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हेलीकॉप्टर मंगाओ, शव नीचे लाओ: उदयपुरवाटी में अड़े संत, CM और गृह मंत्री से तुरंत हस्तक्षेप की मांग

Jhunjhunu News: झुंझुनूं के लोहार्गल धाम में 26 सितंबर से लापता संत सूरजदास जी महाराज का पार्थिव देह दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में मिला. संत समाज ने प्रशासन पर नाराजगी जताते हुए लोहार्गल बंद और जरूरत पड़ने पर रास्ता जाम की चेतावनी दी है.

हेलीकॉप्टर मंगाओ, शव नीचे लाओ: उदयपुरवाटी में अड़े संत, CM और गृह मंत्री से तुरंत हस्तक्षेप की मांग
Image Credit: संतों ने दी रास्ता जाम करने की चेतावनी.

Jhunjhunu News: झुंझुनूं जिले के उदयपुरवाटी स्थित प्रसिद्ध लोहार्गल धाम से बड़ी खबर सामने आई है. यहां बरखंडी बाबा मंदिर से 26 सितंबर से लापता चल रहे संत सूरजदास जी महाराज का पार्थिव देह सोमवार को दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में मिला. करीब दो दिन बाद संत का पार्थिव देह मिलने के बाद संत समाज और ग्रामीणों में पुलिस और प्रशासन की कार्यप्रणाली को लेकर नाराजगी बढ़ गई है. संतों ने ग्रामीणों के साथ मिलकर मंगलवार को लोहार्गल बंद का आह्वान किया है.

संतों ने कहा है कि यदि प्रशासन और पुलिस संत सूरजदास जी महाराज के पार्थिव देह को ससम्मान पहाड़ी से नीचे लाने की व्यवस्था नहीं करते हैं तो रास्ता जाम किया जाएगा. इसके साथ ही पूरे प्रदेश के संतों से भी मंगलवार को लोहार्गल पहुंचने का आह्वान किया गया है. संत समाज ने प्रशासन से तत्काल प्रभावी कदम उठाने की मांग की है.

दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में मिला पार्थिव देह
जिस स्थान पर संत सूरजदास जी महाराज का पार्थिव देह मिला है, वह एक किलोमीटर से अधिक ऊंचाई वाले दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में बताया जा रहा है. संत का पार्थिव देह दो-तीन दिन पुराना होने के कारण उसकी स्थिति भी खराब हो चुकी है. ग्रामीणों के पास शव को पहाड़ी से नीचे लाने के लिए पर्याप्त संसाधन नहीं हैं. प्रशासन की ओर से भी अब तक प्रभावी व्यवस्था नहीं हो पाने के कारण संत समाज और ग्रामीणों की नाराजगी बढ़ती जा रही है.

खाकी महाराज मंदिर में जुटे संत
घटना के बाद सोमवार देर शाम लोहार्गल स्थित खाकी महाराज मंदिर में क्षेत्र के कई संत एकत्र हुए. बैठक में संतों ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई. संतों ने कहा कि ग्रामीणों ने अपनी जान जोखिम में डालकर संत के पार्थिव देह को खोज निकाला, लेकिन प्रशासन उसे सम्मानपूर्वक नीचे लाने की व्यवस्था तक नहीं कर पाया.

संतों ने कहा कि यदि किसी बड़े नेता या उसके परिवार के सदस्य के साथ ऐसी घटना होती तो प्रशासन पूरी ताकत के साथ मौके पर पहुंच जाता. उन्होंने प्रशासन से मांग की कि जरूरत पड़ने पर हेलीकॉप्टर या किसी विशेषज्ञ रेस्क्यू टीम की मदद ली जाए और संत के पार्थिव देह को तत्काल पहाड़ी से नीचे लाया जाए.

मुख्यमंत्री और गृह मंत्री से हस्तक्षेप की मांग
बैठक में एक संत ने राजस्थान के मुख्यमंत्री और गृह मंत्री से घटना का तत्काल संज्ञान लेने की मांग की. उन्होंने कहा कि प्रशासन के पास हेलीकॉप्टर सहित कई तरह के सुरक्षा और रेस्क्यू संसाधन मौजूद हैं. ऐसे में किसी भी तरीके से संत का पार्थिव देह पहाड़ी से नीचे लाया जाना चाहिए.

संत ने बताया कि ग्रामीणों की एक टीम संत के पार्थिव देह तक पहुंच चुकी है. ग्रामीणों ने शव को बांधने सहित जरूरी कार्य भी किए, लेकिन प्रशासन की ओर से पूरे दिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई.

संतों ने सुरक्षा को लेकर उठाए सवाल
संतों ने सवाल उठाया कि अगर कोई साधु-संत ऐसी दुर्गम और निर्जन जगह पर भी सुरक्षित नहीं है तो आम आदमी की सुरक्षा को लेकर क्या स्थिति होगी. संत समाज ने प्रशासन से पूरे मामले को गंभीरता से लेने की मांग की है.

संतों और ग्रामीणों की प्रमुख मांग है कि सूरजदास जी महाराज के पार्थिव देह को जल्द से जल्द पहाड़ी की गहरी खाई से निकालकर ससम्मान नीचे लाया जाए. इसके साथ ही संत की मौत की निष्पक्ष जांच कराने की मांग भी की गई है.

हत्या का आरोप, जांच के बाद साफ होगी तस्वीर
संतों ने आरोप लगाया है कि संत सूरजदास जी महाराज की हत्या हुई है. उन्होंने घटना के जिम्मेदार लोगों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने की मांग की है. हालांकि, हत्या का कारण क्या है और इस घटना के लिए कौन जिम्मेदार है, यह पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा.

घटना के बाद संत समाज के आह्वान और ग्रामीणों के विरोध को देखते हुए प्रशासन और पुलिस भी सक्रिय हो गई है. अब प्रशासन के सामने सबसे बड़ी चुनौती दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र से संत के पार्थिव देह को सुरक्षित और सम्मानपूर्वक नीचे लाने की है. वहीं मंगलवार को प्रस्तावित लोहार्गल बंद और संतों के पहुंचने के आह्वान को देखते हुए क्षेत्र में स्थिति पर भी नजर बनी हुई है.

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Sandhya Yadav

Sandhya Yadav

लखनऊ यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में मास्टर्स की डिग्री हासिल करने वाली संध्या ने Zee News से पहले Newstrack और ETV Bharat जैसे प्रतिष्ठित डिजिटल न्यूज़ संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं. जमीनी खबरों की गहरी समझ रखने वाली संध्या ने राजस्थान विधानसभा चुनाव, पंचायत चुनाव, गहलोत-पायलट राजनीतिक संकट और कोविड-19 महामारी समेत कई बड़े और जटिल घटनाक्रमों की बेहतरीन कवरेज की है.आप संध्या यादव से सीधे SANDHYA.YADAV@zeemedia.com पर ईमेल के जरिए संपर्क कर सकते हैं. इसके अलावा राजस्थान की खबरों के रियल-टाइम अपडेट्स के लिए आप उनसे लिंक्डइन (https://in.linkedin.com/in/sandhya-yadav-5734ba144) पर भी कनेक्ट कर सकते हैं.
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