नेतन्याहू ने बनाया था सेना प्रमुख, हमास से जंग में गई बेटे की जान... 2025 में बनाई पार्टी, अब इजरायल के PM बनेंगे आइजेनकोट?
इजरायल के पूर्व सेना प्रमुख गादी आइजेनकोट को राष्ट्रपति इसाक हर्जोग ने सरकार बनाने का न्योता दिया है. नेतन्याहू के करीबी रहे आइजेनकोट ने 2025 में अपनी पार्टी बनाई थी.
इजरायल के राष्ट्रपति इसाक हर्जोग यशर पार्टी के अध्यक्ष और पूर्व सेना प्रमुख गादी आइजेनकोट को सरकार गठन का न्योता दिया है. अब गादी के पास नई सरकार बनाने के लिए 28 दिन होंगे. अगर वह इस समय में सरकार नहीं बना पाते हैं तो राष्ट्रपति उन्हें 14 दिन का अतिरिक्त समय भी दे सकते हैं. हालांकि, कई दिग्गज कह रहे हैं कि आइजेनकोट इजरायल के होने वाले प्रधानमंत्री हैं. इस खबर में हम जानेंगे कि गादी आइजेनकोट हैं?
गादी आइजेनकोट की अधिकतर जिंदगी सैन्य सेवा में गुजरी है चारों तरफ जंग और सुरक्षा चुनौतियों का सामना किया. उनका जन्म 1960 में इजरायल के तिबेरियास में हुआ था. उनके माता-पिता मोरक्को से आकर इजरायल में बसे थे. वह नौ भाई-बहनों में दूसरे नंबर पर हैं. वो महज 18 साल की उम्र में ही सेना में भर्ती हो गए थे. 19 अक्तूबर 1978 को आइजेनकोट इजरायली सेना की गोलानी ब्रिगेड में भर्ती हुए. यह इजरायल की प्रमुख पैदल सेना इकाइयों में से एक है.
तेल अवीव और अमेरिका से हासिल की शिक्षा
आइजेनकोट ने तेल अवीव यूनिवर्सिटी से शिक्षा हासिल की और अमेरिका के आर्मी वॉर कॉलेज से सैन्य एवं सुरक्षा अध्ययन में मास्टर डिग्री हासिल की. उन्हें 2016 में अमेरिका की तरफ से लीजन ऑफ मेरिट सम्मान भी मिला. उन्होंने करीब 41 साल सेना में बिताए. 2015 में आइजेनकोट को बेंजामिन नेतन्याहू ने अपनी पूरी सेना की जिम्मेदारी सौंप दी थी और अगले 4 वर्षों तक, यानी 2019 तो वो इस पद पर रहे.
हमास हमले में गई 25 साल के बेटे की जान
दिसंबर 2023 में हमास की तरफ से इजरायल पर किए गए हमलों में बहुत से इजरायलियों ने अपनों को खोया था. इस हमले में आइजेनकोट ने भी अपने बेटे को खोया था. आइजेनकोट के बेटे का नाम गाल आइजेनकोट था, जो इजरायली सेना में सार्जेंट मेजर के पद पर थे. हालांकि, महज 25 साल की उम्र में वो हमास के हमलों में मारे गए.
जंग कैबिनेट से इस्तीफा देकर 2025 में बनाई पार्टी
इतना ही नहीं, हमास के खिलाफ जंग के लिए नेतन्याहू ने जो कैबिनेट बनाई थी, उसमें भी आइजेनकोट शामिल थे, लेकिन जून 2024 में उन्होंने इस पद से इस्तीफा दे दिया था. इस्तीफा देने के दौरान उन्होंने आरोप लगाया था कि सरकार के गाजा युद्ध को लेकर कोई साफ रणनीति नहीं है. इस्तीफा देने के बाद उन्होंने 2022 में बेनी गैंट्ज की पार्टी के साथ राजनीति में कदम रखा. बाद में सितंबर 2025 में अपनी पार्टी 'यशर' बनाई. हिब्रू भाषा में यशर का अर्थ सीधा या ईमानदार होता है. इसके बाद अक्तूबर के आखिर में हुए संसदीय चुनाव में उनकी पार्टी ने शानदार प्रदर्शन किया.
इजरायल में गठबंधन के हिसाब से सीटों का गणित
| गठबंधन / खेमा | शामिल पार्टियां | सीटें |
|---|---|---|
| नेतन्याहू समर्थक खेमा | लिकुड (27), ओत्जमा येहुदित (7), यूनाइटेड तोराह जूडिज्म (7), शास (6), धार्मिक जायनिज्म (6) | 53 |
| गादी आइजेनकोट का विपक्षी खेमा | यशर (21), बेयाहाद (12), डेमोक्रेट्स (8), इजरायल बेतेनु (7) | 48 |
| अरब पार्टियों का खेमा | जॉइंट लिस्ट (11), राम (8) | 19 |
| कुल सीटें | 120 | |
बहुमत का गणित
बहुमत के लिए जरूरी सीटें: 61
नेतन्याहू समर्थक खेमा: 53 (8 कम)
आइजेनकोट का विपक्षी खेमा: 48 (13 कम)
अरब पार्टियां: 19