ग्रेटर नोएडा में दिल दहलाने वाली वारदात, एक ही परिवार के 5 लोगों की मौत, नगला श्रीगोपाल गांव में हड़कंप
ग्रेटर नोएडा में एक ही परिवार के पांच लोगों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है. माता-पिता और तीन बच्चों की मौत से हड़कंप मचा हुआ है. प्रथम दृष्टया कुछ खाने से मौत होना बताया जा रहा है. सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल शुरू कर दी है.
ग्रेटर नोएडा के रबूपुरा थाना क्षेत्र से दिल दहलाने वाली खबर सामने आई है. यहां नगला श्रीगोपाल गांव में संदिग्ध परिस्थितियों में एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत हो गई है. मृतकों में पति, पत्नी और उनके तीन बच्चे शामिल हैं. प्रथम दृष्टया कुछ खाने से मौत होने की बात कही जा रही है. इस घटना से पूरे गांव में कोहराम मचा हुआ है.
पति-पत्नी और तीन बच्चों की मौत
जैसे ही इस घटना की सूचना पुलिस को मिली, वैसे ही बिना देरी पुलिस की टीम मौके पर पहुंच गई. पुलिस ने सभी शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है. नोएडा पुलिस ने बताय कि आज रबूपुरा पुलिस स्टेशन को सूचना मिली कि नगला श्रीपदम गांव में रहने वाले एक ही परिवार के पांच सदस्यों की मौत हो गई है. मृतकों में 37 साल के महेश, 35 साल की ललिता, 11 साल के लड्डू, 7 साल की मिष्टी और 3 साल का साक्षात शामिल है.
घटना की जांच में जुटी पुलिस
बताया जा रहा है कि परिवार ने आखिरी बार चाय पी थी और मैगी खाई थी. इसके बाद परिवार के पांचों लोगों की संदिग्ध परिस्थितियों में जान चली गई. हालांकि, अभी मौत की असली वजह स्पष्ट नहीं है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही इसका खुलासा हो पाएगा. फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं से घटना की जांच कर रही है और स्थानीय लोगों से पूछताछ में जुटी हुई है.
जेवर विधायक और एसपी भी मौके पर पहुंचे
कोतवाली पुलिस ने पांचों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. इस मामले में पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही मौत के कारणों का पता चल पाएगा. वहीं, जेवर विधायक धीरेंद्र सिंह और एसीपी जेवर भी घटनास्थल पर पहुंच गए हैं.
क्या बोली मृतक महेश की मां?
घटनास्थल पर एंबुलेंस और फूड एंड सेफ्टी विभाग की टीम को भी बुलाया गया. फील्ड यूनिट और फोरेंसिक टीम ने निरीक्षण किया और वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए हैं. पुलिस की शुरुआती पूछताछ में मृतक महेश की मां ने बताया कि परिवार के सदस्यों ने रात में नूडल्स खाए थे. इसके बाद उनकी मौत हो गई. इसी आधार पर प्रथम दृष्टया फूड पॉइजनिंग की आशंका जताई जा रही है.