मिशन 2027 के लिए यूपी कांग्रेस का 'सुपर प्लान': ए, बी और सी कैटेगिरी में बांटे गए जिला अध्यक्ष, निष्क्रिय नेताओं की होगी छुट्टी
UP Congress District Presidents List: उत्तर प्रदेश में नए प्रदेश नेतृत्व के गठन के बाद अब जिला और शहर अध्यक्षों की सूची जल्द जारी होने की संभावना है. सूत्रों के मुताबिक, मौजूदा जिला और शहर अध्यक्षों में से लगभग 50 प्रतिशत चेहरों को बदला जा सकता है.
विशाल सिंह/UP Congress Reorganisation 2026: उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनावों से पहले संगठन को मजबूत करने के लिए कांग्रेस पार्टी ने कमर कस ली है. राज्य में नए प्रदेश नेतृत्व के आ जाने के बाद अब लटकी हुई जिला और शहर अध्यक्षों की सूची जल्द जारी होने की उम्मीद बढ़ गई है. सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, मौजूदा जिला और शहर इकाइयों में से लगभग 50 फीसदी अध्यक्षों को बदला जा सकता है.
दिल्ली में होगी शीर्ष नेतृत्व की अहम बैठक
2027 के चुनावी समर में उतरने से पहले यूपी कांग्रेस अपनी जमीनी संरचना को पूरी तरह दुरुस्त करना चाहती है. इसके लिए दिल्ली से हर जिले में पर्यवेक्षक भेजे गए थे, जिन्होंने धरातल पर जाकर अपनी रिपोर्ट तैयार की थी. हालांकि, प्रदेश नेतृत्व में बदलाव की कवायद के चलते इस सूची को रोक दिया गया था. अब जबकि नेतृत्व परिवर्तन की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, तो इस सप्ताह के अंत में दिल्ली में पार्टी के शीर्ष नेतृत्व और राज्य के नेताओं के बीच एक बड़ी बैठक होगी, जिसमें पर्यवेक्षकों की रिपोर्ट और नए नेतृत्व की सिफारिशों पर अंतिम मुहर लगेगी.
ए, बी और सी वर्ग में बांटे गए नेता
संगठन पुनर्गठन से पहले कांग्रेस ने अपने जिला और शहर अध्यक्षों को काम के आधार पर तीन श्रेणियों में वर्गीकृत किया है.
'ए' कैटेगरी: इसमें उन अध्यक्षों को रखा गया है जो पार्टी के हर कार्यक्रम में सक्रिय भागीदारी निभाते हैं और दिन-रात काम कर रहे हैं। इन्हें अपने पद पर बरकरार रखा जाएगा.
'बी' कैटेगरी: इस श्रेणी में वे नेता शामिल हैं जो बैठकों और अभियानों में उपस्थित तो रहते हैं, लेकिन उनकी सक्रियता और जमीनी पकड़ थोड़ी कमजोर नजर आती है.
सी' कैटेगरी: इस वर्ग में पूरी तरह निष्क्रिय पाए गए अध्यक्षों को रखा गया है, जिन्हें नोटिस जारी कर पद से हटाया जाएगा.
मिशन 2027 के लिए संगठन की मजबूती जरूरी-कांग्रेस
कांग्रेस प्रवक्ता प्रखर सिंह के अनुसार, पार्टी उत्तर प्रदेश में पूरी ऊर्जा के साथ चुनावी तैयारियों में जुट गई है. नए नेतृत्व के साथ मिलकर पर्यवेक्षकों की रिपोर्ट पर अमल किया जा रहा है, ताकि राज्य के हर जिले में एक मजबूत और ऊर्जावान टीम खड़ी की जा सके जो जनता के मुद्दों पर मजबूती से लड़ सके.