भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) के महानिदेशक शत्रुजीत सिंह कपूर का बड़ा बयान सामने आया है. उन्होंने अरुणाचल प्रदेश में 'लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल' (LAC) के पास बढ़ते तनाव की पुष्टि की है. ITBP महानिदेशक की ओर से कहा गया कि अरुणाचल में कई जगहों पर फेस-ऑफ की स्थिति बनी हुई है और ITBP के हमारे सभी जवानों ने अच्छा काम किया. अभी भी चीन के साथ आमना-सामना जारी है.
दरअसल, इसी साल जुलाई के बाद सीमा पर बढ़ते टकराव की यह पहली आधिकारिक पुष्टि है. आईटीबीपी चीफ की ओर से बताया गया कि साल 2027 के अंत से पहले पूरी फोर्स की सभी इकाइयों में स्ट्राइक ट्रेनिंग (हमले से जुड़ी ट्रेनिंग) पूरी कर ली जाएगी. इसके अलावा उन्होंने कहा कि गलवान जैसी स्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सभी अग्रिम सीमा चौकियों पर आवश्यक उपकरण लगाने पर जोर है.
बता दें गुरुवार को राजस्थान के अलवर में ITBP कर्मियों के लिए आयोजित वार्षिक सम्मान समारोह 'हिमवीर सम्मान समारोह' में उन्होंने कहा कि अरुणाचल प्रदेश सीमा पर चल रहे टकराव में बल के कमांडो सक्रिय रहे हैं. उन्होंने कहा कि जुलाई के बाद पूर्वोत्तर सीमा पर बढ़ते तनाव के स्तर के बाद यह पहली आधिकारिक पुष्टि है. आईटीबीपी के बयान के मुताबिक, अरुणाचल प्रदेश में सीमा के कई स्थानों पर चीनी सैनिकों के साथ आमना-सामना (टकराव) जारी है.
इस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए आईटीबीपी चीफ ने कहा कि हमारे हाल में ही गठित शौर्य कमांडो ने इसमें बेहतरीन काम किया है. उन्होंने बताया कि ITBP को एक 'माउंटेन गुरिल्ला फोर्स' के रूप में भी गठित किया गया था और साल 2004 में हमें चीन के साथ लगती सीमा पर सुरक्षा की जिम्मेदारी सौंपी गई थी. हमें अपना मूल काम छोड़ने की जरूरत नहीं है.
आईटीबीपी चीफ ने बताया कि सेना से अलग और अधिक ऊंचाई वाले पहाड़ी इलाकों के लिए एक विशेष बल तैनात किया जा रहा है. उन्होंने बताया कि जल्द ही हमारे पास 'शौर्य कमांडो' की एक पूरी बटालियन भी होगी, जिसके बाद अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में जवानों की तैनाती हमारी असली ताकत है.
गौरतलब है कि चीन पर ITBP महानिदेशक का बयान भारत-चीन सीमा पर नियमित तैयारियों और बलों की तैनाती के संदर्भ में था और इसका किसी विशेष घटना से कोई संबंध नहीं है. सीमा की सुरक्षा करने वाला बल, ITBP, भारत सरकार की नीतियों, विभिन्न स्थितियों के लिए जारी आदेशों और तय मानक संचालन प्रक्रियाओं (SOPs) के अनुसार सीमा पर काम करता है. सूत्रों के अनुसार, यह बल जल्द ही इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी कर सकता है.