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लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बिहार में बाढ़ की भयावह स्थिति को लेकर केंद्र और राज्य की भाजपा की डबल इंजन सरकार पर तीखा हमला बोला है. वहीं, बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी सरकार पर निशाना साधा है. तेजस्वी यादव ने दावा किया है कि आने वाले छह महीने में बिहार की आर्थिक स्थिति और बदतर होने वाली है और राज्य में भयंकर वित्तीय संकट खड़ा हो सकता है.
आश्वासन नहीं, स्थायी समाधान चाहिए- राहुल गांधी
राहुल गांधी ने रविवार (4 अक्टूबर) को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट करते हुए लिखा, बिहार में बाढ़ फिर कहर बनकर टूटी है. लाखों लोग प्रभावित हैं, सैकड़ों गांव डूबे हुए हैं. कई लोगों की मौत और लापता होने की खबर है. जिन परिवारों ने अपनों को खोया है, उनके प्रति मेरी गहरी संवेदना है. सबसे दुखद बात यह है कि बिहार में यह संकट नया नहीं है. हर साल बाढ़ आती है, मौतें होती हैं, परिवार उजड़ते हैं और लोग पलायन करते हैं. भाजपा की डबल इंजन सरकार बताए कि पिछले 17 साल में इस सालाना त्रासदी से निपटने के लिए क्या किया? जमीन पर क्या बदला? बिहार के लोगों को हर साल राहत और आश्वासन नहीं, स्थायी समाधान चाहिए.
बिहार में बाढ़ फिर कहर बनकर टूटी है। लाखों लोग प्रभावित हैं, सैकड़ों गांव डूबे हुए हैं। कई लोगों की मौत और लापता होने की खबर है। जिन परिवारों ने अपनों को खोया है, उनके प्रति मेरी गहरी संवेदना है।
सबसे दुखद बात यह है कि बिहार में यह संकट नया नहीं है। हर साल बाढ़ आती है, मौतें…— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) October 4, 2026
आपदा राहत के लिए भी पर्याप्त पैसा नहीं- तेजस्वी यादव
वहीं, तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि सरकार ने चुनावी घोषणाओं के चक्कर में राज्य का खजाना खाली कर दिया है. अब विभागों और आपदा राहत के लिए भी पर्याप्त पैसा नहीं है. तेजस्वी ने कहा कि बिहार कर्ज के सहारे चल रहा है. उनके मुताबिक, राज्य में महंगाई, बेरोजगारी और गरीबी पहले से गंभीर मुद्दे हैं और आने वाले समय में अपराध तथा कानून-व्यवस्था की स्थिति भी बिगड़ सकती है.
बीजेपी के विधायक संजय पांडेय ने तेजस्वी पर तंज कसते हुए कहा कि नेता पहले क्रिकेटर बने और अब भविष्य बताने वाले बन गए हैं. जिस तरह से वह बिहार को लेकर भविष्यवाणी कर रहे हैं, आने वाले दिनों में जरूर इनके पास कोई प्लानिंग है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और नीतीश कुमार के मार्गदर्शन में बिहार का विकास हो रहा है, भविष्य में भी होगा. बिहार अब पुराने दिनों को दोहराने वाला नहीं है. नीतीश कुमार जी के नेतृत्व में बिहार में बहुत विकास किया. अब सम्राट चौधरी जी के नेतृत्व में भी विकास हो रहा है. तेजस्वी यादव जिस तरह से दावा कर रहे हैं उससे लगता है कि भविष्य की कोई प्लानिंग कर रहे हैं. वह बिहार को रसातल में ले जाना चाहते हैं.
बिहार की सियासत गरमाई
राहुल गांधी को लेकर बिहार सरकार में मंत्री श्रवण कुमार ने कहा- 'उनसे कुछ होने वाला नहीं है। देश भर के लोग उनको पप्पू समझते हैं. उनकी न आवाज में दम है, न उनके काम में दम है और न उनकी पार्टी में दम है, कुछ दम नहीं है. वो कुछ नहीं कर पाएंगे। और हमारे नीतीश कुमार पर उल्टा-सीधा उनकी मम्मी बयान देती हैं. उनकी मम्मी को बूझना चाहिए कि नीतीश कुमार जी को उनके सर्टिफिकेट की जरूरत नहीं है.'
बता दें कि विपक्ष लगातार बिहार सरकार और केंद्र सरकार पर बाढ़ प्रबंधन को लेकर सवाल उठा रहा है. बिहार में कोसी, गंडक और बागमती नदियों में उफान के कारण सुपौल, सहरसा, दरभंगा, मुजफ्फरपुर समेत कई जिलों में स्थिति गंभीर बनी हुई है. कांग्रेस का कहना है कि पिछले 17 साल से बिहार में अधिकतर समय एनडीए की सरकार रही है, बावजूद इसके बाढ़ के स्थायी समाधान के लिए कोई ठोस योजना धरातल पर नहीं उतर पाई. हर साल राहत सामग्री और हवाई सर्वेक्षण तक ही सरकार सीमित रह जाती है. वहीं, भाजपा नेताओं का दावा है कि सरकार राहत और बचाव कार्य में पूरी तरह जुटी हुई है और केंद्र की ओर से हरसंभव मदद भेजी जा रही है.
इनपुट: आईएएनएस