दुनिया में विकास, विश्वास और शांति के लिए यूरोप की अपनी खास पहचान रही है. हालांकि, पिछले कुछ दिनों में यूरोप के 9 देशों में हालात बद से बदतर हो गए हैं. साल 2026 में यूरोप की कई राजधानियां सुलग रही हैं और हजारों की संख्या में लोग सड़क पर हैं. इसमें सबसे अधिक प्रभावित फ्रांस है, जहां पर एक स्कूल से शुरू हुआ प्रदर्शन हिंसक दंगों में बदल गया और खुद राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों को वीडियो जारी कर लोगों को शांति बनाए रखने की अपील करनी पड़ी.
दरअसल, यूरोप के कई देशों में बढ़ती महंगाई, महंगे मकान, कम वेतन, शिक्षा व्यवस्था में भ्रष्टाचार और सरकार की नीतियों के खिलाफ लोगों का गुस्सा भड़का है. इटली, स्पेन, पुर्तगाल, पेरिस और अल्बानिया समेत कई देशों में हजारों की संख्या में लोग प्रदर्शन कर रहे हैं. कुछ जगहों पर ये प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहे, लेकिन कहीं-कहीं हालात काफी बिगड़े. स्पेन में प्रदर्शनकारियों ने दुकानों से जमकर सामान लूटा, तो फ्रांस में भी पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प देखने को मिली.
यूरोप के अलग-अलग देशों में जारी प्रदर्शन के बीच अल्बानिया से शनिवार को एक ऐसी तस्वीर सामने आई, जिसने लोगों को को डरा दिया. स्पेन और फ्रांस में जहां प्रदर्शनकारी सड़कों पर हैं और दुकानों को लूट रहे हैं, तो अल्बानिया में विरोध-प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा बलों के खिलाफ पटाखों, स्मोक बम और आंसू गैस का इस्तेमाल किया. इसका एक ऐसा वीडियो सामने आया है, जिसको देखने के बाद आप सहम उठेंगे. वीडियो देखने के बाद ऐसा लग रहा, जैसे कोई मिसाइल दागी जा रही हो.
मिसाइलों के तरह छोड़े पटाखे... ये वीडियो यूरोपीय देश अल्बानिया का है, जहां पर प्रदर्शनकारी सड़कों पर है. प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा बलों के खिलाफ पटाखों, स्मोक बम और आंसू गैस का इस्तेमाल किया. #ParisRiots #Europe https://t.co/8dDMhjNgoh
— Abhinav Tripathi🇮🇳 (@abhinavthink) October 25, 2026
फ्रांस की राजधानी पेरिस के अलावा मार्सेई, लियोन, बोर्डों और लिमोज जैसे शहरों में भी विरोध प्रदर्शन देखने को मिल रहा है. पिछले कुछ दिनों में फ्रांस के अलग-अलग हिस्सों में बड़े प्रदर्शन देखने को मिले. पेरिस में लोगों ने महंगी दुकानों को लूट लिया, तो कुछ शहरों में दुकानों और मकानों को नुकसान पहुंचाया गया. एक रिपोर्ट के अनुसार, केवल फ्रांस में ढाई हजार से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है. इस दौरान हिंसक घटनाओं में पुलिस और प्रदर्शनकारी आमने-सामने नजर आए और फिर जमकर टकराव देखने को मिला. इस टकराव की घटना में सैकड़ों पुलिसकर्मियों के घायल होने की जानकारी भी सामने आई.
#WATCH | France | Protests Turn Violent as Demonstrators Clash with Riot Police in Paris; large numbers of people are protesting across France against the rising cost of living. (Source: Reuters) https://t.co/Mtj9w1EL1l
— ANI (@ANI) October 25, 2026
फ्रांस और अल्बानिया के अलावा इटली भी हिंसा की आग में जल रहा है. इटली के मिलान, रोम और ट्यूरिन शहर में हजारों की संख्या में युवा प्रदर्शन कर रहे हैं. सरकारी सेवाओं की खराब स्थिति और सरकार की नीतियों को लेकर नाराजगी प्रमुख वजहे हैं. मिलान में दुकानों में लूटपाट और हिंसा जैसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा बढ़ा दी है. शहर में अतिरिक्त सैनिक तैनात किए गए हैं. वहीं, हालात को रोकने और स्थिति नियंत्रित रखने के लिए 5,000 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है.
स्पेन की राजधानी मैड्रिड में बढ़ते मकान के किराए को लेकर लोग सड़कों पर हैं. इसके अलावा पेंशन व्यवस्था को लेकर भी प्रदर्शन जारी है. विरोध प्रदर्शन कर रहे लोगों को आशंका है कि पेंशन का निजीकरण किया जा सकता है, जिससे आर्थिक सुरक्षा प्रभावित होगी. स्पेन में यह प्रदर्शन ऐसे समय पर हुआ है, जब देश में चुनावी माहौल भी बन रहा है. उधर, पुर्तगाल में भी लोग सड़कों पर हैं. पुर्तगाल की राजधानी लिस्बन में हजारों लोग सस्ते मकानों और किफायती किराए की मांग कर रहे हैं.