डूंगरपुर को स्वच्छ बनाने की पहल: सभापति ने बांटी गीले-सूखे कचरे की अलग-अलग बाल्टियां, स्वच्छता को लेकर किया जागरूक
Dungarpur News: डूंगरपुर नगरपरिषद ने शहर को स्वच्छ और हरा-भरा बनाने के लिए नई पहल शुरू की है. इसके तहत 2800 BPL परिवारों को गीले और सूखे कचरे के लिए अलग-अलग बाल्टियां वितरित की गईं. नगरपरिषद ने लोगों को घर से ही कचरा अलग करने के लिए जागरूक किया.
Dungarpur News: राजस्थान के डूंगरपुर शहर को स्वच्छ, सुंदर, स्वस्थ्य और हरा-भरा बनाने के संकल्प को धरातल पर उतारने के लिए डूंगरपुर नगरपरिषद की नव निर्वाचित सभापति सुशीला गुप्ता की ओर से एक महत्वपूर्ण पहल की गई है.
कचरा इकट्ठा करने के लिए गई दो अलग-अलग बाल्टियां वितरित
इस अभियान के तहत नगरपरिषद में विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें शहर के 2800 बीपीएल परिवारों को गीले व सूखे कचरे के अलग-अलग संग्रहण करने के बारे में जागरूक किया गया. वहीं गीला तथा सूखा कचरा अलग-अलग एकत्र करने के लिए दो अलग-अलग बाल्टियां वितरित की गईं. कार्यक्रम में सभापति सुशीला गुप्ता, आयुक्त ललित सिंह देथा सहित पार्षद मौजूद रहे.
बीपीएल परिवारों को कचरे के सही प्रबंधन के प्रति किया गया जागरूक
सभापति सुशीला गुप्ता ने कार्यक्रम में उपस्थित नागरिकों और बीपीएल परिवारों को कचरे के सही प्रबंधन के प्रति जागरूक किया. साथ ही उन्होंने ये भी बताया कि घर स्तर पर ही कचरे का सेग्रीगेशन स्वच्छ शहर की सबसे प्राथमिक शर्त है. उन्होंने लोगों से कहा कि रसोई का बचा खाना, सब्जी व फलों के छिलके और जैविक कचरा केवल गीले कचरे की बाल्टी में ही डालें. वहीं प्लास्टिक, कागज, गत्ता, कांच व अन्य सूखा कचरा सूखे कचरे वाली बाल्टी में डालकर इकठ्ठा करें.
गीले कचरे से तैयार की जाएगी जैविक खाद
नव निर्वाचित सभापति सुशीला गुप्ता ने बताया कि डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण गाड़ियों में भी अलग-अलग डिब्बे बने हुए हैं. घर से अलग-अलग इकट्ठा किया गया कचरा गाड़ियों में भी पृथक रूप से ही डाला जाना चाहिए. जिससे सूखा और गीला कचरा अलग रहे. संग्रहित गीले कचरे को "भंडारिया" स्थित प्रोसेसिंग प्लांट भेजा जाता है, जहां अत्याधुनिक मशीनों और समर्पित टीम द्वारा गीले कचरे को छांटकर उससे उच्च गुणवत्ता वाली जैविक खाद तैयार की जाती है. इस चक्र से पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ कचरे का वैज्ञानिक पुनर्चक्रण (Recycling) संभव हो पा रहा है.
जन भागीदारी से ही स्वच्छ व सुंदर बनेगा डूंगरपुर
सभापति सुशीला गुप्ता ने आमजन और नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि डूंगरपुर को सुंदर, स्वस्थ्य और हरा-भरा बनाने का सपना केवल सरकारी प्रयासों से पूरा नहीं हो सकता. इसके लिए प्रत्येक नागरिक की सक्रिय जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है. जब हर परिवार कचरा सेग्रीगेशन को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएगा, तभी डूंगरपुर देश के सबसे स्वच्छ शहरों में अपनी विशिष्ट पहचान बनाए रख पाएगा. कार्यक्रम के अंत में नगरपरिषद की ओर सभी बीपीएल परिवारों को निःशुल्क गीला व सूखा कचरे के लिए दो अलग-अलग बाल्टियों का वितरण किया गया.