैच-थ्री' पज़ल गेम है, जिसमें खिलाड़ी आस-पास की कैंडीज़ को आपस में बदलकर एक ही रंग की तीन या उससे ज़्यादा कैंडीज़ का मैच बनाते हैं. मैच पूरे होने पर बोर्ड से कैंडीज़ हट जाती हैं और हर लेवल का अपना एक मकसद और सीमित संख्या में चालें (मूव्स) होती हैं.
कैंडी क्रश सागा गेम 2012 में लॉन्च हुआ था. अपने अपने आसान फ़ॉर्मेट के चलते यह काफी लोकप्रिय रहा है. इसमें खिलाड़ी रंग-बिरंगी कैंडीज़ को मैच करके लेवल के हिसाब से तय मकसद पूरे करते हैं. जैसे-जैसे लेवल आगे बढ़ते हैं, गेम में नई रुकावटें और कॉम्बिनेशन आते जाते हैं, जिससे खिलाड़ियों के लिए आगे बढ़ना और भी मुश्किल होता जाता है.