शी जिनपिंग की अमेरिका यात्रा: व्हाइट हाउस के बाहर सीक्रेट सर्विस से क्यों भिड़ गए चीनी पत्रकार? खूब हुई धक्का-मुक्की
Chinese Media Clash with US Secret Service: चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के व्हाइट हाउस में राजकीय दौरे से ठीक पहले अमेरिकी सीक्रेट सर्विस और चीनी पत्रकारों के बीच झड़प हो गई. सीक्रेट सर्विस ने एक चीनी अधिकारी को बाहर निकालने की धमकी भी दे दी.
US Secret Service and Chinese Media Personnel Confrontation: चीन के राष्ट्रपति शी जिनिपिंग अपनी पत्नी पेंग लियुआन के साथ 11 साल बाद अमेरिका की राजकीय यात्रा पर पहुंचे हैं. राष्ट्रपति ट्रंप ने पहले प्रोटोकॉल तोड़कर एयरपोर्ट पर जाकर जिनपिंग दंपति को रिसीव किया. इसके बाद गुरुवार को उन्हें व्हाइट हाउस में राजकीय भोज दिया गया. इस दौरान व्हाइट हाउस के बाहर मेरिकी सीक्रेट सर्विस के अधिकारियों और चीनी प्रेस दल के सदस्यों के बीच झड़प हो गई.
धक्कामुक्की करते नजर आए चीनी पत्रकार
असल में जिनपिंग के दौरे को कवर करने के लिए साथ आए चीनी कैमरामैन कवरेज के लिए बेहतर जगह ढूंढ रहे थे. जिससे उन्हें शानदार व्यू मिल जाए. वहीं सिक्योरिटी वजहों से अमेरिकी सीक्रेट सर्विस के सादी वर्दी धारी जवान उन्हें आगे नहीं जाने दे रहे थे. इस पर दोनों में तकरार हो गई. जगह पाने के लिए चीनी पत्रकार धक्का-मुक्की करते नजर आए.
कवरेज के लिए मची अफरा-तफरी
'टेलीग्राफ' के पत्रकार कॉनर स्ट्रिंगर ने इस बारे में एक वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर शेयर किया, जो बाद में वायरल हो गया. इस पोस्ट में कॉनर ने बताया कि व्हाइट हाउस में शी जिनपिंग के आगमन से पहले कवरेज के लिए अफरा-तफरी मची.
सीक्रेट सर्विस ने अपनाया कड़ा रुख
उन्होंने लिखा कि जब सीक्रेट सर्विस के अधिकारियों ने सामने से हटने से इनकार कर दिया तो चीनी पत्रकार ऊंची आवाज में चीखते-चिल्लाते नजर आए. एक चीनी अधिकारी ने अपने मीडियाकर्मियों को बेहतर कवरेज दिलाने के लिए अमेरिकी सरकार की ओर से लाइव फीड में दखल देने की कोशिश की. जिससे व्हाइट हाउस के अधिकारी भड़क गए और उन्होंने उसे बाहर निकालने की धमकी दी.
वाशिंगटन में जिनपिंग का जबरदस्त विरोध
उधर वाशिंगटन पहुंचे जिनपिंग का शहर भर में विरोध हो रहा है. बड़ी संख्या में तिब्बती, उइगर, हांगकांग, ताइवानी, दक्षिणी मंगोलियाई और चीनी लोकतंत्र समर्थक कार्यकर्ताओं ने शहर में जगह-जगह प्रदर्शन कर जिनपिंग के खिलाफ नारे लगाए. वाशिंगटन डीसी में कई लोग विनी-द-पू (Winnie-The-Pooh) की वेशभूषा पहने हुए भी नजर आए. उन्होंने कहा कि जिनपिंग को चीन में राजनीतिक दमन, धार्मिक उत्पीड़न और अल्पसंख्यक समुदायों के प्रति बीजिंग के रवैये पर जवाब देना चाहिए.
बीजिंग के दमनकारी रवैये पर कार्रवाई की मांग
इन विरोध प्रदर्शनों को देखते हुए वाशिंगटन पुलिस को ज्यादा चौकसी बरतनी पड़ रही है. रूटीन पुलिस के अलावा खुफिया विभाग को भी प्रदर्शनकारियों पर नजर रखने के लिए तैनात किया गया है. हालांकि इससे प्रदर्शनकारियों पर खास प्रभाव नहीं पड़ रहा है. वे सोशल मीडिया के जरिए चीन के दमनकारी रवैये को दुनिया के सामने ला रहे हैं और तिब्बत, शिनजियांग और मंगोलिया में उसकी ओर से ढहाए जा रहे जुल्मों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.