SOCIAL MEDIA

Newsletter

PARTNER SITES
Select language

Bihar Flood: 9 नदियां, 12 जिले, 20 लोगों की मौत, बिहार में बाढ़ से 22 लाख से ज्यादा आबादी प्रभावित

बिहार में बाढ़ से हालात दिन-प्रतिदिन बेहद खराब होते जा रहे हैं. गंगा, गंडक, कोसी, पुनपुन और सोन समेत कई नदियों ने विकराल रूप अख्तियार कर रखा है. बाढ़ से 12 जिलों की 22 लाख से ज्यादा आबादी प्रभावित हो रखी है. नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने केंद्र सरकार से बिहार की बाढ़ को 'राष्ट्रीय आपदा' घोषित करने की मांग की है.

Written By K. Raj Mishra
Published: Sep 07, 2026, 08:05 AM IST | Updated: Sep 07, 2026, 09:02 AM IST
Image Credit: बिहार में बाढ़ से 22 लाख से ज्यादा आबादी प्रभावित (फाइल फोटो)
Join

बिहार में बाढ़ से हालात दिन-प्रतिदिन बेहद खराब होते जा रहे हैं. गंगा, गंडक, कोसी, पुनपुन और सोन समेत कई नदियों ने विकराल रूप अख्तियार कर रखा है. इनके जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है. जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि बाढ़ से भागलपुर, खगड़िया, मुंगेर, कटिहार, सारण, वैशाली, समस्तीपुर और पटना समेत 12 जिलों की 22 लाख से ज्यादा आबादी प्रभावित हो रखी है. कई इलाकों में बाढ़ का पानी आबादी और प्रमुख सड़कों तक पहुंच गया है. इस बीच अलग-अलग जिलों में पानी में डूबने से 20 लोगों की मौत की खबर है. प्रशासन की ओर से पटना, बेगूसराय, लखीसराय, मुंगेर, भागलपुर और कटिहार के नदी किनारे बसे इलाकों में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं.

बाढ़ से हर रोज बिगड़ रहे हालात

प्रदेश में बाढ़ की स्थिति लगातार बदल रही है. कहीं नदी का जलस्तर कम हो रहा है तो कहीं नए इलाकों में पानी पहुंच रहा है. गंडक नदी का पानी बढ़ने के बीच रिंग बांध तीन से चार जगह टूट गया है, जिसकी वजह से उत्तरी अकीलाबाद समेत आसपास के इलाके डूब गए हैं. इससे करीब 3 से 4 हजार लोगों के प्रभावित होने का दावा किया जा रहा है. राजधानी पटना में गंगा के जलस्तर में मामूली कमी दर्ज की गई तो पुनपुन और सोन नदी के उफान ने नई चुनौती पैदा कर दी है. खगड़िया में बाढ़ का असर केवल गांवों और घरों तक सीमित नहीं है. यहां गोगरी प्रखंड के तीन और परबत्ता प्रखंड के पांच सरकारी अस्पताल बाढ़ की चपेट में आ गए हैं. समस्तीपुर में गंगा का उफान लगातार बना हुआ है. भागलपुर में भी बाढ़ ने यातायात व्यवस्था को प्रभावित किया है. मुंगेर में महाने नदी के उफान ने भी मुश्किलें बढ़ा दी हैं. यहां नदी के तेज बहाव में डायवर्जन बह गया.

अब तक करीब 20 लोगों की जान गई

बाढ़ का पानी अब जानलेवा साबित हो रहा है. सारण जिले के सोनपुर में दो लोगों की डूबने से मौत हुई, जिनमें एक महिला भी शामिल है. वहीं, वैशाली जिले के राघोपुर में एक युवक और एक किशोर की पानी में डूबने से जान चली गई. इसी तरह से खगड़िया सदर प्रखंड के रहीमपुर में तीन साल के मासूम की डूबने से मौत हो गई. राजधानी पटना में एक मासूम समेत 3 लोगों की डूबने जान चली गई. इन घटनाओं ने बाढ़ प्रभावित इलाकों में खौफ और गम का माहौल पैदा कर दिया है.

गंगा ने बढ़ाई सबसे ज्यादा परेशानी

गंगा के आसपास बसे पटना, भोजपुर, सारण, वैशाली, भागलपुर, बेगूसराय, बक्सर, समस्तीपुर, मुंगेर, कटिहार और लखीसराय के निचले इलाकों में बाढ़ का असर अधिक देखने को मिल रहा है. इन क्षेत्रों में नदी का पानी बढ़ने के साथ निचले हिस्सों में रहने वाले लोगों की चिंता भी बढ़ गई है. सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, बाढ़ से प्रभावित 12 जिलों में 70 प्रखंड और 368 पंचायतें शामिल हैं. वहीं, बाढ़ से कुल प्रभावित आबादी का आंकड़ा 22.42 लाख तक पहुंच गया है. इतनी बड़ी आबादी के प्रभावित होने के कारण राहत व्यवस्था पर भी दबाव बढ़ गया है. इस कारण से अब राज्य में सामुदायिक रसोई केंद्रों की संख्या बढ़ाने की तैयारी की जा रही है.

अब रेल यातायात भी प्रभावित हुआ

बाढ़ के कारण सड़क और रेल यातायात प्रभावित हुआ है. पटना में गंगा, सोन और पुनपुन नदी का जलस्तर बढ़ने से रेलवे 10 ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है. इसके अलावा 10 ट्रेनों के रूट को डायवर्ट किया गया है. ट्रेनें रद्द होने से पटना जंक्शन पर यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा. कई जगहों पर गंगा नदी का जलस्तर खतरे के निशान को छूने के बाद संरक्षा को ध्यान में रखते हुए रेलवे ने कई महत्वपूर्ण रेलखंडों पर कॉशन (गति सीमा प्रतिबंध) लागू कर दिया है. बाढ़ प्रभावित लोगों के आवागमन के लिए 858 नावें संचालित की जा रही हैं.

तेजस्वी यादव ने केंद्र से मांगी विशेष सहायता राशि

उधर, नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने केंद्र सरकार से बिहार की बाढ़ को 'राष्ट्रीय आपदा' घोषित करने की मांग की है. उन्होंने केंद्र से राज्य के लिए 5,000 करोड़ रुपये की विशेष वित्तीय सहायता देने के साथ-साथ राहत और बचाव कार्यों के लिए वायु सेना के हेलीकॉप्टर उपलब्ध कराने की भी मांग की है. उन्होंने कहा कि बिहार का 76 फीसदी इलाका बाढ़ से प्रभावित है और 19 जिले गंभीर बाढ़ की चपेट में हैं. तेजस्वी ने इस आपदा से 20 लाख से अधिक लोग प्रभावित दावा किया है. पीएम मोदी पर तंज कसते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि अगर चुनाव का समय होता, तो वे निश्चित रूप से बिहार का दौरा करते.

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:

About the Author

कर्मराज मिश्रा ज़ी न्यूज (डिजिटल) टीम में बतौर चीफ सब एडिटर कार्यरत हैं. वे यहां देश-विदेश की राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर लिखते हैं. कानपुर यूनीवर्सिटी से पत्रकारिता में मास्टर की डिग्री हासिल करके IBN-7 न्यूज चैनल से इंटर्नशिप की. इसके बाद खबर फास्ट, नेशन लाइव और साधना न्यूज न्यूज चैनलों में काम करने के बाद डिजिटल का रुख किया और 2017 से 2020 तक हिंदुस्थान समाचार न्यूज एजेंसी में बतौर सीनियर सब एडिटर काम किया. इसके बाद News Nation, India Ahead के बाद वर्तमान में Z Media का हिस्सा हैं. मीडिया में 10 साल के कार्यकाल के दौरान यूपी, बिहार, छत्तीसगढ़ और दिल्ली विधानसभा चुनावों के अलावा 2019 और 2024 का लोकसभा चुनाव कवर किया है.
Read More

ZEENEWS TRENDING STORIES