निकाय चुनाव को लेकर पुलिस हाई अलर्ट! 46 हजार से ज्यादा जवान संभालेंगे मोर्चा, हर बूथ पर कड़ा पहरा
Rajasthan News: राजस्थान निकाय चुनाव के दोनों चरणों में सुरक्षा के लिए पुलिस ने बड़ा बंदोबस्त किया है. पहले चरण में 46,648 और दूसरे चरण में 54,533 जवान व अधिकारी तैनात होंगे. संवेदनशील बूथों पर अतिरिक्त फोर्स, मोबाइल टीमें और रिजर्व जाब्ता रहेगा.
Rajasthan Nikay Chunav: राजस्थान में होने जा रहे स्थानीय निकाय चुनाव को लेकर पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड पर है. चुनाव दो चरणों में होंगे. पहले चरण का मतदान 9 सितंबर और दूसरे चरण का मतदान 11 सितंबर को होगा. शांतिपूर्ण मतदान कराने के लिए दोनों चरणों में अलग-अलग पुलिस फोर्स तैनात की गई है. पहले चरण में 46 हजार 648 और दूसरे चरण में 54 हजार 533 पुलिसकर्मी व अधिकारी सुरक्षा संभालेंगे.
पहले चरण में 46 हजार से ज्यादा जवान तैनात
पहले चरण के मतदान के लिए प्रदेशभर में 46 हजार 648 जवानों और अधिकारियों को सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी दी गई है. इस चरण में कुल 6,930 पोलिंग बूथ हैं. हर पोलिंग बूथ पर 2 सुरक्षा जवान, 1 पुलिसकर्मी और 1 होमगार्ड तैनात रहेगा. इसके अलावा हर चौथे पोलिंग बूथ पर 1_4 का जाब्ता भी उपलब्ध रहेगा.
729 मोबाइल टीमें लगातार रखेंगी नजर
पहले चरण में सुरक्षा व्यवस्था पर नजर रखने के लिए 729 मोबाइल क्यूआरटी टीमें तैनात रहेंगी. इनके साथ 588 सुपरवाइजरी ऑफिसर भी लगाए गए हैं. इन अधिकारियों में इंस्पेक्टर से लेकर एसपी स्तर तक के अधिकारी शामिल हैं. हर 10 वार्ड पर एक सीनियर अधिकारी और पर्याप्त जाब्ता उपलब्ध रहेगा.
करीब 25 फीसदी बूथ संवेदनशील
चुनाव के दौरान करीब 25 फीसदी मतदान केंद्रों को संवेदनशील और अति संवेदनशील श्रेणी में माना गया है. ऐसे मतदान केंद्रों पर अतिरिक्त फोर्स तैनात की जाएगी. इसके अलावा नगर पालिका, जिला और रेंज स्तर पर अलग-अलग रिजर्व पुलिस फोर्स भी तैयार रखी गई है, ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत अतिरिक्त जवान भेजे जा सकें.
RAC की 75 कंपनियां संभालेंगी मोर्चा
सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए आरएसी की 75 कंपनियां भी तैनात रहेंगी. क्यूआरटी और ईआरटी की टीमें भी लगातार निगरानी करेंगी. डीआईजी कानून व्यवस्था अरशद अली के अनुसार संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त फोर्स लगाई गई है. पुलिस का मकसद मतदान के दौरान किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकना है.
दूसरे चरण में 54 हजार 533 जवान
दूसरे चरण के मतदान में पहले चरण के मुकाबले ज्यादा फोर्स तैनात की जाएगी. 11 सितंबर को होने वाले मतदान के लिए कुल 54 हजार 533 जवानों और अधिकारियों को सुरक्षा की जिम्मेदारी दी गई है. दूसरे चरण में 9,538 पोलिंग बूथ हैं. इसके लिए 994 मोबाइल पार्टियां और 529 सुपरवाइजर ऑफिसर तैनात किए गए हैं.
जयपुर-जोधपुर जैसे बड़े निकायों पर ज्यादा फोकस
डीआईजी अरशद अली ने बताया कि पहले चरण के मुकाबले दूसरे चरण में बड़े निकायों में मतदान होना है. इनमें जयपुर और जोधपुर नगर निगम जैसे बड़े क्षेत्र शामिल हैं. इसी वजह से दूसरे चरण में ज्यादा पुलिस फोर्स लगाई गई है. अलग-अलग निकायों में वार्डों की संख्या के हिसाब से रिजर्व फोर्स के साथ मोबाइल पार्टियां भी उपलब्ध रहेंगी.
पुलिस मुख्यालय से होगी निगरानी
मतदान के दिन सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी पुलिस मुख्यालय से की जाएगी. आईजी स्तर के अधिकारी पूरे चुनाव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था की मॉनिटरिंग करेंगे. पुलिस मुख्यालय का मानना है कि दोनों चरणों के मतदान के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. हर मतदान केंद्र पुलिस की सुरक्षा जद में रहेगा. किसी भी इलाके से अप्रिय घटना की सूचना मिलने पर पुलिस तत्काल कार्रवाई करेगी.