पटना गांधी मैदान में 90 नहीं 95 फीट का जलेगा रावण, गंगा में नहीं होगा मूर्ति विसर्जन
पटना में मूर्तियों को सीधे गंगा नदी में विसर्जित नहीं किया जाएगा. इसके बजाय, नदी के किनारे कई जगहों पर कृत्रिम तालाब बनाए गए हैं. ये कृत्रिम तालाब पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य से तैयार किए गए हैं. वहीं, पटना गांधी मैदान में 95 फीट रावण का दहन किया जाएगा.
राजधानी पटना में इस बार रावण दहन भव्य तरीके से आयोजित किया जा रहा है. पर्व को लेकर जिला प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात को लेकर पुख्ता इंतजाम किए हैं. पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक बेहद सराहनीय कदम उठाया गया है. प्रशासन ने यह सुनिश्चित किया है कि इस बार गंगा नदी में सीधे किसी भी मूर्ति का विसर्जन नहीं किया जाएगा. इसके लिए गंगा घाटों के किनारे विशेष रूप से कृत्रिम तालाब तैयार किए गए हैं, ताकि जल को प्रदूषित होने से बचाया जा सके.
90 से 95 फीट हो गया रावण का पुतला
दीघा घाट पर ही गंगा नदी के किनारे दो बड़े कृत्रिम तालाब बनाए गए हैं, जहां पूजा के बाद प्रतिमाओं का विसर्जन किया जाएगा. दूसरी ओर, पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में रावण वध और दहन कार्यक्रम की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. मैदान के अंदर और बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. इस बार रावण दहन का आकर्षण और भी अधिक बढ़ गया है क्योंकि स्टील के मजबूत स्ट्रक्चर का उपयोग किए जाने के कारण रावण का कद बढ़कर 90 से 95 फीट हो गया है, जबकि मेघनाथ को 85 फीट और कुंभकर्ण को 80 फीट ऊंचा बनाया गया है.
सीएम सम्राट और राज्यपाल होंगे शामिल
इन विशालकाय पुतलों के साथ-साथ इस बार रावण दहन का उत्साह और भी दोगुना हो गया है. इस समारोह में राज्यपाल सैयद अता हसनैन, नागालैंड के राज्यपाल नंदकिशोर यादव और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे. सुरक्षा और प्रोटोकॉल को ध्यान में रखते हुए प्रवेश द्वार भी तय कर दिए गए हैं, जिसके तहत राज्यपाल और मुख्यमंत्री का वीवीआईपी आगमन गेट नंबर एक से होगा.
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वीआईपी मेहमानों की एंट्री गेट नंबर चार से होगी. वहीं, वीवीआईपी पास धारक गेट नंबर 12 से प्रवेश करेंगे. आम जनता के लिए गांधी मैदान के बाकी सभी गेट खुले रहेंगे और प्रशासन की ओर से यह निर्देश दिया गया है कि सभी आम जन शाम चार बजे तक अपने-अपने स्थान पर शांतिपूर्वक बैठ जाएं, ताकि ठीक शाम पांच बजकर तीस मिनट पर निर्धारित समय पर रावण दहन समारोह का यह ऐतिहासिक और अद्भुत आयोजन सफलतापवूर्क संपन्न हो सके.
रिपोर्ट: रजनीश