विकेट कीपर बन किस्मत बदलना चाहते हैं यशस्वी जायसवाल: ODI टीम में एंट्री के लिए चली नई चाल, सफल होगा प्लान?
मुंबई के कप्तान सिद्धेश लाड ने खुलासा किया कि यशस्वी जायसवाल अपने खेल को और बेहतर बनाने की कोशिश कर रहे हैं और वो विकेट कीपिंग भी सीख रहे हैं. उनकी इस चाल से वसीम जाफर बिल्कुल खुश नहीं हैं.
टीम इंडिया के स्टार ओपनर यशस्वी जायसवाल टेस्ट में तो अपनी जगह स्थापित कर चुके हैं, लेकिन लिमिटेड ओवर फॉर्मेट में उन्हें नजरअंदाज किया जा रहा है. वो ODI टीम का हिस्सा भी होते हैं तो उन्हें प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं मिलती है. यशस्वी ने व्हाइट बॉल क्रिकेट में टीम इंडिया में एंट्री मारने के लिए नई चाल चली है. रणजी ट्रॉफी 2026-27 सीजन के आगाज से पहले मुंबई के कप्तान सिद्धेश लाड ने खुलासा किया कि यशस्वी जायसवाल अपने खेल को और बेहतर बनाने की कोशिश कर रहे हैं और वो विकेट कीपिंग स्किल भी सीख रहे हैं. मुंबई के कप्तान सिद्धेश लाड के अनुसार, वह अपनी स्किल्स को बेहतर बनाने और टीम की जरूरत के अनुसार अलग विकल्प तैयार करने के लिए ऐसा कर रहे हैं.
यशस्वी जायसवाल के इस नई चाल से भारत के पूर्व सलामी बल्लेबाज वसीम जाफर बिल्कुल खुश नहीं हैं. फर्स्ट क्लास क्रिकेट में 19 हजार से ज्यादा रन बनाने वाले जाफर के मुताबिक, यशस्वी को अपनी बैटिंग पर फोकस करने की जरूरत है.
जाफर की सलाह मानेंगे जायसवाल?
वसीम जाफर इस बात से खुश नहीं हैं कि यशस्वी जायसवाल ने 2026-27 रणजी ट्रॉफी सीजन से पहले विकेटकीपिंग शुरू कर दी है. जाफर ने युवा खिलाड़ी को चेतावनी दी कि यह कोई आसान स्किल नहीं है. उन्होंने इसे 'थोड़ा मजाक' और भारत की व्हाइट-बॉल टीमों में जगह बनाने की 'बेताब' कोशिश बताया. वसीम जाफर ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा,
"यह सुनकर मुझे भी हैरानी हुई. अगर आपने बचपन से विकेटकीपिंग नहीं की है, तो यह बहुत मुश्किल काम है. सबसे पहली बात, यह बहुत मेहनत वाला काम है. इसके अलावा, अगर वह शुरू भी करते हैं, तो उनकी जगह कहां होगी. ईशान किशन, संजू सैमसन और ऋषभ पंत हैं. मुझे यकीन है कि वह व्हाइट-बॉल क्रिकेट में ऐसा करना चाहते हैं. टेस्ट क्रिकेट में यह बहुत मुश्किल है.''
वसीम जाफर ने यशस्वी जायसवाल को सलाह दी कि वे इसके बजाय अपना ध्यान बल्लेबाजी पर केंद्रित रखें. उन्होंने आगे कहा, ''लेकिन मुझे लगता है कि यह थोड़ा मजाक जैसा है, क्योंकि अगर आपने बचपन से विकेट-कीपिंग नहीं की है, तो यह कोई आसान काम नहीं है. यह कोई ऐसी आसान स्किल नहीं है जिसे आप बहुत तेजी से सीख सकें. मुझे लगता है कि वह व्हाइट-बॉल टीमों में जगह बनाने के लिए थोड़ी जल्दबाजी कर रहे हैं. मुझे लगता है कि उन्हें रणजी ट्रॉफी और न्यूजीलैंड दौरे से पहले अपनी बैटिंग पर ध्यान देना चाहिए.''
द्रविड़-डिविलियर्स की राह पर जायसवाल?
राहुल द्रविड़ और एबी डिविलियर्स जैसे खिलाड़ियों ने अपने करियर के बीच में फुल-टाइम विकेटकीपिंग शुरू की थी, लेकिन जायसवाल के उलट, उन्हें एज-ग्रुप क्रिकेट में इसका कुछ अनुभव था. जबकि, यशस्वी जूनियर लेवल से ही बतौर ओपनर खेल रहे हैं. उनके लिए इस स्टेज पर विकेटकीपिंग का रोल निभाना कहीं से भी आसान काम नहीं है. हाल ही में, मुंबई के अंगकृष रघुवंशी ने विकेटकीपर के तौर पर जबरदस्त तरक्की की है और कोलकाता नाइट राइडर्स की पहली पसंद बन गए हैं.
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