App

Haryana Sanitation Worker Strike: सरकार की कार्रवाई दूसरे दिन भी जारी, 30 बर्खास्त और 8 सफाई कर्मचारी निलंबित

हरियाणा सरकार ने 38 और कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की. इनमें से कुल 30 कर्मचारियों को सेवा से पूरी तरह बर्खास्त कर दिया गया है, जबकि आठ कर्मचारियों को निलंबित किया गया है.

Haryana Sanitation Worker Strike: सरकार की कार्रवाई दूसरे दिन भी जारी, 30 बर्खास्त और 8 सफाई कर्मचारी निलंबित
Image Credit: Haryana Sanitation Worker Strike

Haryana Sanitation Worker Strike: हरियाणा में हड़ताल कर रहे सफाई कर्मचारियों के खिलाफ सरकार की कार्रवाई लगातार दूसरे दिन भी जारी रही. मंगलवार को सरकार ने 38 और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की. इनमें से 30 को नौकरी से निकाल दिया गया, जबकि 8 को सस्पेंड कर दिया गया.

एक दिन पहले, सोमवार को 32 कर्मचारियों को नौकरी से निकाला गया था और 2 कर्मचारियों को सस्पेंड किया गया था. इस तरह, दो दिनों में सरकार अब तक कुल 62 कर्मचारियों को नौकरी से निकाल चुकी है और 10 को सस्पेंड कर चुकी है.

पानीपत और झज्जर में सबसे ज्यादा कार्रवाई
मंगलवार की कार्रवाई में पानीपत, झज्जर और हिसार के कर्मचारी शामिल थे. मिली जानकारी के मुताबिक, पानीपत से 16, झज्जर से 19 और हिसार से 2 कर्मचारियों को नौकरी से निकाला या सस्पेंड किया गया.

13,500 कर्मचारियों के रेगुलराइजेशन का मुद्दा
सरकार और सफाई कर्मचारियों के बीच विवाद का मुख्य मुद्दा राज्य में लगभग 13,500 सफाई कर्मचारियों के रेगुलराइजेशन की मांग है. सरकार का कहना है कि वह 60 साल की उम्र तक कर्मचारियों को सर्विस सिक्योरिटी और दूसरे जरूरी फायदे देने के लिए तैयार है. लेकिन, कर्मचारी संगठनों का कहना है कि प्रस्तावित जॉब सिक्योरिटी रेगुलर नौकरी का विकल्प नहीं है.

कर्मचारी संगठनों ने विरोध जताया
हरियाणा की नगरपालिका कर्मचारी यूनियन और हरियाणा फायर डिपार्टमेंट कर्मचारी यूनियन ने सरकार के इस कदम का विरोध किया है. कर्मचारी नेताओं ने सफाई और सीवर कर्मचारियों के लिए एक खास कानून बनाने की मांग की है, जिसमें उन्हें क्लास III कर्मचारियों के बराबर वेतन, भत्ते, प्रमोशन, मेडिकल और बीमा के फायदे दिए जाएं.

कर्मचारी संगठनों ने 13 मई को नगरपालिका और फायर यूनियनों के साथ हुए समझौते को लागू करने की अपनी मांग भी दोहराई है.

9 सितंबर से नया विरोध कार्यक्रम
कर्मचारी संगठनों ने सरकार के इस कदम के विरोध में एक नए विरोध कार्यक्रम की घोषणा की है. इसके तहत:
9 सितंबर: पूरे राज्य में शोक सभाएं
10-12 सितंबर: अलग-अलग शहरों में लोक न्याय पंचायतें
13 सितंबर: कुरुक्षेत्र में एक बड़ी राज्य-स्तरीय लोक न्याय पंचायत

कर्मचारी नेताओं ने मुख्यमंत्री से इस मामले में दखल देने और संगठनों के साथ बातचीत के ज़रिए विवाद सुलझाने की अपील की है.

Add Zee News as a Preferred Source

About the Author

Renu Akarniya

Renu Akarniya

रेनू अकर्णिया, वर्तमान में Zee News में सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं और दिल्ली-एनसीआर और हरियाणा की लेटेस्ट, ट्रेंडिंग कंटेंट, यूटिलिटी जुड़ी खबरों पर काम कर रहे हैं. रेनू पिछले 3 सालों से डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं. पत्रकारिता में ग्रेजुएशन करने के बाद उन्होंने 2022 में Zee News से करियर की शुरुआत की.  लोकल चैनल समाचार प्लस में इंटर्न से शुरुआत की और कारवां बढ़ता हुआ जी न्यूज पहुंचा.
Read More