)
सोशल मीडिया पर वायरल हुए दो वीडियो के बाद सिरोही पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कुल 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया है. पहले वीडियो में मोटरसाइकिलों पर सवार युवक स्कूटी सवारों के साथ मारपीट करते दिखाई दिए, जबकि दूसरे वीडियो में कुछ युवक तलवार और छूरी लहराकर डांस करते नजर आए. पुलिस ने दोनों मामलों की जांच कर आरोपियों की पहचान की और उन्हें गिरफ्तार कर लिया. मारपीट की घटना गुजरात के बनासकांठा जिले के अंबाजी थाना क्षेत्र की मिली, जबकि हथियार लहराने के मामले में आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की गई.
स्कूटी सवारों से मारपीट के मामले में 5 गिरफ्तार
पहले वायरल वीडियो में पांच युवक अलग-अलग मोटरसाइकिलों पर सवार होकर स्कूटी पर जा रहे लोगों के साथ मारपीट करते दिखाई दिए थे. जांच के दौरान घटना गुजरात के अंबाजी थाना क्षेत्र की निकली. इस मामले में पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है. पुलिस अब घटना के पीछे की वजह और मारपीट में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है.
तलवार और छूरी लहराकर डांस करने पर 3 गिरफ्तार
20 अक्टूबर को सामने आए दूसरे वीडियो में युवक तलवार और छूरी जैसे हथियार लहराते हुए डांस कर रहे थे. पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. उनके खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है. सार्वजनिक जगह पर हथियारों का इस तरह प्रदर्शन करना लोगों में डर पैदा कर सकता है और कानून-व्यवस्था के लिए परेशानी खड़ी कर सकता है.
CCTV फुटेज से आरोपियों तक पहुंची पुलिस
जिला पुलिस अधीक्षक अजेय सिंह राठौड़ के निर्देश पर आबूरोड रीको थाना पुलिस ने विशेष टीम बनाकर कार्रवाई की. आरोपियों की पहचान करने के लिए सैकड़ों CCTV कैमरों की फुटेज देखी गई. इसके साथ ही तकनीकी जानकारी और मुखबिरों की मदद ली गई. पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो की जांच के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने में मदद मिली.
किन धाराओं में हो सकती है सजा?
हथियारों से जुड़े मामले में आर्म्स एक्ट, 1959 की धारा 25 के तहत सजा हो सकती है, यदि जांच में बिना लाइसेंस हथियार रखने या उससे जुड़ा अपराध साबित होता है. कुछ परिस्थितियों में धारा 27 भी लागू हो सकती है. वहीं, मारपीट के मामले में घटना की प्रकृति और चोट के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2) (स्वेच्छा से चोट पहुंचाना) या अन्य संबंधित धाराएं लग सकती हैं. धारा 115(2) में सामान्य चोट पहुंचाने पर एक साल तक की कैद, 10 हजार रुपये तक जुर्माना या दोनों का प्रावधान है. हालांकि, वास्तविक धाराएं और सजा का फैसला जांच, सबूत और अदालत की कार्यवाही पर निर्भर करेगा.
Reporter - Sharad Tak