यॉर्कर ने तोड़ा वेस्टइंडीज का सपना: श्रेयस अय्यर ने बताया कैसे भारत ने पलटा मैच? शाई होप ने खोली टीम की पोल
भारत ने तीसरे टी20 में वेस्टइंडीज को 14 रन से हराकर सीरीज में 2-1 की बढ़त बना ली. श्रेयस अय्यर ने मैच के बाद गेंदबाजों की तारीफ की, जबकि शाई होप ने अपनी टीम की हार की वजह बताई.
टीम इंडिया ने रविवार को इंदौर में खेले गए तीसरे टी20 इंटरनेशनल मैच में वेस्टइंडीज को 14 रन से मात देकर पांच मैचों की सीरीज में 2-1 से बढ़त बना ली है. इस T20I मैच में अभिषेक शर्मा ने 30 गेंदों में 69 रन बनाए. इसके बाद भारतीय गेंदबाजों ने 223 रनों के स्कोर का बचाव करते हुए वेस्टइंडीज को 209/7 के स्कोर पर रोक दिया और 14 रन से मैच जीत लिया. अर्शदीप सिंह ने 44 रन देकर 3 विकेट लिए, जबकि नमन धीर ने दो विकेट चटकाए.
अर्शदीप ने शानदार फॉर्म में चल रहे शाई होप को आउट किया और अन्य गेंदबाजों के साथ मिलकर यह सुनिश्चित किया कि वेस्टइंडीज के बड़े हिटर लगातार दूसरी बार लक्ष्य का पीछा न कर सकें. रविवार को होलकर स्टेडियम में वेस्टइंडीज के खिलाफ तीसरे T20I में 223 रन का बचाव करते हुए, भारत के कप्तान श्रेयस अय्यर ने अपने गेंदबाजों की साफ सोच और पक्के इरादों की तारीफ की. उन्होंने कहा कि सूखी गेंद ने उन्हें अपने प्लान पर टिके रहने में मदद की.
श्रेयस अय्यर ने बताया कैसे भारत ने पलटा मैच?
अर्शदीप सिंह ने 4 ओवर में 44 रन देकर 3 विकेट हासिल किए. अर्शदीप सिंह की अगुवाई में गेंदबाजों ने शानदार प्रदर्शन किया, खासकर डेथ ओवरों में यॉर्कर फेंकने में. भारत ने 14 रन से जीत हासिल की और पांच मैचों की सीरीज में 2-1 की बढ़त बना ली. श्रेयस ने मैच के बाद कहा, 'यह बहुत अच्छा था, क्योंकि गेंदबाज इस बात को लेकर काफी आश्वस्त थे कि वे क्या करना चाहते हैं. स्पष्टता साफ दिख रही थी. वे अपने काम को लेकर अटल थे और जब मैं उन्हें गेंद दे रहा था, तो हर गेंदबाज चुनौती के लिए तैयार था और आप यही तो चाहते हैं.'
कप्तान श्रेयस अय्यर ने जीत दिलाने वाली बल्लेबाजी की भी खूब तारीफ की, खासकर अभिषेक शर्मा के 69 रन, ईशान किशन के 37 रन और आखिर में प्रिंस यादव की 13 रन (नाबाद) की छोटी लेकिन अहम पारी की. श्रेयस अय्यर ने कहा, 'सच कहूं तो यह एक शानदार शुरुआत थी. अभिषेक ने पावरप्ले में वही किया जो वह करते हैं. ईशान किशन पिछले कुछ महीनों से बहुत अच्छा खेल रहे हैं. यहां तक कि प्रिंस ने आखिर में जो छोटी पारी खेली, वे रन बहुत अहम थे. वेस्टइंडीज को आप कभी हल्के में नहीं ले सकते. इसलिए हमें यह पक्का करना था कि हम कभी भी लापरवाह न हों. दोनों ही मैदान हाई-स्कोरिंग हैं, लेकिन यह जरूरी है कि हम अपनी प्रक्रिया और रूटीन पर टिके रहें और आक्रामक बने रहें.'
शाई होप ने खोली टीम की पोल
वेस्टइंडीज के कप्तान शाई होप ने कहा कि गेंदबाज और बेहतर कर सकते थे और ओस न होने की वजह से भी वे 209/7 के स्कोर तक ही पहुंच पाए. शाई होप ने कहा, 'ऐसी कई चीजें हैं जिन पर आप उंगली उठा सकते हैं. लेकिन क्रिकेट मैचों में जीत-हार का अंतर बहुत कम होता है. एक जीतने वाली टीम के तौर पर, आप अहम पलों को चुन सकते हैं.'
शाई होप ने कहा, 'शायद गेंदबाजी में हम और बेहतर कर सकते थे और हमने कुछ बाउंड्री जाने दीं. मेरा मानना है कि जिस तरह से हम खेल में वापसी कर पाए, वह काफी तारीफ के काबिल था.' शुरुआत से ही अगर आप उस पार्टनरशिप को देखें, तो वह बहुत खतरनाक थी, लेकिन रोस्टन की बदौलत हमें कुछ विकेट मिले और हमने मैच में वापसी की.'
यॉर्कर ने तोड़ा वेस्टइंडीज का सपना?
शाई होप ने कहा, 'ओस न होने का भी असर पड़ा. हमें लगा कि हमारी पारी के आखिर में गेंद थोड़ी ज्यादा स्विंग हो रही थी, लेकिन भारतीय गेंदबाजों को इसका श्रेय जाता है. उन्होंने बहुत अच्छी गेंदबाजी की और हमें दिखाया कि यॉर्कर कैसे फेंकते हैं. उन्हें इसका श्रेय मिलना चाहिए.'