प्रशांत महासागर में उठे सुपर टाइफून चांपी ने एशियाई देशों की जो चिंता बढ़ाई थी. वो कम नहीं हुई है. चांपी तूफान के चलते न सिर्फ ताईवान बल्कि कई देशों में तूफानी हवाएं और बारिश हो रही है. चांपी के चलते शुक्रवार को ताइवान में बंद हैं. शटडाउन के चलते जनजीवन प्रभावित होने की खबरें आ रही हैं. चांपी को 2026 में उत्तर-पश्चिमी प्रशांत क्षेत्र का सबसे शक्तिशाली और भयानक तूफान माना जा रहा है, जो सुपर टाइफून सिनलाकु की तीव्रता को भी पार कर चुका है. कुछ घंटों पहले इस तूफान की आंख बहुत बड़े दायरे में स्पष्ट रूप से दिख रही थी.
ताइवान के सेंट्रल वेदर एडमिनिस्ट्रेशन के बयान के मुताबिक, इस साल प्रशांत महासागर के सबसे शक्तिशाली तूफानों में से एक 'चांपी' के दायरे के पास करीब 191 किमी/घंटा की रफ्तार से तूफानी हवाएं चल रही थीं, जो अपने रास्ते में आने वाली हर चीज को साथ उड़ाकर ले जाने के लिए बेताब थी. ताइवान के मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, इस तूफान का दायरा लगभग 320 किलोमीटर था, जो ताइवान के ज्यादातर हिस्से को अपनी चपेट में लेने के हिसाब से काफी था.

ताइवान की उत्तर-पूर्वी काउंटी यिलान में भारी बारिश के साथ चल रही तूफानी हवाओं से बचाव के लिए रेत की बोरियां बांटीं गई थीं. इसके साथ, पानी और जमीन दोनों पर चलने वाली गाड़ियों (एम्फीबियस व्हीकल) और बचाव के लिए फुलाने वाली नावों को तैयार रखा गया है.
ताइवान में शुक्रवार को तूफान से होने वाली अनहोनी को टालने के लिए स्कूल, कॉलेज, दफ्तर, हाट-बाजार से लेकर शेयर बाजार तक सब बंद है. रेल नेटवर्क, फेरी सेवाएं, हवाई सेवाएं बंद हैं.
ताइवान में एक व्यक्ति की मौत हो गई और 100 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं. सरकारी बयान के मुताबिक, पहाड़ी इलाकों से लगभग 1,500 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है.
तटीय शहरों में इमरजेंसी सेवाओं की ओर से मोबाइल फोन पर भेजे गए अलर्ट में 150 किलोमीटर प्रति घंटा से भी तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी हुई थी, लेकिन तूफानी हवाओं की रफ्तार इससे भी ज्यादा होने की वजह से नुकसान ज्यादा हुआ.

ताइपे और आसपास के पहाड़ी इलाकों में इसके साइड इफेक्ट के चलते 3 फीट बारिश होने का अलर्ट जारी हुआ है, वहीं तटीय इलाकों में 6 मीटर से ऊंची लहरें उठने की चेतावनी दी गई है.
तूफान के अनुमानित रूट के मुताबिक, ताइवान के उत्तर-पूर्वी हिस्से से गुजरने के बाद ये उत्तर की ओर मुड़कर चीन के तट की ओर बढ़ रहा है. इसके शनिवार को बेहद शक्तिशाली तूफान के रूप में ताइवान के पूर्वी तट से टकराने की उम्मीद है.
चीन के फुजियान इलाके से भी चांपी की टक्कर हो सकती है, आखिर में दक्षिणी जापान की ओर चला जाएगा.
23 से 26 अक्टूबर के बीच पूर्वी तटीय इलाकों में तेज हवाओं और भारी बारिश का खतरा बना हुआ है.
हालांकि एक सूरत में चांपी के कहर से लोगों को राहत मिल सकती है, क्योंकि एक संभावना यह भी जताई जा रही है कि चांपी ताइवान के उत्तर-पूर्व में समुद्र के ऊपर उत्तर-पूर्व की ओर मुड़ जाए तो ये अपने आप धीरे-धीरे कमजोर पड़ सकता है.
'साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट' की रिपोर्ट के मुताबिक चीन ने चांपी के कहर से बचाव के लिए खास तैयारियां की हैं. हालांकि चीन ने फिलहाल एक भी फ्लाइट कैंसिल नहीं की है. जरूरत पड़ने पर कुछ घंटों बाद ऐसा फैसला लिया जा सकता है, इसलिए पैसेंजर्स को वेदर अलर्ट और फ्लाइट अपडेट देखकर ही घर से निकलने की सलाह दी गई है.
एशिया के प्रमुख जलवायु विशेषज्ञ ने चांपी को लेकर भीषण 'मानवीय आपदाओं' की चेतावनी जारी की थी. तूफानी हवाओं की रफ्तार के मामले में सुपर टाइफून 'चांपी' इस साल का दुनिया का सबसे शक्तिशाली तूफान बन गया है.
चीन के मौसम पूर्वानुमान केंद्र से जारी हुए बयान के मुताबिक माना जा रहा है कि 'चांपी' के चलते दक्षिण-पूर्वी समुद्री इलाकों, खासकर झेजियांग और फुजियान के तटीय प्रांतों, देश के आर्थिक विकास के इंजन शंघाई में भारी बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं.
इमरजेंसी सेवा विभाग ने लोगों से अपील की है कि लोग मौसम के ताजा अपडेट्स पर नजर रखने के साथ, अपने घरों की सुरक्षा सुनिश्चित करें. घर के आस-पास रेत की बोरियां रखें. घर का बाहरी ढांचां मजबूत करें. सरकारी सलाह में ये भी कहा गया है कि भूस्खलन/लैंडस्लाइड और फ्लैश फ्लड के संभावित खतरे से बचने के लिए पहाड़ों की ओर जाने से भी बचें.
झेजियांग प्रांत में 36 पैसेंजर फेरी रूटों पर सेवा बंद है. चीन के समुद्री क्षेत्र में चल रही 223 निर्माण परियोजनाओं के कामकाज को एहतियातन रोक दिया गया है. टूरिस्ट स्पॉट भी बंद कर दिए गए हैं.
चांपी इस साल जापान में आने वाला 30वां तूफान है. 2013 के बाद ये पहला मौका है, जब जापान में एक साल के दौरान इतने अधिक तूफान आए हैं. जापान में अलर्ट के बीच कई जगह बारिश और तेज हवाएं चल रही हैं.
जापान के ओकिनावा प्रांत के साकिशिमा द्वीप समूह में तूफान चांपी के पहुंचने की आशंकाओं के चलते जापानी मौसम विभाग ने तेज हवाओं, ऊंची लहरों और भारी बारिश को लेकर स्थानीय लोगों को सावधान रहने की सलाह दी है. यहां शुक्रवार शाम तक 24 घंटे के दौरान 200 मिलीमीटर तक बारिश होने का अनुमान है.
जापान में कई फ्लाइट्स रद्द हुई हैं. जापान में जापान एयरलाइंस और ऑल निप्पॉन एयरवेज ने गुरुवार से रविवार के बीच 100 से अधिक उड़ानें रद्द की हैं. इनमें भी ज्यादातर घरेलू उड़ानें हैं. अनुमान है कि इन उड़ानों के रद्द होने से 11,000 से ज्यादा पैसेंजर्स प्रभावित हुए हैं.
हांगकांग और फिलीपींस में भी चेतावनी जारी की गई है. फिलीपींस में चंपा तूफान को 'रोसाल' नाम दिया गया है. फिलहाल अभी तक किसी बड़ी अनहोनी की खबर नहीं आई है.