फ्रांस में क्यों जल उठे 400 स्कूल? आगजनी में 170 घायल, 2000 छात्र गिरफ्तार; अब पैरेंट्स जुर्माना वसूलेगी सरकार
फ्रांस में भड़की हिंसा के दौरान 400 स्कूलों में आगजनी की घटना सामने आई है. इस बवाल में 170 लोग घायल हुए और 2000 छात्रों को गिरफ्तार किया गया है. स्थिति को देखते हुए अब सरकार उपद्रव में शामिल छात्रों के माता-पिता से जुर्माना वसूलने की तैयारी में है.
फ्रांस में स्कूलों की खराब हालत, पढ़ाई के लंबे घंटों, कर्मचारियों की कमी और शिक्षा बजट में कटौती के खिलाफ छात्रों का विरोध प्रदर्शन तेज हो गया है. शुक्रवार को देशभर के 564 स्कूलों में प्रदर्शन या किसी तरह का व्यवधान सामने आया. करीब 400 हाईस्कूलों के बंद रहने की आशंका जताई गई थी. पिछले एक सप्ताह से जारी यह आंदोलन अब हिंसक होता जा रहा है. अधिकारियों के मुताबिक, शुक्रवार को पूरे फ्रांस में करीब 400 हाई स्कूल बंद रहे. प्रदर्शन के दौरान स्कूलों के कई स्टाफ मेंबर घायल हुए हैं, जबकि करीब 2,000 छात्रों को गिरफ्तार किया गया है.
यह आंदोलन पिछले हफ्ते राजधानी पेरिस के आसपास के इलाकों से शुरू हुआ था और देखते ही देखते देश के दूसरे हिस्सों में भी फैल गया. प्रदर्शन में हाई स्कूल के फाइनल ईयर के छात्र बड़ी संख्या में शामिल हैं. कई जगह छात्र स्कूलों के गेट पर रास्ता रोक रहे हैं और पुलिस के साथ उनकी झड़प भी हो रही है. कुछ जगहों पर स्कूल बंद कराने के लिए छात्रों ने आगजनी भी की.
स्कूलों की व्यवस्था से नाराज छात्र
प्रदर्शन कर रहे छात्रों का कहना है कि स्कूलों में पढ़ाई के घंटे बहुत ज्यादा हैं. उनका आरोप है कि स्कूलों में सुविधाओं की कमी है और क्लासरूम में गर्मी के बावजूद एसी जैसी व्यवस्था नहीं है. छात्रों का यह भी कहना है कि कई बार टीचर और स्कूल स्टाफ अनुपस्थित रहते हैं, जिससे पढ़ाई प्रभावित होती है.
छात्रों के माता-पिता से जुर्माना वसूलने की तैयारी
फ्रांस के न्याय मंत्री गेराल्ड डारमानिन ने कहा है कि प्रदर्शन के दौरान बच्चों की ओर से किए गए नुकसान की भरपाई उनके माता-पिता से कराई जा सकती है. उन्होंने सरकारी वकीलों से इस दिशा में कार्रवाई करने को कहा है. डारमानिन ने RTL को बताया कि प्रदर्शन शुरू होने के बाद से करीब 2,000 लोगों को पुलिस हिरासत में लिया गया है. इनमें लगभग 90 प्रतिशत नाबालिग हैं. सरकार अब प्रदर्शन के दौरान हुए नुकसान की मरम्मत का खर्च बच्चों के माता-पिता से वसूलने की तैयारी कर रही है.
सरकार ने माना छात्रों की शिकायतें सही
फ्रांस सरकार ने छात्रों की कुछ शिकायतों को सही माना है, लेकिन हिंसा का समर्थन नहीं किया है. फ्रांस के शिक्षा मंत्री एडुआर्ड गेफ्रे ने कहा कि हाई स्कूल छात्रों का आंदोलन अब काफी हद तक हिंसक गुटों के कब्जे में चला गया है. उन्होंने बताया कि फ्रांस के करीब 3,700 हाई स्कूलों में से लगभग 400 के शुक्रवार को बंद रहने की उम्मीद है. सरकार का कहना है कि छात्रों की समस्याओं पर बात की जा सकती है, लेकिन स्कूलों में आगजनी और हिंसा का रास्ता स्वीकार नहीं किया जा सकता.
170 छात्र और 65 कर्मचारियों हुए घायल
शिक्षा मंत्री के मुताबिक, प्रदर्शन के दौरान करीब 170 छात्र और कम से कम 65 कर्मचारी घायल हुए हैं. कई जगह आगजनी हुई और प्रदर्शनकारियों की पुलिस से झड़प भी हुई. हालात को देखते हुए सरकार ने अभिभावकों से बच्चों को प्रदर्शन से दूर रखने की अपील की है. फ्रांस में 18 अप्रैल 2027 से चुनाव होने हैं. ऐसे में चुनाव से कुछ महीने पहले ही जेन-जी और जेन-अल्फा के छात्र शिक्षा व्यवस्था के मुद्दों को लेकर सड़कों पर उतर आए हैं.