जीवित महिलाएं भटक रहीं; 404 मृतकों के खातों में भेजी जा रही थी विधवा पेंशन; महिला कल्याण विभाग की बड़ी लापरवाही
Sambhal Widow Pension Fraud: संभल जिले में महिला कल्याण विभाग की एक बेहद हैरतअंगेज और गंभीर लापरवाही सामने आई है, जहां कागजों के हेरफेर में जीवित बुजुर्ग महिलाएं पेंशन के लिए पिछले 8 महीनों से दर-दर भटक रही हैं और 404 मृतक महिलाओं के साथ-साथ 58 अपात्रों के बैंक खातों में विधवा पेंशन की धनराशि लगातार भेजी जा रही थी.
सुनील सिंह/संभल: संभल जिले में महिला कल्याण विभाग की एक गंभीर लापरवाही सामने आई है. विधवा पेंशन योजना के सत्यापन (वेरिफिकेशन) के दौरान खुलासा हुआ है कि विभाग कागजों में दर्ज सैकड़ों मृतक और अपात्र महिलाओं के खातों में पेंशन की रकम भेज रहा था, जबकि वास्तविक जरूरतमंद बुजुर्ग महिलाएं महीनों से दफ्तरों के चक्कर काट रही हैं. ग्राम पंचायत और नगरपालिका परिषद द्वारा कराए गए सत्यापन में इस बड़े खुलासे के बाद हड़कंप मच गया है. मामले का संज्ञान लेते हुए यूपी सरकार में मंत्री गुलाब देवी ने जिलाधिकारी अंकित खंडेलवाल को पूरे प्रकरण की जांच कर भटक रही पात्र विधवाओं की पेंशन तत्काल बहाल करने और दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं.
404 मृतक और 58 अपात्रों के खातों में जाती रही पेंशन
ग्राम पंचायत और नगरपालिका परिषद द्वारा कराए गए सत्यापन में यह खुलासा हुआ है. रिपोर्ट के अनुसार, 404 मृतक महिलाओं और 58 अपात्रों के बैंक खातों में नियमित रूप से विधवा पेंशन की राशि भेजी जा रही थी. सत्यापन रिपोर्ट में केवल संभल ब्लॉक में सबसे अधिक 53 ऐसी विधवाएं मिलीं जो कागजों में पेंशन ले रही थीं, लेकिन वास्तव में उनकी मृत्यु हो चुकी थी.
जीवित महिलाओं को कागजों में दर्शाया 'मृतक'
एक तरफ मृतकों के खाते में पेंशन जा रही थी, वहीं दूसरी तरफ पंवासा क्षेत्र की नन्ही देवी और चंद्रवती जैसी बुजुर्ग विधवा महिलाएं पिछले 8 महीनों से पेंशन के लिए दर-दर भटक रही हैं. पंवासा की एक जीवित बुजुर्ग महिला को तो कागजों में 'मृतक' दर्ज करके उसकी पेंशन ही बंद कर दी गई. मुन्नी देवी का कहना कि 9 महीने से पेंशन नहीं आई है. जैसे-तैसे गुजारा कर रहे हैं.
खाते फ्रीज, नॉमिनी से होगी पेंशन की वसूली
मामला उजागर होने के बाद महिला कल्याण विभाग एक्शन में आया है. सभी 404 मृतक और 58 अपात्र लाभार्थियों के बैंक खातों को तत्काल प्रभाव से रोक दिया गया है. गलत तरीके से भेजी गई पेंशन राशि वापस लेने के लिए अब इनके नॉमिनी (वारिसों) से वसूली की प्रक्रिया शुरू की जा रही है.
राज्य मंत्री गुलाब देवी सख्त, दिए कार्रवाई के निर्देश
मामले का संज्ञान लेते हुए उत्तर प्रदेश सरकार में राज्य मंत्री गुलाब देवी ने विभाग की इस घोर लापरवाही पर कड़ा रुख अपनाया है. उन्होंने संभल के जिलाधिकारी अंकित खंडेलवाल को पूरे मामले की जांच करने, पीड़ित पात्र विधवा महिलाओं की पेंशन तुरंत बहाल करने और दोषी अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं. गुलाब देवी ने निर्देश देते हुए कहा कि फर्जी महिलाओं को देने वाली पेंशन बंद की जाए. कानून के हिसाब से दंड भुगतने के लिए दोषी तैयार रहें. उन्होंने कहा कि डीएम से बात करके कानूनी तरीके से कार्रवाई की जाएगी.
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