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विजय कुमार/नोएडा: नोएडा और ग्रेटर नोएडा में प्रदूषण का स्तर लगातार चिंताजनक बना हुआ है. शहर की हवा जहरीली होती जा रही है और लोगों को साफ हवा में सांस लेना भी मुश्किल हो रहा है. सुबह के समय जारी AQI के आंकड़े हालात की गंभीरता बयां कर रहे हैं.
नोएडा की बात करें तो यहां औसत AQI 319 दर्ज किया गया है, जो बेहद खराब श्रेणी में आता है.सबसे चिंताजनक स्थिति सेक्टर-62 की है, जहां एयर क्वालिटी इंडेक्स 423 तक पहुंच गया. यानी यहां की हवा गंभीर श्रेणी में दर्ज की गई है.
वहीं सेक्टर-116 में AQI 327, सेक्टर-39 में 317 और सेक्टर-110 में 310 रिकॉर्ड किया गया. सेक्टर-150 में भी AQI 300 दर्ज हुआ है. इसके अलावा सेक्टर-125 में 279 और सेक्टर-1 में 278 AQI रिकॉर्ड किया गया.
वहीं ग्रेटर नोएडा में भी प्रदूषण से राहत मिलती नजर नहीं आ रही. यहां औसत AQI 285 दर्ज किया गया है. नॉलेज पार्क-5 में AQI 309 तक पहुंच गया, जबकि शिव नाडर यूनिवर्सिटी में 284 और घोड़ी बछेड़ा में 282 AQI दर्ज किया गया.
AQI
सेक्टर-62 - 423
सेक्टर-116 - 327
सेक्टर-39 - 317
सेक्टर-110 - 310
सेक्टर-150 - 300
सेक्टर-125 - 279
सेक्टर-1 - 278
आंकड़े साफ बता रहे हैं कि नोएडा और ग्रेटर नोएडा के कई इलाकों में हवा की गुणवत्ता बेहद खराब स्थिति में पहुंच चुकी है. प्रदूषण का सबसे ज्यादा असर बच्चों, बुजुर्गों और सांस संबंधी बीमारियों से जूझ रहे लोगों पर पड़ सकता है.
ऐसे में सुबह और शाम के समय खुले में अनावश्यक निकलने से बचना, बाहर व्यायाम नहीं करना और जरूरत पड़ने पर मास्क का इस्तेमाल करना जरूरी है. फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर कब नोएडा और ग्रेटर नोएडा के लोगों को जहरीली हवा से राहत मिलेगी और कब उन्हें साफ हवा में सांस लेने का मौका मिलेगा.