पीएम मोदी पर मल्लिकार्जुन खरगे के बोल पर बीजेपी का हल्लाबोल, पटना से रांची तक 'उबाल'
मल्लिकार्जुन खरगे ने PM मोदी पर विवादित बयान दिया, जिसने घमासान मचा दिया है. रांची से लेकर पटना तक बीजेपी विरोध प्रदर्शन कर रही है. इसी क्रम में मल्लिकार्जुन खरगे का पुतला भी दहन किया गया.
भारतीय जनता पार्टी (BJP) कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिवंगत पिता के बारे में की गई टिप्पणी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रही है. पटना से लेकर रांची तक बीजेपी सड़क पर है. पटना में भाजपा ने राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे का पुतला दहन किया गया है. पटना के कोतवाली थाने में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई है. यह शिकायत भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य कृष्ण सिंह कल्लू ने दर्ज कराई है.
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मल्लिकार्जुन खरगे के बयान पर आपत्ति जताई है. उन्होंने कहा-
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिताजी के खिलाफ अपशब्द का प्रयोग किया जाना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है. उनका यह बयान दिखाता है कि राहुल गांधी और कांग्रेस किस तरह देश के प्रधानमंत्री के परिवार के प्रति दुर्भावना रखते हैं. इस बयान को लेकर कांग्रेस, मल्लिकार्जुन और राहुल गांधी को तुरंत माफी मांगनी चाहिए.
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी संजय सरावगी ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की टिप्पणी पर कहा-
बार-बार पीएम मोदी के स्वर्गीय माता-पिता जी के बारे में अपशब्द बोलना ये सब कांग्रेस की हताशा का प्रमाण है. ये किसी भी हालत में देश की जनता बर्दाश्त नहीं कर सकती है, इसलिए भाजपा ने निर्णय किया है कि हम प्रत्येक राज्य के मुख्यालय में देशव्यापी आंदोलन करेंगे और बिहार भाजपा भी आज प्रदर्शन करने का निर्णय लिया है. राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे को माफी मांगनी चाहिए.
जेडीयू के कार्यरिणी अध्यक्ष संजय झा ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे पर के बयान पर कहा कि खरगे ने जानबूझकर pm का अपमान किया है.
बीजेपी विधायक नीरज कुमार बबलू ने कहा-
कांग्रेस पार्टी की मानसिकता खराब हो गई है, इसलिए गर्त में जा रही है. जिस तरह से कांग्रेस का जनाधार खिसकते जा रहा है, उसी तरह उनके नेताओं की मानसिकता की स्थिति बिगड़ते जा रही है. खरगे जिस तरह पागल कुत्तों की तरह भौं-भौं करने लगा, इससे पता चलता है कि इनकी मानसिक स्थिति बिगड़ गई है. पागल कुत्तों की जगह या तो पागलखान होता है या फिर गोली मार दी जाती है. इनलोगों को पागलखाने में भर्ती करना होगा. मुझे लगता है बिहार के आरा में बड़ा सा एक पागलखान खुला है, उनलोगों को यहीं भर्ती करना होगा.
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा-
मल्लिकार्जुन खरगे जी ही केवल पीएम मोदी के पिता का अपमान नहीं किए हैं, बल्कि इनके सोच में ये हैं इनके DNA में है. अगर राहुल गांधी इस पर कोई टिप्पणी नहीं करते हैं, अगर वह खरगे जी से माफी मांगने की मांग नहीं करते हैं, तो हम देश की जनता को बताते रहेंगे कि कांग्रेस पार्टी पूरी तरह से हताशा में है. कांग्रेस अपने अंत की ओर बढ़ रही है. हम तब तक विरोध करते रहेंगे जब तक खरगे जी इस्तीफा नहीं दे देते, जब तक वह माफी नहीं मांग लेते, और जब तक राहुल गांधी और सोनिया गांधी अपनी चुप्पी नहीं तोड़ देते.
केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन (ललन) सिंह ने पीएम मोदी के खिलाफ मल्लिकार्जुन खरगे की टिप्पणी पर कहा-
खरगे जी कांग्रेस अध्यक्ष हैं और जितनी मर्यादा का उल्लंघन उन्होंने किया है तो कुछ अब बचा नहीं है. इसका यही मतलब है कि ये उनकी उम्र का असर है या वह मानसिक तौर पर बीमार हो चुके हैं. कोई पार्टी का अध्यक्ष इस तरह की भाषा देश के पीएम मोदी के बारे में करेगा ये कोई सपने में भी सोच नहीं सकता है. सारी सीमाओं का उल्लंघन कांग्रेस पार्टी ने किया है और इसी तरह वो देश में शासन करना चाहते हैं अच्छा हुआ देश की जनता उन्हें मौका नहीं दे रही है. अगर देश कही गलती से उन्हें मौका दे दिया होता, तो जो इंदिरा गांधी के समय इस देश हाल हुआ था, उससे और खराब हाल में राहुल गांधी पहुंचा देते.
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की टिप्पणी पर भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने कहा-
बिहार के लोगों कहते हैं कि हम बिहारी है और संस्कारी है इसी का वो ध्यान कर लेते. फिर भी, इसी बिहार में आकर वे देश के प्रधानमंत्री के दिवंगत पिता का अपमान करने का काम करते हैं, यह अस्वीकार्य है.
RJD विधायक भाई वीरेंद्र ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा की गई टिप्पणी पर कहा-
खरगे साहब की उम्र काफी हो गई है. देश में सबसे पुराने नेता हैं और कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं. उनकी भावना किसी को अपमानित करने की नहीं थी. 'स्लिप ऑफ टंग' हुआ है और कोई बात नहीं है. उनकी भावना कतई नहीं है कि हम किसी परिवार के खिलाफ में बोलें. सरकार के खिलाफ में बोलना हमारा अधिकार है, हम सरकार के खिलाफ में बोलेंगे, लेकिन वहां केवल स्लिप ऑफ टंग हुआ है और कुछ नहीं.
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की टिप्पणी पर राजद सांसद मनोज झा ने कहा-
खरगे जी बहुत अनुभवी व्यक्ति हैं और उनसे अपेक्षा नहीं रहती. इसमें कहीं कोई दो मत नहीं. आक्रोश हो, लेकिन चुनिंदा नहीं होना चाहिए. मैंने ऐसा आक्रोश नहीं देखा, न मीडिया में और नहीं बाकी दलों में. जब कांग्रेस को विधवा बोला गया; क्या वो अच्छा था? जर्सी गाय बोला गया; क्या वो अच्छा था? भैंस, मंगलसूत्र, मुजरा; क्या वो शोभनीय था? उत्तराखंड जाते हैं, शुद्धिकरण होता है; क्या वो उचित था? आक्रोश चयनात्मक नहीं होना चाहिए. मैं 100 बार संसद के अंदर भी और बाहर भी बोल चुका हूं कि संसद का दो दिवसीय सत्र तो सिर्फ इसलिए बुलाना चाहिए कि एक दूसरे के प्रति भाषा किस प्रकार की हो. आज से 10-12 वर्ष पहले आप मुझे एक ही वाकया बता दो जब इस तरह की भाषा का इस्तेमाल होता था. इस देश में 12-14 वर्षों में क्या बदला है कि दुश्मनी की जुबान हुई. यह क्यों हुआ है? क्योंकि उसको अधिमूल्य मिल रहा है, तालियां बजती हैं, लाइक्स मिलते हैं. आइए संसद में बात करिए, लेकिन आक्रोश चयनात्मक नहीं होना चाहिए.
रांची में भी बवाल
बीजेपी प्रदेश प्रवक्ता संदीप वर्मा ने कहा-
बात मर्यादा की है और कांग्रेस पार्टी और उनके नेता लगातार मर्यादा को तार-तार करते हैं. कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष, नेता प्रतिपक्ष मर्यादा तोड़ते हैं. सत्ता से दूर रहने के कारण इनकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं है, जबकि राजनीति में सीमा को भूलना नहीं चाहिए. जनता इनको कठोर दंड देगी.
झामुमो प्रवक्ता मनोज पांडेय ने कहा-
हम उस बयान का समर्थन नहीं करते, पर राजनीतिक गिरावट की शुरुआत किसने की है? दुखद है, नहीं होना चाहिए, पर आप तो सोच समझ कर अपमान करते हैं. पहले अपने आप का आकलन करिए.
कांग्रेस प्रदेश महासचिव शशिभूषण राय ने कहा-
बीजेपी के पास कोई एजेंडा नहीं है, उनके बयान को तोड़ मरोड़ कर पेश किया गया. वो दलित समाज से आते हैं. बीजेपी नेताओं ने लगातार सोनिया गांधी को लेकर अप शब्द कहा है.