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UP Assembly Election 2027: उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनावों का बिगुल आधिकारिक घोषणा से पहले ही बज गया है. भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने राज्य की सभी 403 सीटों पर अपनी मजबूत पकड़ बनाने और दोबारा सरकार बनाने के लिए शीर्ष नेतृत्व की सीधी एंट्री का प्लान तैयार किया है. इस महा-रणनीति के तहत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चुनाव की घोषणा से पहले उत्तर प्रदेश के सभी 6 सांगठनिक प्रांतों को मथेंगे. उनके साथ-साथ गृह मंत्री अमित शाह, राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय नेतृत्व के दिग्गज नेता भी हर क्षेत्र में सांगठनिक बैठकें और रैलियां कर जमीनी कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाएंगे.
भाजपा के 'यूपी मथन'
6 प्रांतों में पीएम मोदी का मेगा शो
भाजपा के अवध, काशी, ब्रज, पश्चिम, कानपुर और गोरखपुर- इन सभी 6 क्षेत्रों में प्रधानमंत्री की विशाल जनसभाएं और रैलियां आयोजित की जाएंगी.
नवरात्रि से दीपावली के बीच सौगातों की बौछार
नवरात्रि से दीपावली के बीच पीएम मोदी के इन दौरों का खाका तैयार किया जा रहा है, जहां करोड़ों रुपये की विकास सौगातों के साथ चुनावी अभियान को धार दी जाएगी. वहीं, दूसरी तरफ भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व भी सांगठनिक बैठकों के जरिए एक-एक बूथ को सहेजने में जुट गया है.
केंद्रीय नेतृत्व का डेरा
प्रधानमंत्री की जनसभाओं के साथ-साथ केंद्रीय मंत्री और शीर्ष राष्ट्रीय पदाधिकारी सभी प्रांतों में जाकर सांगठनिक बैठकें लेंगे.
हारी हुई सीटों और 2027 के लक्ष्य पर नजर
2022 की हारी हुई सीटों और 2024 के कमजोर प्रदर्शन वाले बूथों को मजबूत कर फिर से प्रचंड बहुमत से सत्ता में वापसी का खाका खींचा गया है.
भाजपा का आधिकारिक पक्ष
"उत्तर प्रदेश देश की राजनीति की धुरी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी का यूपी से विशेष जुड़ाव है। चुनाव से पहले पीएम मोदी और केंद्रीय नेतृत्व का सभी 6 प्रांतों में जाना कार्यकर्ताओं में अभूतपूर्व ऊर्जा भरेगा। विकास की योजनाओं और मजबूत संगठन के दम पर भाजपा 2027 में फिर से इतिहास रचेगी।"
अवनीश त्यागी (प्रदेश प्रवक्ता, भाजपा उत्तर प्रदेश)
जानिए क्यों अहम है उत्तर प्रदेश?
403 विधानसभा सीटों वाला उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा राजनीतिक राज्य है. 2027 के चुनाव में भाजपा के सामने लगातार तीसरी बार सत्ता में वापसी की चुनौती होगी. यही वजह है कि पार्टी अभी से मिशन मोड में नजर आ रही है. राजनीतिक एक्सपर्ट्स का मानना है कि आने वाले महीनों में यूपी की राजनीति में भाजपा के शीर्ष नेताओं की सक्रियता काफी बढ़ सकती है और चुनावी माहौल धीरे-धीरे गर्म होता दिखाई देगा.
एक नजर में पढ़िए BJP का प्लान ....
यूपी के 6 संगठनात्मक क्षेत्रों पर विशेष फोकस
पीएम मोदी की सभी क्षेत्रों में रैलियों की तैयारी
केंद्रीय नेताओं की संगठनात्मक बैठकें
नवरात्रि से दीपावली के बीच बड़े कार्यक्रम
विकास परियोजनाओं के जरिए चुनावी संदेश
बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने की रणनीति