App

तिलक लगाओ, आधार दिखाओ... डांडिया में शामिल होने के लिए VHP ने जारी कीं शर्तें

गरबा-डांडिया आयोजनों को लेकर विश्व हिंदू परिषद ने गाइडलाइंस जारी कर दी हैं. जिसकी मुख्य शर्तें हैं कि जो भी शामिल होना चाहता है वो तिलक लगाए और आधार कार्ड जरूर दिखाए.

तिलक लगाओ, आधार दिखाओ... डांडिया में शामिल होने के लिए VHP ने जारी कीं शर्तें
Image Credit: AI के जरिए बनाई गई तस्वीर

महाराष्ट्र में नवरात्रि उत्सव को लेकर विश्व हिंदू परिषद (VHP) के एक निर्देश ने राजनीतिक और सामाजिक बहस तेज कर दी है. VHP ने अगले महीने होने वाले गरबा और डांडिया आयोजनों में मुस्लिमों के शामिल होने पर रोक लगाने का ऐलान किया है. संगठन ने आयोजकों के लिए कुछ ‘गाइडलाइन’ जारी करते हुए प्रोग्राम में आने वाले लोगों की हिंदू पहचान की जांच करने को कहा है. इन निर्देशों में आधार कार्ड की जांच और हाथ पर तिलक लगाने जैसे उपाय भी शामिल हैं. नवरात्रि 11 अक्टूबर से शुरू हो रही है. VHP के इस फैसले पर विपक्ष ने सवाल उठाए हैं.

विश्व हिंदू परिषद के प्रवक्ता श्रीराज नायर ने कहा,'हमारा स्पष्ट मानना है कि नवरात्री हमारी देवी की अराधना का पर्व है, नाकि नाच और गाने का पर्व. हम लोग नवरात्री में मां दुर्गा, मां अंबे की अराधना करते हैं, आरती करते हैं और जो समुदाय के लोग मूर्ति पूजा में यकीन नहीं रखते, हराम मानते हैं औरवैस यहां तक कहते हैं कि बुत-परस्ती करने वाले दो जख में जाएंगे. ऐसे लोग श्रद्धा से आते नहीं हैं.' उन्होंने आगे कहा कि इससे पहले भी कई ऐसी घटनाएं हुई हैं, जहां पर बहन बेटियों के साथ छेड़खानी या फिर वहां पर कोई उपद्रव करनी जैसी चीजें देखी गई हैं.

VHP

मां-बहन-बेटी को भी साथ लेकर आएं: VHP

जो मूर्ति पूजा नहीं करते, बुत-परस्ती नहीं करते, वंदे मातरम् नहीं बोलते, भारत माता की जय नहीं बोलते तो इन्हें क्यों इन आयोजनों में आना है. अगर इन्हें श्रद्धा है तो तिलक लगाएं, हाथ में कलावा पहनें और इन्हें अपने श्रद्धा स्थानों पर आयोजन करने चाहिए. उन्होंने आगे कहा कि हर बार ये लोग अकेले क्यों आते हैं? इन्हें चाहिए कि अपनी मां-बहन-बेटी को भी साथ में लेकर आया करें. अगर इन लोगों को देवी देवताओं में, मूर्ति पूजन को ये हराम मानते हैं, तो हम नहीं चाहते कि ये लोग भी हमारे आयोजनों में आकर दो जख में जाएं. नायर कहते हैं कि मुंबई एक बेहद संवेदनशील शहर है ऐसे में हमने पहले भी आयोजकों से कहा है कि शहर की सिक्योरिटी को ध्यान में रखते हुए हर आदमी का आधार कार्ड भी जरूर चेक करें.

आदित्य ठाकरे ने जताई नाराजगी

VHP की गाइडलाइन को लेकर शिवसेना (UBT) नेता आदित्य ठाकरे ने कहा,'ये लोग कौन होते हैं हमें हिंदुत्व का सर्टिफिकेट देने वाले? बात यह है कि चाहे दही-हांडी हो, नवरात्रि हो या गणपति का भव्य उत्सव... यहां के लोगों को देखिए; उनकी मुख्य पहचान यह है कि वे सभी मुंबईकर हैं. भाषा या जाति से परे, वे देवता के लिए आते हैं; वे किसी एक व्यक्ति के लिए नहीं आते. यह सबके लिए है.'

इस साल (2026) डांडिया और गरबा का मुख्य आयोजन शारदीय नवरात्रि के दौरान 11 अक्टूबर 2026 (रविवार) से 19 अक्टूबर 2026 (सोमवार) तक होगा. इसके अगले दिन यानी 20 अक्टूबर को विजयदशमी (दशहरा) मनाई जाएगी.

Add Zee News as a Preferred Source

About the Author

Tahir Kamran

Tahir Kamran

Zee News में नेशनल डेस्क पर देश–विदेश और राजनीति से जुड़ी खबरें लिखते हैं. करियर का आगाज 2015 से 'पंजाब केसरी' ग्रुप के उर्दू अखबार ‘हिंद समाचार’ से किया, जहां वे कंटेट राइटर से पेज डिजाइनर तक पहुंचे. इसके बाद उर्दू, हिंदी और पंजाबी - तीनों भाषाओं में काम करने का मौका मिला. 2018 में डिजिटल की तरफ कूच करते हुए पंजाब केसरी ग्रुप की उर्दू वेबसाइट की लॉन्चिंग टीम का नेतृत्व किया. इसके बाद 2020 में 'Zee Salaam' ज्वाइन किया, यहां भी वेबसाइट को लॉन्च करने के साथ-साथ तीन साल टीम का नेतृत्व भी किया. इसी दौरान ZEE Delhi NCR वेबसाइट भी लॉन्च हुई, जिसमें उनका अहम योगदान रहा. 2023 में India Daily Live की लॉन्चिंग टीम के साथ काम किया और शुरुआती दिनों में हिंदी के अलावा पंजाबी, तमिल, तेलुगु और गुजराती वेबसाइट टीमों को मैनेज किया. अक्टूबर 2024 में फिर से Zee Media में में वापसी करते हुए नेशनल टीम का हिस्सा बने. तकनीक में दिलचस्पी की वजह से उन्होंने React.js और वेब डिजाइनिंग सीखी. यही कारण है कि उनकी खबरों में HTML-CSS के छोटे-छोटे ग्राफिक्स दिख जाते हैं, जो मुश्किल बातों को भी आसान बना देते हैं. करियर की शुरुआत में कुछ दिनों तक फोटो स्टूडियो में भी काम किया, जहां कैमरा, Adobe Photoshop और ग्राफिक डिजाइनिंग सीखी, जो आज भी उनके डिजिटल काम में मदद करता है. उर्दू शायरी से प्यार अलग ही है. ग़ज़लें, नज़्में, गीत भी लिखते हैं और कई अखबारों में उनकी शायरी छप भी चुकी हैं. राहत इंदौरी, मुनव्वर राणा, अनवर जलालपुरी खुशबीर सिंह शाद और नवाज देवबंदी, माजिद देवबंदी  जैसे शायरों के इंटरव्यू व बातचीत का अनुभव भी उनके पास है. आप tahir.kamran@india.com पर सीधे ईमेल या फिर नीचे X और Facbook से जुड़ सकते हैं. 
Read More