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Who is Xi Jinping Security Officer Zhou Hongxu? चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग की सुरक्षा व्यवस्था हमेशा से रहस्य के गहरे आवरण में ढंकी रही है. जिसके बारे में दुनिया महज अंदाजा लगाती रही है लेकिन कभी इसकी वास्तविकता नहीं जान पाई. अब अमेरिका की ओर से एक चूक की वजह से इस राज से पर्दा उठ गया है. न केवल जिनपिंग के सिक्योरिटी सिस्टम का खुलासा हुआ है बल्कि उनके सबसे बड़े सिपहसालार की पहचान भी उजागर हो गई है.
सीएनएन वर्ल्ड की रिपोर्ट के मुताबिक, हाल में जब जिनपिंग अमेरिका का राजकीय यात्रा पर गए तो राष्ट्रपति ट्रंप ने प्रोटोकॉल तोड़कर उनका हवाई अड्डे पर स्वागत किया. इस दौरान उनका राष्ट्रपति के सरकारी आधिकारिक आवास व्हाइट हाउस में राजकीय भोज दिया गया. इस भोज में शामिल होने वाले चीनी प्रतिनिधिमंडल के एक-एक सदस्य की डिटेल मांगकर गेस्ट लिस्ट तैयार की गई. जब यह लिस्ट पब्लिक में सार्वजनिक हुई तो जिनपिंग की सुरक्षा व्यवस्था के बारे में सबको पता चल गया.
इसके साथ ही चीन के सबसे महत्वपूर्ण और रहस्यमयी सुरक्षा अधिकारियों में से एक का राज सबके सामने आ गया.
रिपोर्ट के मुताबिक, लिस्ट में एक ऐसे व्यक्ति का नाम भी शामिल था. जो चश्मा पहने और साफ-सुथरे कटे बालों के साथ अक्सर चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ सार्वजनिक मौकों पर नजर आता था. उसके बारे में माना जाता था कि वह रहस्यमयी व्यक्ति चीन के सेंट्रल गार्ड ब्यूरो का डायरेक्टर झोउ हांगक्सु (Zhou Hongxu) हैं. यह पद अमेरिकी सीक्रेट सर्विस और भारत के एसपीजी चीफ के समकक्ष माना जाता है.
हालांकि, बीजिंग ने कभी भी झोउ के पद के बारे में आधिकारिक पुष्टि नहीं की और न ही उनके बारे में ज्यादा जानकारी दी. पर उसका यह राज आखिरकार दुनिया के सामने आ गया. व्हाइट हाउस की ओर से हाल में जिनपिंग के सम्मान में दिए गए राजकीय भोज के लिए चीनी मेहमानों की उनके आधिकारिक पदों के साथ सूची जारी की गई. इससे झोउ की आधिकारिक स्थिति की पुष्टि हो पाई है. दुनिया को पता चल गया कि झोउ हांगक्सु वाकई चीन के सेंट्रल गार्ड ब्यूरो का डायरेक्टर है.
इस राजकीय भोज में झोऊ ने माओ के अंदाज वाला बटन वाला सूट पहना था और वो अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो के ठीक पीछे खड़े थे. केवल यूएस विजिट ही नहीं, वे हाल में ब्रिक्स समिट के दौरान जिनपिंग के साथ दिल्ली में भी आए थे. उन्हें चीन के दो उप विदेश मंत्रियों के बीच बैठे हुए देखा गया था. हालांकि, उस दौरान उनकी पहचान उजागर नहीं की गई थी.
‘स्टडी टाइम्स’ के पूर्व उप संपादक देंग यूवेन के मुताबिक, चीनी सेंट्रल गार्ड ब्यूरो के चीफ सार्वजनिक समारोह में इस तरह बहुत कम ही नजर आते हैं. झोउ इस तरह पब्लिक दिखने वाले पहले शीर्ष सुरक्षा अधिकारी हो सकते हैं. उन्होंने संभावना जताई कि शी जिनपिंग उन्हें जानबूझकर पब्लिक प्लेटफार्म पर लेकर आ रहे हैं. अगर ऐसा है तो संभव है कि उन्हें बड़ी जिम्मेदारियां देने के लिए तैयार किया जा रहा है.
अगले साल चीनी कम्युनिस्ट पार्टी का राष्ट्रीय कांग्रेस सम्मेलन होने जा रहा है. प्रत्येक पांच साल में होने वाले इस सम्मेलन में अगले 5 वर्षों के लिए देश के शीर्ष पदों को मंजूरी दी जाती है. ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि झोउ को अगले साल कोई बड़ी जिम्मेदारी मिल सकती है.
अगर सेंट्रल गार्ड ब्यूरो की बात करें तो यह चीन के विशाल सुरक्षा तंत्र के सबसे गुप्त अंगों में से एक है. इसका काम चीन के शीर्ष नेताओं के साथ-साथ बीजिंग में बने झोंगनानहाई परिसर की सुरक्षा करना है, जहां पर जिनपिंग समेत देश का शीर्ष नेतृत्व निवास करता है.
चीनी सरकारी मीडिया के मुताबिक, यह ब्यूरो एक असाधारण संगठन है, जिसे पुलिस और सेना, दोनों की शक्तियां मिली हुई हैं. देश के शीर्ष नेतृत्व का इस एजेंसी पर गहरा विश्वास रहा है. इस ब्यूरो में काम करने वाले अधिकारियों के बारे में जानकारी बहुत कम ही पब्लिक डोमेन में डाली जाती है. खासकर शी जिनपिंग की सिक्योरिटी में लगे अफसरों के बारे में खास रहस्य बरता जाता है. यही वजह है कि जिनपिंग के साथ दिखने के बावजूद झोउ के बारे में आजतक अटकलबाजियां ही चल रही थीं.