राजस्थान के जयपुर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर इस बार सर्दियों में भी फ्लाइट्स की कमी देखने को मिलेगी. प्रमुख शहरों के अलावा टियर-2 और टियर-3 श्रेणी के शहरों के लिए इस बार फ्लाइट्स शुरू नहीं की जा रही हैं. हवाई ईंधन की महंगाई ने फ्लाइट संचालन पर कैंची चला दी है. इससे यात्रियों को हवाई यात्रा के बहुत सीमित विकल्प मिल पा रहे हैं. अगर इस बार दिसंबर में रेत के धोरों के बीच न्यू ईयर सेलिब्रेट करने का प्लान कर रहे हैं और आपकी योजना यह है कि फ्लाइट से जैसलमेर जाकर एन्जॉय करेंगे, तो यह संभव नहीं होगा.
जैसलमेर के लिए इस बार सर्दियों में जयपुर से सीधी फ्लाइट नहीं मिलेगी. काशी विश्वनाथ के दर्शनों के लिए वाराणसी जाने वाले हवाई यात्रियों को भी झटका लगने वाला है. जयपुर से इस बार सर्दियों में वाराणसी की फ्लाइट भी नहीं मिलेगी. जैसलमेर या वाराणसी ही नहीं, बल्कि दर्जनभर शहरों के लिए इस बार सीधी फ्लाइट नहीं मिलेंगी. इसके पीछे सबसे बड़ा कारण विमानों के ईंधन का महंगा होना है. विमानों का ईंधन यानी एविएशन टरबारइन फ्यूल, एविएशन टरबाइन फ्यूल की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं. इस कारण एयरलाइंस के लिए मौजूदा शेड्यूल को ही चलाना मुश्किल हो रहा है. साथ ही एयरलाइंस नए शहरों के लिए फ्लाइट शुरू करने के बजाय पुराने रूटों पर ही कटौती कर रही हैं.
सुबह 9:20 बजे जैसलमेर जाने वाली फ्लाइट 6E-7675 बंद, इस बार नहीं चलेगी. सुबह 8:25 बजे वाराणसी की फ्लाइट SG-2958 पिछले पौने 2 साल से बंद, दोपहर 1:40 बजे अमृतसर जाने वाली फ्लाइट SG-2960 पिछले साल से बंद, जगन्नाथ पुरी के दर्शनार्थियों के लिए भुवनेश्वर की फ्लाइट फरवरी 2026 से बंद, अयोध्या के लिए सुबह 7:15 बजे की फ्लाइट SG-3421 मार्च 2024 से बंद, सुबह 8:40 बजे धर्मशाला की फ्लाइट SG-3441 भी करीब 4 साल से बंद है.
कई शहर ऐसे भी हैं, जहां के लिए छोटे विमानों के जरिए फ्लाइट संचालित की जा सकती हैं. पूर्व में स्पाइसजेट एयरलाइन 90 सीट क्षमता के क्यू-400 विमानों के जरिए ऐसे शहरों के लिए फ्लाइट संचालित करती थी, लेकिन अब स्पाइसजेट की एक भी घरेलू फ्लाइट जयपुर एयरपोर्ट से संचालित नहीं हो रही है. इसी तरह इंडिगो ने भी 78 सीट क्षमता के एटीआर-72 विमानों के जरिए फ्लाइट संचालन घटाया है.
भोपाल के लिए पिछले साल सर्दियों में फ्लाइट थी, लेकिन इस बार नहीं चलेगी. बरेली और पंतनगर के लिए वर्ष 2024 की सर्दियों में फ्लाइट थी. इस बार इन दोनों शहरों के लिए फ्लाइट संचालन की योजना नहीं है. आगरा के लिए ढाई साल से फ्लाइट संचालित नहीं हो रही, स्टार एयर की बेलगावी की फ्लाइट भी पिछले 8 महीने से बंद, लखनऊ, उदयपुर, चंडीगढ़ की फ्लाइट्स के फेरे भी कम हुए हैं.
फरवरी 2026 में एटीएफ की दर 94000 रुपए प्रति किलोलीटर थी. अब 1 लाख 37 हजार रुपए प्रति किलो लीटर एटीएफ की दर हुई. ईंधन महंगा होने से एयरलाइंस ने पर्यटन सीजन में भी फ्लाइट्स नहीं बढ़ाई गई.