झारखंड में थम नहीं रहा छात्रों की मौतों का सिलसिला: 12 दिनों में 4 शव हॉस्टल के कमरे से मिले, रांची से गिरिडीह तक हाहाकार
एक के बाद एक छात्र की संदिग्ध मौत से झारखंड सहम गया है. रांची में किराए के कमरे में बीटेक छात्र का शव मिलने से सनसनी मच गई. वहीं, इससे पहले गिरिडीह में भी एक बीटेक छात्र की मौत हो गई थी. रांची में यह तीसरी घटना है.
झारखंड की राजधानी रांची के नामकुम थाना क्षेत्र में 14 अक्टूबर, 2026 दिन बुधवार को एक निजी विश्वविद्यालय के बीटेक छात्र का शव किराए के कमरे में फंदे से लटका मिला. 11 अक्टूबर को रांची के खेलगांव थाना क्षेत्र स्थित एक निजी हॉस्टल के कमरे में आईआईआईटी के एक छात्र का शव मिलने से पूरे परिसर में सनसनी मच गई थी. 2 अक्टूबर (शुक्रवार की शाम) प्रथमेश रायपुरे नाम के छात्र की मौत हो गई थी. 7 अक्टूबर को गिरिडीह में इंजीनियरिंग के एक 22 वर्षीय छात्र की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी. झारखंड में छात्रों की मौत से हड़कंप मच गया है. चलिए इन घटनाओं को बारे में विस्तार से जानते हैं.
रांची के नामकुम थाना क्षेत्र में बीटेक छात्र की मौत
मृतक की पहचान हजारीबाग जिले के पेटो गांव निवासी मनीष कुमार के रूप में हुई है. घटना राजाउलातू स्थित झारखंड राय यूनिवर्सिटी के पास की है. पुलिस इसे प्रथमदृष्ट्या आत्महत्या का मामला मान रही है. फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि छात्र ने यह कदम क्यों उठाया. पुलिस के अनुसार, मनीष झारखंड राय यूनिवर्सिटी में बीटेक की पढ़ाई कर रहा था और विश्वविद्यालय के पास एक किराए के कमरे में रहता था. वह पहले एक अन्य छात्र के साथ रहता था, लेकिन कुछ दिन पहले उसका रूममेट वहां से चला गया था. इसके बाद से मनीष कमरे में अकेला रह रहा था. बुधवार सुबह काफी देर तक कमरे का दरवाजा नहीं खुलने और अंदर से कोई हलचल नहीं होने पर आसपास के लोगों को संदेह हुआ.
इसके बाद कमरे में छात्र का शव फंदे से लटका मिला. घटना की सूचना पुलिस को दी गई. सूचना मिलते ही नामकुम थाना पुलिस मौके पर पहुंची. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. छात्र के परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है. पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि मनीष किन परिस्थितियों में रह रहा था और घटना के पीछे क्या वजह हो सकती है. इस सिलसिले में उसके दोस्तों और सहपाठियों से भी जानकारी जुटाई जा रही है.
आदित्य कुमार का शव छात्रावास के कमरे में मिला था शव
रांची में 4 दिनों के भीतर इंजीनियरिंग के छात्र की आत्महत्या का यह दूसरा मामला है. इससे पहले 11 अक्टूबर (रविवार रात) भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (ट्रिपल आईटी), रांची के प्रथम वर्ष के छात्र आदित्य कुमार का शव छात्रावास के कमरे में मिला था. उस घटना के बाद संस्थान के विद्यार्थियों ने विरोध प्रदर्शन किया था. केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति भी गठित की है. घटना के संबंध में मिली जानकारी के मुताबिक, आदित्य के कमरे का दरवाजा अंदर से नहीं खुला, तो उसके दोस्तों को किसी अनहोनी की आशंका हुई. कमरे का दरवाजा तोड़ा गया.
PhD छात्र प्रथमेश रायपुरे की मौत
2 अक्टूबर, 2026 शुक्रवार को भारतीय कृषि जैव प्रौद्योगिकी अनुसंधान संस्थान में PhD सेकंड ईयर के छात्र की प्रथमेश रायपुरे की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी. प्रथमेश रायपुरे महाराष्ट्र का रहने वाला था. वह यहां से PhD सेकंड ईयर की पढ़ाई कर रहा था. ध्यान दीजिएगा कि झारखंड की राजधानी रांची के खरसीदाग में भारतीय कृषि जैव प्रौद्योगिकी अनुसंधान संस्थान स्थित है.
गिरिडीह में इंजीनियरिंग छात्र की मौत
7 अक्टूबर, 2026 दिन मंगलवार को गिरिडीह में इंजीनियरिंग के एक 22 वर्षीय छात्र की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के शीतलपुर स्थित किराए के मकान में छात्र गंभीर हालत में मिला. मृतक की पहचान दुमका जिले के हंसडीहा थाना क्षेत्र के पगवारा निवासी सौरव राज के रूप में हुई. छात्र के पिता विनय कुमार दास ने बुधवार की सुबह गिरिडीह नगर थाना पहुंचकर पुलिस के समक्ष अपना बयान दर्ज कराया.
रिपोर्ट: आईएएनएस इनपुट के साथ