प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 15 अक्टूबर यानी आज लद्दाख को करीब 3,350 करोड़ रुपये की 5 बड़ी सौगातें दी हैं. वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुए इस कार्यक्रम में उन्होंने लेह एयरपोर्ट के नए जियोथर्मल टर्मिनल, अहम सड़कों और पावर प्रोजेक्ट्स का लोकार्पण किया. इस दौरान पीएम मोदी ने आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ-साथ लद्दाख की नई पीढ़ी का भविष्य और पर्यावरण सुरक्षा सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता बताया है.
इन प्रोजेक्ट्स से सिर्फ स्थानीय लोगों को ही फायदा नहीं होगा, बल्कि लद्दाख घूमने जाने वाले टूरिस्ट्स का सफर पहले से काफी आसान और मजेदार होगा. पीएम मोदी ने कहा, 'आज लद्दाख की प्रगति और विकास में एक और अध्याय जुड़ रहा है. मुझे खुशी है कि मैं टेक्नोलॉजी के माध्यम से इस अवसर का हिस्सा बन रहा हूं. आज लद्दाख में कई अहम विकास परियोजनाओं का लोकार्पण हुआ है. इनसे कई लोगों का सफर आसान होगा, कहीं बिजली की सुविधाएं बेहतर होंगी, कहीं पानी की उपलब्धता बढ़ेगी और हमारी प्राचीन विरासत के संरक्षण को भी नई ताकत मिलेगी.'
Tomorrow, 15th October, I will inaugurate and dedicate to the nation development projects worth around ₹3,350 crore in Ladakh via video conferencing. These include: New Passenger Terminal Building at Kushok Bakula Rimpochee Airport, Leh. The Nimmu-Padum-Darcha Road, strengthening connectivity and strategic mobility. 9 MW Hanu Hydroelectric Project and power transmission infrastructure. India's first Petroglyph Conservation Park in Leh. 40 water bodies across 40 villages under Project Amrit Him Sarovar. These projects will strengthen connectivity, boost development, preserve the rich heritage and improve the quality of life of the people. https://t.co/lxu5A83SId
— Narendra Modi (@narendramodi) October 14, 2026
पीएम मोदी ने लद्दाख के लोगों को बधाई देते हुए कहा, 'मैं इन परियोजनाओं के लिए लद्दाख के सभी लोगों को बहुत-बहुत बधाई देता हूं. मैं इन प्रोजेक्ट्स में लगे सभी इंजीनियरों, श्रमिकों और स्थानीय साथियों को भी बधाई देता हूं. मैं बीआरओ के साथियों की भी विशेष सराहना करता हूं.'
प्रधानमंत्री ने लेह के कुशोक बकुला रिम्पोची हवाई अड्डे के नए पैसेंजर टर्मिनल भवन का उद्घाटन किया. उन्होंने ही कुछ समय पहले इसकी आधारशिला रखी थी. पीएम मोदी ने कहा, 'भारत में जियोथर्मल हीटिंग की सुविधा वाला ये देश का पहला एयरपोर्ट टर्मिनल है, हमारा प्रयास है कि लद्दाख में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास हो और यहां के पर्यावरण का भी पूरा ध्यान रखा जाए.'
Watch: Prime Minister Narendra Modi says, "Commercial flower cultivation is also being promoted in the high-altitude areas of Ladakh. Friends, Ladakh’s cultural heritage is a precious treasure of our country. Preserving and protecting its ancient monasteries, Buddhist traditions and festivals for future generations is our collective responsibility..."
— IANS (@ians_india) October 15, 2026
यह टर्मिनल लगभग 650 करोड़ रुपये की लागत से बना है. तकरीबन 23,800 वर्ग मीटर में फैला है. लद्दाख की कठोर जलवायु को ध्यान में रखते हुए इसके निर्माण में जियोथर्मल टेक्नोलॉजी के साथ-साथ सोलर एनर्जी का भी यूज किया गया है. इससे हवाई अड्डे की सालाना यात्री क्षमता 10 लाख से बढ़कर 35 लाख हो जाएगी, जबकि फ्लाइट्स की संख्या भी तीन गुना तक बढ़ सकती है. प्रधानमंत्री मोदी का कहना है, इस आधुनिक एयरपोर्ट टर्मिनल से लद्दाख में टूरिज्म सेक्टर को भी नई ऊर्जा मिलेगी.
जिन अन्य परियोजनाओं का उद्घाटन किया गया, उनमें निम्मू-पदुम-दारचा सड़क भी शामिल है, जिसे लद्दाख के लोगों को समर्पित किया गया है. इस सड़क पर करीब 2,500 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं. इसका निर्माण सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) ने किया है. इसे लेकर पीएम मोदी ने कहा, 'पहले जिस सफर में करीब 12 घंटे लगते थे, वह अब लगभग 3 घंटे में पूरा हो सकेगा. इससे यात्रा का समय भी बचेगा और इस रोड से व्यापार और कारोबार को भी अधिक मदद मिलेगी.' यह सड़क लेह के निम्मू को हिमाचल प्रदेश के दारचा से जोड़ती है और बीहड़ जांस्कर घाटी से होकर निकलती है. जब यह शुरू होगी तो लद्दाख जाने वालों को एक नया और बेहतरीन विकल्प मिल जाएगा.
पीएम मोदी ने बताया, पहले उन्हें श्रीनगर और लेह को जोड़ने वाली पावर ट्रांसमिशन लाइन की आधारशिला रखने और उद्घाटन का सौभाग्य मिला था और आज सानोक हाइड्रोइलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट और उससे जुड़ी ट्रांसमिशन लाइन का भी उद्घाटन किया गया है. सरकार का विशेष ध्यान लद्दाख की नई पीढ़ी पर है, यहां के युवाओं को अच्छी शिक्षा मिले, नई टेक्नोलॉजी सीखने का अवसर मिले और उन्हें दूसरे शहरों पर निर्भर न रहना पड़े, लेह में इसलिए एक बड़ा सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बन रहा है.
पीएम मोदी ने बताया, आईआईटी जम्मू और आईआईएम जम्मू के सैटेलाइट कैंपस स्थापित करने के प्रस्ताव भी आगे बढ़ाए जा रहे हैं. इनसे उच्च शिक्षा, रिसर्च और नई स्किल्स के लिए लद्दाख के युवाओं को अपने क्षेत्र में ही बेहतर अवसर मिल सकेंगे.
लद्दाख में खेलों की संभावनाओं पर बात करते हुए पीएम मोदी ने कहा, 'यहां के युवाओं ने आइस हॉकी, विंटर स्पोर्ट्स और पर्वतारोहण जैसे क्षेत्रों में अपनी विशेष पहचान बनाई है. मुझे खुशी है कि लद्दाख में नई स्पोर्ट्स पॉलिसी के माध्यम से खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं. हमारा प्रयास है कि यहां के युवाओं को बेहतर ट्रेनिंग और सुविधाएं मिलें और वह राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई उपलब्धियां हासिल करें.'