मोकामा में बाढ़ निरीक्षण के दौरान गंगा की तेज धार में 55 मिनट तक फंसी रही SDM की बोट, सभी 8 अधिकारी सुरक्षित निकाले गए
मोकामा में गंगा की तेज धार में 55 मिनट तक बाढ़ अनुमंडल के कई अधिकारी फंस गए. सभी अधिकारी जंजीरा दियारा में बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण करने गए थे. बाढ़ एसडीओ कृष्णा जोशी भी अधिकारियों संग बाढ़ पीड़ितों से मिलकर लौट रही थी. तभी गंगा की बीच धारा में बोट का इंजन बंद हो गया.
बिहार में बाढ़ (Bihar Flood) का कहर जारी है. राज्य के कई जिलों को बाढ़ ने अपनी चपेट में ले लिया है. इस बीच मोकामा स्थित जंजीरा दियारा में बाढ़ प्रभावित इलाकों का जायजा लेकर लौट रहे अधिकारियों की टीम 8 सितंबर, 2026 दिन मंगलवार को एक बड़े हादसे का शिकार होते-होते बच गई. बाढ़ अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) कृष्णा जोशी समेत 8 अधिकारियों को ले जा रही एक बोट का इंजन अचानक गंगा की उफनती धारा के बीचो-बीच बंद हो गया. बताया जा रहा है कि करीब 55 मिनट तक सभी अधिकारी तेज बहाव के बीच फंसे रहे, जिन्हें बाद में SDRF की टीम ने रेस्क्यू कर सुरक्षित बाहर निकाला.
निरीक्षण के बाद लौट रही थी टीम
मिली जानकारी के अनुसार, बाढ़ एसडीओ कृष्णा जोशी अन्य प्रशासनिक अधिकारियों के साथ जंजीरा दियारा में बाढ़ पीड़ितों की स्थिति और राहत कार्यों का निरीक्षण करने गई थी. पीड़ितों से मुलाकात करने के बाद पूरी टीम बोट से वापस लौट रही थी. इसी दौरान गंगा की मुख्य धारा में पहुंचते ही बोट का इंजन अचानक बंद हो गया.
इंजन शुरू करने की कोशिशें रहीं नाकाम
बीच नदी में बोट के रुकते ही चालक ने इंजन को दोबारा चालू करने का काफी प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली. पानी का बहाव बेहद तेज होने के कारण बोट धारा के साथ बहने लगी, जिससे बोट पर सवार अधिकारियों के बीच अफरा-तफरी का माहौल बन गया. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए फौरन एसडीआरएफ (SDRF को इसकी सूचना दी गई.
SDRF ने चलाया रेस्क्यू ऑपरेशन
सूचना मिलते ही SDRF की टीम मोटरबोट लेकर मौके पर पहुंची. करीब 55 मिनट तक चले इस घटनाक्रम के बाद एसडीआरएफ के जवानों ने कड़ी मशक्कत कर सभी अधिकारियों को तेज धारा से बाहर निकाला. बोट में सवार सभी आठों अधिकारी पूरी तरह सुरक्षित हैं.
बता दें कि सीएम सम्राट चौधरी राज्य में बाढ़ के हालात पर नजर बनाए हुए हैं. वह लगातार बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर रहे हैं. साथ ही प्रभावित लोगों से मुलाकात भी कर रहे हैं. सरकार बाढ़ से लोगों को राहत दिलाने के लिए लगाकार कार्य कर रही है.
रिपोर्ट: चंदन