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Attack on Turkiye Cargo Ship in Black Sea: रूस और यूक्रेन के बीच पिछले करीब साढ़े चार साल से जंग जारी है. दोनों मुल्कों में लाखों लोग मर चुके हैं और लाखों ही घायल हो गए. इसके साथ ही अरबों रुपये की संपत्ति का नुकसान भी उन्हें सहना पड़ा है. इसके बावजूद कोई भी झुकने को तैयार नहीं है. अब यह जंग एक नए दौर में पहुंचती दिख रही है. यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने दावा किया कि रूस ने ब्लैक सी में तुर्किये के एक कार्गो शिप पर ड्रोन अटैक किया. जिस पर भारतीय और अजरबैजानी क्रू मेंबर सवार थे. इस हमले में जहाज का कप्तान मारा गया. जबकि, 11 क्रू मेंबर सुरक्षित बचा लिए गए.
जेलेंस्की ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर पोस्ट लिखकर इस बारे में जानकारी दी. उन्होंने लिखा, 'ब्लैक-सी में तुर्किये के एक कार्गो शिप पर रूस ने 2 ड्रोन अटैक किए. यह जहाज यूक्रेन से मक्का भरकर इटली ले जा रहा था. इस जहाज पर भारती और अजरबैजानी क्रू मेंबर सवार थे. अटैक में कप्तान की मौके पर मौत हो गई और एक अन्य क्रू मेंबर गंभीर रूप से घायल हो गया. उस घायल व्यक्ति समेत 11 लोगों को जहाज से निकाल लिया गया है.'
यूक्रेनी राष्ट्रपति ने आगे लिखा, 'यह जहाज तटस्थ पानी में रोमानियाई सीमा के पास था. यूक्रेन ने स्थिति को शांत करने के लिए कई अहम कदम सुझाए हैं. कई दूसरे देशों ने भी इस बारे में अहम प्रस्ताव दिए हैं. लेकिन रूस इन सुझावों को मानने के बजाय लगातार नागरिक जहाजों पर हमले और आतंकी गतिविधियों का रास्ता चुन रहा है. दुनिया में खाद्य सुरक्षा बहाल करने के लिए रूस पर दबाव डाले जाने की जरूरत है और हर मुल्क को इसमें अपना योगदान देना चाहिए.'
रोमानिया के गृह मंत्रालय ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि उसके तटरक्षक बल को सुबह 11 बजे जहाज में आग लगने की सूचना मिली थी. इसके तुरंत बाद बचाव-राहत के लिए दो जहाज मौके की ओर रवाना किए गए. दोनों जहाजों ने प्रभावित क्रू मेंबर्स को रेस्क्यू करते हुए जहाज पर लगी आग बुझाई. प्रभावित जहाज की पहचान 'रोयाद मम्दोज़' (Royad Mammadov) के रूप में हुई है. तुर्किये के मालिकाना हक वाले इस जहाज पर सेंट किट्स एंड नेविस का झंडा लगा था.
बताते चलें कि ब्लैक-सी में रूसी हमले बढ़ने के बाद रोमानिया ने भी अपनी चौकसी बढ़ाई है. उसने इलाके में लड़ाकू विमान तैनात करने के साथ ही नौसैनिक बलों को मिशन में लगाया है. ये नौसैनिक बल ब्लैक-सी में बहती हुई समुद्री सुरंगों को नष्ट करने के काम में जुटे हैं.