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मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के गढ़ा में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र शास्त्री का दिव्य दरबार का आयोजिन किया गया. इस कार्यक्रम के दौरान हनुमान चालीसा की महिमा के बारे में लोगों को बताया. इतना ही नहीं उन्होंने कैप्टन स्मिथ मच्छर की जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा कि आज हमे गर्व है कि कैप्टन स्मिथ हनुमान जी के भक्त हैं और हनुमान चालीसा पढ़ते हैं.
इतना ही नहीं पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने कैप्टन स्मिथ और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच वीडियो कॉल के जरिए हुई बातचीत की भी जिक्र किया. पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि कैप्टन स्मिथ ने हनुमान चालीसा पाठ को लेकर जो बात कही है, उसको लेकर बहुत गर्व हो रहा है. आगे बताया कि जब जहाज क्रैश होने की स्थिति में था, तब 100 से ज्यादा लोग सवार थे.
धीरेंद्र शास्त्री ने की तारीफ
पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने आगे कहा कि कैप्टिन स्मिथ मच्छार ने अपने प्राणों की बाजी लगाकर उन 100 से ज्यादा लोगों की जान बचाई है, जो हवा में अपनी मौत से जूझ रहे थे. उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री ने जब वीडियो कॉल पर कैप्टन स्मिथ से पूछा कि आत्मविश्वास कैसे आया? आगे सवाल किया कि हवाई जहाज को कंट्रोल कैसे किया.
धीरेंद्र शास्त्री ने क्या कहा?
इस पर कैप्टन स्मिथ ने पीएम मोदी को बताया था कि जब जहाज नीचे गिरने लगा तो हमने हनुमान चालीसा का पाठ करना शुरू कर दिया था. हनुमान चालीसा के प्रभाव से हमें काफी आत्मविश्वास मिला. इसी आत्मविश्वास के दम पर इतने लोगों की जान बचा पाए. इसको लेकर धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि जो हनुमान जी की भक्ति करता है, उसके अंदर आत्मविश्वास की एक शक्ति प्रकट होती है.
जानिए क्या था पूरा मामला
दरअसल, 30 सितंबर 2026 का दिन था. फ्लाई दुबई की एक फ्लाइट (FZ1073) ने दुबई से तेल अवीव के लिए उड़ान भरी थी. इस फ्लाइट को भारतीय पायलट कैप्टन स्मिथ मच्छार और को-पायलट हमाम अलमामी ऑपरेट कर रहे थे. इसमें लगभग 100 से ज्यादा यात्री सवार थे. विमान जब 34,000 फीट की ऊंचाई पर उड़ रहा था, तभी अचानक पायलट पर को-पायलट ने हमला कर दिया.
पीएम मोदी से भी की बात
हमला करने के बाद विमान 34000 फीट की ऊंचाई से नीचे की तरफ तेजी से आने लगा. तभी भारतीय पायलट कैप्टन स्मिथ मच्छार ने साहस और सूझबूझ दिखाते हुए गंभीर घायल होने के बावजूद भी फ्लाइट को कंट्रोल कर 100 से ज्यादा यात्रियों की जान बचाई. इतना ही नहीं कैप्टन स्मिथ ने पीएम मोदी से वीडियो कॉल पर बात करने के दौरान अपनी आपबीती भी बताई.
कैप्टन स्मिथ ने क्या बताया?
कॉल के दौरान कैप्टन स्मिथ ने बताया कि वह रोजाना हनुमान चालीसा का पाठ करते हैं. जब को-पायलट के हमले के बाद वह कॉकपिट में खून से लथपथ हो गए थे, तभी उन्होंने हनुमान चालीसा का पाठ कर रहे थे. उन्होंने कहा कि बजरंगबली की कृपा और इसी पाठ से उन्हें अचानक हिम्मत मिली, जिसके बाद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोला. इस सूझबूझ के साथ इतने यात्रियों की जान को बचा पाए.