जख्मों पर मरहम लगाने की कोशिश: लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी ने राघोपुर नाव हादसे में मृतकों के परिजन से की मुलाकात
राघोपुर नाव हादसे के पीड़ित परिवारों का संताप तो खत्म नहीं किया जा सकता, लेकिन उसे कम जरूर किया जा सकता है. गुरुवार को लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी ने पटना के कौटिल्यनगर स्थित निजी आवास पर इन परिवारों से मुलाकात की और हरसंभव मदद का भरोसा दिया.
बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और राष्ट्रीय जनता दल के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने गुरुवार को राघोपुर नाव हादसे में मृतकों के परिजन से मुलाकात की. दोनों नेताओं ने मृतकों के परिजन के प्रति गहरी संवेदना जताई और हर सुख दुख में भागीदारी का वचन दिया. एक दिन पहले देर शाम को तेजस्वी यादव ने भी राघोपुर नाव हादसे के पीड़ित परिवारों से मुलाकात की थी. हालांकि, कुछ लोगों ने तेजस्वी यादव के देर से आने को लेकर नाराजगी जताई थी. बीते मंगलवार को राघोपुर के रामपुर श्यामचंद गांव में बड़ा नाव हादसा हुआ था, जिसमें 13 बच्चों की मौत हो गई थी.
लोगों का कहना था कि केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान, बिहार सरकार के मंत्री उपमुख्यमंत्री विजेंद्र यादव और रामकृपाल यादव समेत कई नेताओं से आकर परिजन को सांत्वना दी और मदद का भरोसा जताया, लेकिन राष्ट्रीय जनता दल के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव सबसे लेट से पहुंचे. दरअसल, तेजस्वी यादव इंडिया ब्लॉक के प्रदर्शन में शामिल होने के लिए दिल्ली गए थे और वहां से लौटते ही उन्होंने राघोपुर का दौरा किया था. इसको लेकर वहां के लोगों में नाराजगी थी.
तेजस्वी यादव ने गुरुवार को राघोपुर नाव हादसे के सभी पीड़ित परिवारों को पटना के कौटिल्य नगर स्थित अपने निजी निवास पर बुलाकर राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी से मुलाकात करवाई. तेजस्वी यादव ने इस दौरान राघोपुर से आए सभी लोगों से कहा कि आप अपनी बातों को लालू जी के सामने रखिए. जो भी समस्या है, सभी का समाधान होगा.
तेजस्वी यादव का गांववालों ने किया विरोध
राघोपुर के विधायक तेजस्वी यादव जैसे ही बुधवार को गांव पहुंचे, आक्रोशित लोगों ने उन्हें घेर लिया और विरोध करने लगे. ग्रामीणों ने तेजस्वी यादव से गांव में बुनायादी सुविधाओं को लेकर तीखे सवाल किए. उनका कहना था कि इतनी बड़ी घटना होने के बाद भी विधायक को आने में 24 घंटे लग गए. आक्रोशीत लोगों ने कहा कि गांव में ना तो सड़क है और न ही कोई सुविधा. जब आपसे कुछ नहीं हो रहा तो आप विधायक पद से इस्तीफा दे दीजिए.
तेजस्वी यादव ने पीड़ित परिवार से जताई संवेदना
ग्रामीणों का आक्रोश झेलने के बाद तेजस्वी यादव ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और संवेदना जताई. इसके बाद तेजस्वी यादव ने मीडिया से बात करते हुए कहा, घटना बेहद दर्दनाक थी. अगर अस्पताल में व्यवस्था अच्छी होती तो कुछ बच्चों की जान बच सकती थी, लेकिन ऑक्सीजन और एंबुलेंस की कमी के कारण कई बच्चों की जान चली गई.
तेजस्वी यादव ने कहा कि हमारी पार्टी के लोग भी रात में ही मौके पर पहुंच गए थे. उन्होंने पीड़ित परिवार को पार्टी की तरफ से आर्थिक मदद देने का वादा किया और सरकार से मांग की कि पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता के साथ तीन-तीन डिसमिल जमीन भी दे.