जमुई में पटना-हावड़ा मुख्य रेलखंड पर 26 सितंबर, 2026 दिन शनिवार को दादपुर-चौरा के बीच पेड़ गिरने से अप और डाउन दोनों रेल लाइनों पर करीब दो घंटे तक परिचालन प्रभावित रहा. घटना पूर्वाह्न करीब 11:17 बजे की बताई गई है. पेड़ की चपेट में आने से रेलवे का ओवरहेड इलेक्ट्रिक (OHE) तार क्षतिग्रस्त हो गया, जिसके कारण कई ट्रेनों को कई स्टेशनों पर रोकना पड़ा.
बताया गया कि सरसा गांव के समीप पोल संख्या 380/24-26 के पास रेलवे ट्रैक के किनारे पेड़ की कटाई के लिए कुछ देर का ब्लाक लिया गया था. कटाई के दौरान पेड़ अचानक असंतुलित होकर ओवरहेड बिजली तार पर जा गिरा. इससे बिजली तार क्षतिग्रस्त होने के साथ अप और डाउन लाइन पर रेल परिचालन बाधित हो गया. गनीमत रही कि पेड़ गिरने के समय वहां से कोई ट्रेन नहीं गुजर रही थी, जिससे बड़ा हादसा टल गया.
घटना की सूचना तत्काल झाझा नियंत्रण कक्ष को दी गई, जहां से दानापुर मंडल के नियंत्रण कक्ष को जानकारी दी गई. सूचना मिलते ही यातायात निरीक्षक रवि गुप्ता समेत रेलवे के अधिकारी और तकनीकी टीम मौके पर पहुंची. झाझा से इंजन समेत रेलवे कर्मचारियों की टीम भी घटनास्थल पर भेजी गई. इसके बाद पेड़ हटाने और क्षतिग्रस्त ओवरहेड तार की मरम्मत का काम शुरू कराया गया. रेलकर्मी युद्धस्तर पर परिचालन बहाल करने में जुटे रहे.
रेलवे के अनुसार, घटना के कारण हावड़ा-नई दिल्ली पूर्वा एक्सप्रेस झाझा स्टेशन पर करीब 40 मिनट तक खड़ी रही. जसीडीह-किऊल ट्रेन करीब दो घंटे रुकी रही. वहीं, दुरंतो एक्सप्रेस चौरा से पहले, गया-झाझा मेमू जमुई और पुणे-जसीडीह एक्सप्रेस किऊल में रुकी रही.
स्टेशन प्रबंधक रविकांत माथुरी ने बताया कि ओवरहेड बिजली तार क्षतिग्रस्त होने के कारण ट्रेनों का परिचालन प्रभावित हुआ. यातायात निरीक्षक रवि गुप्ता ने बताया कि बिजली तार पर गिरे पेड़ को हटाने और तार की मरम्मत का काम तेजी से कराया गया, जिसके बाद परिचालन बहाल करने की प्रक्रिया शुरू की गई.
ट्रेनों के अचानक विभिन्न स्टेशनों पर रुकने से यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा. बहरहाल, समय रहते पेड़ हटाने और ओवरहेड तार की मरम्मत शुरू होने से रेल परिचालन को धीरे-धीरे सामान्य किया गया.
रिपोर्ट: अभिषेक निरला