CIA में रहते हुए बनाया फर्जी सीक्रेट मिशन, कमाए 19 अरब; सोने के बिस्कुट देख एजेंसियों की चौंधिया गईं आंखें
CIA Officer Scam In America: अमेरिका में एक पूर्व CIA ऑफिसर ने अपने ही देश में भ्रष्टाचार को अंजाम दिया. लालच में आकर अधिकारी ने लगभग 200 मिलियन डॉलर की धोखाधड़ी की. आरोपी ने अदालत में अपना जुर्म कबूल किया है.
World News: अमेरिका में CIA यानी सेंट्रल इंटेलिजेंस एजेंसी देश की नेशनल सिक्योरिटी से लेकर फॉरेन पॉलिसी और इंटेलिजेंस का काम संभालती है. वहां की सरकार विदेशी मामलों, आतंकवाद और डिप्लोमैसी से जुड़े बड़े-बड़े फैसले लेने के लिए इसी एजेंसी पर निर्भर रहती है. क्या हो अगर यही एजेंसी भ्रष्ट हो जाए तो?
बता दें कि अमेरिका में पूर्व CIA ऑफिसर ने कुछ समय की रईसी और पैसों के लिए अपने ही देश में बड़ा भ्रष्टाचार कर दिया. पूर्व ऑफिसर ने एक फर्जी मिशन बनाकर 194 मिलियन डॉलर ( लगभग 1,871.06 करोड़ रुपये) के सरकार धन में हेरफर कर दिया. उसने इन पैसों का इस्तेमाल फ्लोरिडा में आलीशान घर और 40 मिलियन डॉलर (लगभग 385.79 करोड़ रुपये) के गोल्ड बार खरीदने के लिए किया.
अमेरिका के अटॉर्नी जनरल टोड ब्लांच ने घटना पर दुख जताते हुए कहा,' फेडरल कर्मचारियों की जिम्मेदारी अमेरिकी लोगों की सेवा करना है, न कि खुद का फायदा उठाना. ट्रंप प्रशासन फेडरल सरकार में बर्बादी, धोखाधड़ी और गलत कामों को जड़ से खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है, जिसमें उन लोगों पर मुकदमा चलाना भी शामिल है, जो अमेरिकी टैक्सपेयर्स के साथ बेवकूफी भरी धोखाधड़ी करते हैं.'
पूर्व CIA ऑफिसर का भ्रष्टाचार
घटना को लेकर आरोपी डेविड रश ने वर्जीनिया के फेडरल कोर्ट में भ्रष्टाचार करने की बात स्वीकार की. उसने म से कम 194 मिलियन डॉलर की संपत्ति जब्त करने पर सहमति जताई, जिसमें 298 गोल्ड बार्स, 2 BMW कारें, 35 लग्जरी घड़ियां और फ्लोरिडा में 4 आलीशान घर शामिल हैं. आरोपी को अब उन्हें 20 साल तक की जेल की सजा सुनाई जा सकती है.
फर्जी सीक्रेट मिशन बना की धोखाधड़ी
'CBS न्यूज' की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रॉसीक्यूटर्स ने रश की ओर से किए गए कबूलनामे का डीटेल शेयर करते हुए बताया कि उसने सबसे पहले एक फर्जी सीक्रेट मिशन बनाया, जिसके तहत उसने एक फेक कंपनी के जरिए 145 मिलियन डॉलर के गवर्नमेंट फंड को ट्रांसफर किया और उन पैसों का इस्तेमाल फ्लोरिडा में कुछ घर खरीदकर उन्हें रीसेल करने के लिए किया. प्रॉसीक्यूटर्स ने ये भी बताया कि उसने गोल्ड बार खरीदने के लिए भी सराकर से जुड़ी जूठी कहानी रची. रश ने एक फर्जी अथॉरिटी बनाते हुए इससे जुड़े खर्चों को डायरेक्ट और अप्रूव किया. फाइलिंग में कहा गया कि उसने सोना खरीदने के लिए पहले कॉन्ट्रैक्टर्स और सब कॉन्ट्रैक्टर्स को राजी किया फिर खुद ही इसपर कब्जा कर लिया.
मास्टर मैनिपुलेटर निकला पूर्व अधिकारी
रश को मई 2026 में गिरफ्तार किया गया. FBI एजेंटों ने उनके घर पर तलाशी लेते हुए गोल्ड बार, 20 लाख डॉलर कैश और महंगी घड़ियां बरामद कीं. प्रॉसीक्यूटर्स ने बताया कि होल्डिंग कंपनी के अकाउंट में लगभग 38.6 लाख डॉलर बचे हुए हैं. 'CBS न्यूज' की रिपोर्ट के मुताबिक, रश ने अज्ञात ठेकेदारों को बताया था कि वह एक बेहद सीक्रेट प्रोजेक्ट पर काम कर रहे हैं और उन्हें कुछ अज्ञात लोगों को हाई वैल्यू वाली चीजें पहुंचानी हैं, जिसके बाद उन्होंने गोल्ड बार खरीदे. जनवरी 2026 में ठेकेदारों में से एक ने होल्डिंग कंपनी को 45 मिलियन डॉलर भेजे, यही लेन-देन वायर फ्रॉड के आरोप का आधार बना. जून 2026 में फेडरेल कोर्ट ने मामले की कार्यवाही के दौरान रश को हिरासत में रखने का आदेश दिया. सुनवाई के दौरान रश को मास्टर मैनिपुलेटर बताया गया, जिसने अपने पड़ोसियों से पायलट होने के बारे में झूठ बोला, अपने सहकर्मियों से झूठ बोला और अपने पद का फायदा उठाया.