App

सरकारी विभागों ने नहीं भरा करोड़ों का बिजली बिल, ईडीएम दफ्तर समेत 39 कार्यालयों के कनेक्शन कटे

कोंडागांव जिले में बिजली विभाग ने ₹7.33 करोड़ के भारी-भरकम बकाया बिलों के कारण 39 सरकारी दफ्तरों, सुलभ शौचालयों और अन्य संस्थानों की बिजली सप्लाई काट दी है. अकेले कोंडागांव नगरपालिका पर ही ₹5.19 करोड़ से ज्यादा का बकाया है.

सरकारी विभागों ने नहीं भरा करोड़ों का बिजली बिल, ईडीएम दफ्तर समेत 39 कार्यालयों के कनेक्शन कटे
Image Credit: 39 कार्यालयों के कनेक्शन कटे

छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले में बिजली विभाग ने उन सरकारी विभागों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है जो लंबे समय से बिजली का बिल नहीं भर रहे थे. जिले के सरकारी दफ्तरों पर बिजली बिल के तौर पर लगभग 7 करोड़ 33 लाख 82 हजार रुपये बकाया हैं. इसमें अकेले कोंडागांव नगरपालिका का 5 करोड़ 19 लाख 40 हजार रुपये का बिजली बिल बकाया है. लंबे समय से बिल न भरने पर कार्रवाई करते हुए बिजली विभाग ने अब तक 39 सरकारी दफ्तरों, सुलभ शौचालयों, मांगलिक भवन, EDM ऑफिस और अन्य संस्थानों के बिजली कनेक्शन काट दिए हैं. अब नगर पालिका के कामकाज पर सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि निवासियों से नियमित रूप से टैक्स वसूलने के बावजूद बिलों का भुगतान नहीं किया गया है.

पानी और बिजली संकट की चिंता
बिजली बिल भरने में देरी की वजह से शहर के लोगों के लिए पानी और बिजली का संकट पैदा होने की चिंता बढ़ गई है. फिलहाल, नगर पालिका की स्ट्रीट लाइट और पानी सप्लाई पंप हाउस के कनेक्शन नहीं काटे गए हैं, ताकि लोगों को कोई परेशानी न हो. हालांकि, अगर बकाया बिल जल्द नहीं भरे गए, तो इन कनेक्शनों को लेकर भी कार्रवाई हो सकती है. नगर पालिका द्वारा लोगों से नियमित रूप से टैक्स वसूलने के बावजूद बिजली बिल न भरने से सिस्टम के मैनेजमेंट पर सवाल उठते हैं. पंप हाउस की बिजली कटने से शहर में पीने के पानी की सप्लाई बाधित हो सकती है, जबकि स्ट्रीट लाइट बंद होने से रात में लोगों को परेशानी होगी.

आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी- बिजली विभाग के जूनियर इंजीनियर
बिजली विभाग के जूनियर इंजीनियर (JE) गोपेश्वर बंधे के अनुसार, संबंधित दफ्तरों ने लंबे समय से बिजली का बिल नहीं भरा है. उन्होंने बताया कि सिर्फ टाउन सेक्टर का ही बकाया ₹7 करोड़ 33 लाख 82 हजार है, जबकि पूरे जिले का आंकड़ा इससे भी ज्यादा हो सकता है. समय पर पेमेंट न करने वाले 39 दफ्तरों और दूसरे संस्थानों की बिजली सप्लाई काट दी गई है और आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी.

इन विभागों का बकाया है राशि
जिन विभागों पर बकाया राशि है, उनमें जल संसाधन, राजस्व, पुलिस, वन, परिवहन, कृषि, न्यायपालिका, लोक निर्माण, शिक्षा, स्वास्थ्य, आदिवासी विकास और पंचायत जैसे कई सरकारी विभाग शामिल हैं. अब सवाल यह उठता है कि इन सरकारी विभागों पर बकाया करोड़ों रुपये के बिजली बिलों का भुगतान कब किया जाएगा, और क्या की जाने वाली किसी भी कार्रवाई का असर शहर की जलापूर्ति और स्ट्रीट लाइटिंग पर भी पड़ेगा?
 

Add Zee News as a Preferred Source

About the Author

Ranjana Kahar

Ranjana Kahar

रंजना कहार एक डिजिटल पत्रकार हैं, जिन्हें न्यूज़ मीडिया और डेस्क ऑपरेशंस के क्षेत्र में 4 सालों से ज्यादा का अनुभव है. वर्तमान में वे Zee News (MP-CG) की डिजिटल टीम में सब-एडिटर की जिम्मेदारी संभाल रही हैं. मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की राजनीतिक हलचलों, क्राइम और स्थानीय मुद्दों (हाइपरलोकल खबरों) की सटीक, निष्पक्ष व तथ्य-आधारित कवरेज में उनकी एक्सपर्टीज है.छत्तीसगढ़ के प्रतिष्ठित गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय (बिलासपुर) से पत्रकारिता में मास्टर डिग्री पूरी करने के बाद रंजना ने अपने करियर की शुरुआत ETV भारत से की थी. ज़ी मीडिया से पहले उन्होंने APN न्यूज़ के साथ भी काम किया है. कंटेंट एडिटिंग, न्यूज़ प्रोडक्शन और डेस्क मैनेजमेंट पर मजबूत पकड़ होने के कारण वे रीडर्स तक खबरें तेजी, गुणवत्ता और प्रामाणिकता के साथ पहुंचाने के लिए जानी जाती हैं.रंजना कहार से आप ranjana.kahar@india.com पर ईमेल के माध्यम से सीधे संपर्क कर सकते हैं. इसके अलावा, एक्स (ट्विटर) और लिंक्डइन पर भी उनसे सीधा संवाद कर सकते हैं.
Read More