सेहत से समझौता नहीं: महाराष्ट्र में नहीं बिकेंगे खुले मसाले, जालना में डोमिनोज पिज्जा आउटलेट पर चला FDA का चाबुक
महाराष्ट्र में FDA ने खुले मसाला पाउडर की बिक्री पर रोक लगा दी है. इसके अलावा अब मसालों को सार्वजनिक जगहों, डामर की सड़कों, नालियों के पास, कचरे के ढेरों या पशुओं के बाड़ों के पास नहीं सुखाया जा सकता.
खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने महाराष्ट्र में मिलावटी खाद्य पदार्थों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई अब खुले हुए मसालों की बिक्री पर पाबंदी लगा दी गई है. एफडीए के आयुक्त तुकाराम मुंढे ने राज्य में मसालों के उत्पादन, भंडारण, परिवहन और बिक्री को लेकर नई गाइडलाइन जारी करते हुए इसकी घोषणा की. उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य को होने वाले खतरों को देखते हुए खुले मसालों की बिक्री पर प्रतिबंध लगाया जा रहा है. सभी विक्रेताओं के लिए उत्पादों की पैकेजिंग और लेबलिंग अनिवार्य है. इतना ही नहीं अब मसालों को सार्वजनिक जगहों, डामर की सड़कों, नालियों के पास, कचरे के ढेरों या पशुओं के बाड़ों के पास नहीं सुखाया जा सकता.
मुंढे ने कहा कि मसालों को रखने की जगह साफ और सूखी होनी चाहिए, और वहां कोई खतरनाक केमिकल, कृत्रिम रंग या जहरीले पदार्थ नहीं होने चाहिए. सभी मसाला निर्माताओं, वितरकों, खुदरा विक्रेताओं और होटल व्यवसायियों के पास वैध लाइसेंस होना चाहिए. साथ ही, उन्हें यह भी सुनिश्चित करना होगा कि उनके कर्मचारियों को सुरक्षा से जुड़ी उचित ट्रेनिंग दी गई हो. उन्होंने बताया कि मसालों में कृत्रिम रंग, सिंथेटिक केमिकल, लकड़ी का बुरादा या अन्य बाहरी मिलावटी चीजें मिलाने पर सख्त सजा दी जाएगी.
'लोगों की सेहत से समझौता नहीं'
तुकाराम मुंढे ने कहा कि पिछले कुछ महीनों में एफडीए ने मिलावटी पनीर, दूध, होटलों और रेस्तरां, स्कूल कैंटीन में मिलने वाले घटिया खाने और खाना पकाने के तेल को लेकर बड़े पैमाने पर जांच की. इसमें कई जगहों पर खाद्य पदार्थों में मिलावट पाई गई. मुंढे ने मिलावटखोरों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई किए जाने की बात कही. उन्होंने कहा कि लोगों की सेहत को देखते हुए ऐसे मसालों को बेचना प्रतिबंधित है जिनसे जरूरी तेल निकाल लिए गए हैं, या जो घटिया गुणवत्ता के हैं. एथिलीन ऑक्साइड का इस्तेमाल भी पूरी तरह से प्रतिबंधित है.
दोषियों पर होगी कड़ी कार्रवाई- FDA
तुकाराम मुंढे ने चेतावनी दी कि इन नए नियमों का उल्लंघन करने पर तुरंत व्यापार लाइसेंस रद्द कर दिया जाएगा. उन्होंने कहा कि नियम तोड़ने वाले व्यवसायों और विक्रेताओं पर 'खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम (2006)' के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी, जिसमें भारी जुर्माना और जेल की सजा हो सकती है. मुंढे ने जोर देकर कहा कि हम पूरे महाराष्ट्र में 'सेफ फूड, सेफ ड्रग्स' अभियान चला रहे हैं. उपभोक्ताओं की सेहत के साथ खिलवाड़ करने वालों के लिए हमारी तरफ से कोई नरमी नहीं बरती जाएगी.
जालना में डोमिनोज पिज्जा आउटलेट पर कार्रवाई
उधर, FDA ने 'फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स एक्ट' के नियमों का उल्लंघन करने के कारण जालना शहर में स्थित डोमिनोज पिज्जा आउटलेट के फूड लाइसेंस को सस्पेंड कर दिया है. फूड सेफ्टी अधिकारियों की ओर से किए गए औचक निरीक्षण में डोमिनोज पिज्जा आउटलेट में साफ-सफाई और खाद्य सुरक्षा से जुड़ी कई कमियां पाई गईं. नियमों का पालन स्तर केवल 63 प्रतिशत होने के कारण, अगले आदेश तक लाइसेंस को सस्पेंड कर दिया गया है. जांच में पता चला कि शाकाहारी और मांसाहारी पिज्जा को एक ही ओवन और एक ही पैन में तैयार किया जा रहा था. निरीक्षण में यह भी पाया गया कि कर्मचारियों के पास एप्रन, दस्ताने और सिर ढकने वाले कवर जैसे जरूरी सुरक्षा उपकरण नहीं थे.
इनपुट- आईएएनएस