भाषा चुनें
  • Hindi
  • English
  • Marathi
  • Bengali
  • Tamil
  • Malayalam
  • Gujarati
  • Telugu
  • Kannada
  • Odisha
  • Z Bharat
  • ZEE PHH
  • ZEE Business
  • WION
राज्य चुनें
  • उत्तर प्रदेश
  • उत्तराखण्ड
  • मध्य प्रदेश
  • छत्‍तीसगढ़
  • हरियाणा
  • दिल्ली
  • बिहार
  • झारखण्ड
  • राजस्‍थान
  • हिमाचल प्रदेश
  • हिन्दीEnglishमराठीবাংলাதமிழ்മലയാളംગુજરાતીతెలుగుಕನ್ನಡଓଡ଼ିଶାZ BharatPHHBusinessWION
  • facebookyoutubetwitterlinkedinwhatsapp
Zee News Hindi
App
Zee News Hindi
  • News
  • वीडियो
  • फोटोज़
  • रील्स
  • लाइव ब्लॉग
  • राज्य चुनें

Add Zee Business As A Preferred Source
App
  • लेटेस्ट न्यूज़
  • देश
  • खेल
  • दुनिया
  • मनोरंजन
  • बिजनेस
  • ओरिजनल
  • टेक
  • धर्म
  • ऑटो
  • एजुकेशन
  • एस्ट्रोलॉजी
  • राशिफल
  • LIVE टीवी
  • लेटेस्ट न्यूज़
  • देश
  • खेल
  • दुनिया
  • मनोरंजन
  • बिजनेस
  • ओरिजनल
  • टेक
  • धर्म
  • ऑटो
  • एजुकेशन
  • एस्ट्रोलॉजी
  • राशिफल
  • ज़ी न्यूज़ हिंदी
  • /दुनिया
  • /पाकिस्तान की खिलाफत: PoK में फिर आंदोलन, 27 अक्टूबर को 'Black Day', एक नवंबर तक का शेड्यूल घोषित

पाकिस्तान की खिलाफत: PoK में फिर आंदोलन, 27 अक्टूबर को 'Black Day', एक नवंबर तक का शेड्यूल घोषित

पाकिस्तानी कब्जे वाले कश्मीर में एक बार फिर से बगावत की चिंगारी शोला बनकर भड़क रही है. आंदोलनकारियों ने शहबाज शरीफ की सरकार को दो टूक चुनौती देते हुए कहा है कि अगर हिम्मत है तो फौज को गोलियां चलाने का हुक्म देकर हमें सड़क से हटा दें, वरना इस बार भी हम लोग अपने कदम पीछे हटाने को तैयार नहीं हैं.

Written ByShwetank Ratnamber
Published: Oct 25, 2026, 02:42 PM IST|Updated: Oct 25, 2026, 03:09 PM IST
joinshare
पाकिस्तान की खिलाफत: PoK में फिर आंदोलन, 27 अक्टूबर को 'Black Day', एक नवंबर तक का शेड्यूल घोषित
Image Credit: (Reuters)

About the Author

Shwetank Ratnamber

Shwetank Ratnamber

श्वेतांक रत्नाम्बर वरिष्ठ पत्रकार हैं, जिन्हें टीवी और डिजिटल न्यूज़ मीडिया में 22 वर्षों से ज्यादा का व्यापक अनुभव है. वर्तमान में वे Zee News (Hindi) की डिजिटल टीम में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय (देश-दुनिया) खबरों की डेस्क पर कार्यरत हैं. समसामयिक मुद्दों, वैश्विक राजनीति और कूटनीति पर गहरी समझ रखने वाले श्वेतांक जटिल अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों और राजनीतिक समीकरणों का सटीक विश्लेषण करने के विशेषज्ञ हैं.Zee News डिजिटल से पहले उन्होंने ज़ी मीडिया नेटवर्क के ग्लोबल न्यूज़ चैनल 'WION' के साथ काम किया है. इस दौरान उन्होंने 'Gravitas', 'The West Asia Post' और 'One Africa' जैसे कई प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय प्राइम-टाइम शोज़ के हिंदी प्रोडक्शन और इंटरप्रिटेशन में अहम भूमिका निभाई. 2004 से शुरू हुए अपने पत्रकारिता करियर में श्वेतांक ने रिपोर्टिंग और एंकरिंग के साथ-साथ चार लोकसभा और कई राज्यों के विधानसभा चुनावों की व्यापक ग्राउंड कवरेज की है.जामिया मिल्लिया इस्लामिया (JMI), नई दिल्ली से जर्नलिज्म में पीजी डिप्लोमा के बाद मास कम्युनिकेशन और पॉलिटिकल साइंस में मास्टर्स डिग्री हासिल करने वाले श्वेतांक लंबे समय से 'प्रेस क्लब ऑफ इंडिया' (PCI) के सम्मानित सदस्य हैं.आप श्वेतांक रत्नाम्बर से सीधे shwetank.ratnamber@india.com पर ईमेल के जरिए संपर्क कर सकते हैं. इसके अलावा आप उनसे एक्स (ट्विटर), मेटा (फेसबुक) और लिंक्डइन पर भी कनेक्ट कर सकते हैं.' 
Read More

ट्रेंडिंग

  • न्यूज़
  • फोटो
  • वीडियो
ब्लास्ट की धमक से थर-थर कांप रहा टोंक! धमाके से खेतों और अन्नपूर्णा माता मंदिर पर गिर रहे पत्थर

ब्लास्ट की धमक से थर-थर कांप रहा टोंक! धमाके से खेतों और अन्नपूर्णा माता मंदिर पर गिर रहे पत्थर

2

8 साल पुराने मानहानि केस में राहुल गांधी बरी, अमित शाह पर टिप्पणी का था मामला

3

JDU से निष्कासित अनंत सिंह को एक और बड़ा झटका, पत्नी नीलम देवी से छीना गया राज्यमंत्री का दर्जा

4

कैमूर के चातुर्मास महायज्ञ में आज शामिल होंगे CM सम्राट, जीयर स्वामी जी महाराज से लेंगे आशीर्वाद, सुरक्षा के है पुख्ता इंतजाम

5

शेयर बाजार के निवेशकों की होगी चांदी! 3 सरकारी कंपनियां होंगी लिस्ट; क्या है सरकार का पूरा प्लान?

logo
  • contact us
  • privacy policy
  • legal
  • investor info
  • advertise with us
© 1998-2026 Indiadotcom Digital Private Limited, All Rights Reserved.

पाकिस्तानी कब्जे वाले कश्मीर में एक बार फिर पाकिस्तान से आजादी की मांग ने जोर पकड़ लिया है. मुजफ्फराबाद से लेकर जगह-जगह 'सरफरोशी की तमन्ना अब हमारे दिल में है, देखना है जोर कितना बाजुए कातिल में है.' की गूंज भी फिर से सुनाई दे रही है. PoK में जम्मू कश्मीर ज्वाइंट अवामी एक्शन कमेटी ने पाकिस्तानी हुकूमत के खिलाफ अपना आंदोलन तेज करते हुए 24 अक्टूबर से एक नवंबर तक के एक्शन प्लान का ऐलान कर दिया है. कमेटी का कहना है कि जरूरत पड़ने पर आंदोलन को मौके से ही बढ़ाया जा सकता है.

PoK में व्यापक विरोध सप्ताह मनाने का ऐलान

जम्मू कश्मीर ज्वाइंट अवामी एक्शन कमेटी ने एक बयान जारी करके सरकार को दो टूक बता दिया कि वो बिना शर्त अपना मौजूदा धरना खत्म नहीं करेगी. कमेटी ने कहा, सरकार की आधिकारिक समितियों को पहले हमारी कुछ तय शर्तें स्वीकार करते हुए चार प्रमुख मांगों को पूरा करना होगा, इसके बाद ही सीधे बातचीत शुरू हो सकती है.

ब्लैक डे का ऐलान

आंदोलन को और तेज करने की योजना के तहत JKJAAC ने 27 अक्टूबर को पूरे क्षेत्र में ‘ब्लैक डे’ यानी काला दिवस मनाने का आह्वान किया है. इस दिन पाकिस्तान की सेना पर कथित ज्यादतियों के विरोध में कायद-ए-आजम चौक पर प्रदर्शन किया जाएगा.

एक सप्ताह तक चलने वाले विरोध प्रदर्शनों का समापन 1 नवंबर को होगा. एक नवंबर के आयोजन को ‘यौम ए फुरकान’ नाम दिया गया है. यानी यह दिन शहीदों, घायलों और लापता लोगों को समर्पित होगा. आंदोलन की सफलता के लिए सामूहिक विशेष प्रार्थनाएं भी की जाएंगी.

कश्मीरियों से प्रदर्शन की अपील

समिति ने पर्दे के पीछे या गुप्त बातचीत की किसी भी संभावना को खारिज करते हुए लोगों से सरकारी छलावे यानी उस प्रोपेगेंडा मशीनरी पर भरोसा न करने की अपील की है, जिनमें दावा किया जा रहा है कि कमेटी आंदोलन जल्द खत्म करने का ऐलान कर सकती है.

कमेटी नेताओं ने साफ किया है कि लॉन्ग मार्च को रणनीतिक रूप से कुछ समय के लिए रोकने का फैसला किया गया है, प्रदर्शन और उनका संघर्ष जारी रहेगा.

JKJAAC ने विदेशों में रहने वाले कश्मीरियों से भी आंदोलन में शामिल होने की अपील की है. समिति ने उनसे पाकिस्तानी दूतावासों के बाहर प्रदर्शन करने और धरना देने की अपील की है. केंद्रीय नेतृत्व ने लंदन और बर्मिंघम जैसे बड़े अंतरराष्ट्रीय केंद्रों में रह रहे कश्मीरियों की ओर से किए जा रहे प्रदर्शनों की भी सराहना की.

शांतिपूर्ण आंदोलन पर जोर

अपनी राजनीतिक विश्वसनीयता को और मजबूत करने के लिए कमेटी ने ये ऐलान भी किया कि उनका आंदोलन शांतिपूर्ण और सामूहिक है, जिसका किसी सशस्त्र संगठन यानी मिलिशिया से कोई संबंध नहीं है. न ही उसे ऐसे संगठनों से फंडिंग मिलती है. कमेटी ने स्थानीय नागरिकों, परिवहन क्षेत्र में काम करने वाले लोगों, व्यापारियों, वकीलों, छात्रों और विद्वानों की आंदोलन में ऐतिहासिक भागीदारी को भी याद करते हुए उनसे इस बार भी समर्थन मांगा है.

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:
PoK