दुबई से तेल अवीव जा रहे 'FlyDubai' के विमान के कॉकपिट में हुई हिंसात्मक घटना को लेकर इजरायली सरकार का कहना है कि यह एक आतंकवादी घटना भी हो सकती है. इससे पहले कयास भी इस तरह के कयास लगाए जा रहे थे. अब न्यूज एजेंसी ने इजरायली सरकार के दो अधिकारों के हवाले से यह जानकारी दी है. इजरायल के दोनों अफसरों ने नाम जाहिर न करने की शर्त पर बताया कि इजरायल का मौजूदा आकलन है कि यह एक संभावित 'आतंकी हमले' की कोशिश थी और इसका पायलटों में से किसी की मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्या से कोई संबंध नहीं था. जबकि इजरायली वित्त मंत्री ने सीधी चेतावनी देते हुए कहा कि हम बदला लेंगे.
जबकि इससे पहले जब, सऊदी अरब में विमान की इमरजेंसी लैंडिंग की गई, तो इजरायली प्रधानमंत्री दफ्तर के प्रवक्ता डोरोन स्पीलमैन ने रॉयटर्स को बताया था कि यह घटना विमान हाईजैक किए जाने जैसी नहीं लग रही थी और उन्होंने इसे 'एक अलग तरह की घटना' बताया था. हालांकि, उन्होंने इस सवाल का तुरंत जवाब नहीं दिया कि क्या इजरायल इस घटना को आतंकी घटना मानकर जांच कर रहा है.
इसके अलावा इजरायली मीडिया में भी इस घटना को लेकर अलग-अलग दावे सामने आ रहे हैं. कुछ रिपोर्ट्स में कहा जा रहा था कि पायलट ने कथित तौर पर विमान को जानबूझकर क्रैश करने की कोशिश की थी और यह आत्महत्या की कोशिश भी हो सकती है. खबर सामने आने के बाद, इजरायल अलर्ट हो गया है और खुद प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सुरक्षा अधिकारियों के साथ बैठक की थी और हालात संभालने के लिए उन्होंने दिन का बाकी कार्यक्रम रद्द कर दिया.
इसके अलावा इजरायली वित्त मंत्री ने बेजेलेल स्मोट्रिच ने कहा कि हम नतीजे पर नहीं, बल्कि इरादे पर ध्यान देंगे. उन्होंने कहा कि घटना में सिर्फ यह नहीं देखना चाहिए कि आखिर में क्या हुआ, बल्कि यह भी देखना चाहिए कि विमान को नुकसान पहुंचाने की कोशिश के पीछे क्या इरादा था. स्मोट्रिच ने कहा,'जिस व्यक्ति ने 180 इजरायली यात्रियों की हत्या के इरादे से विमान को क्रैश करने की कोशिश की, उसे उसी तरह सजा मिलनी चाहिए जैसे उसने वास्तव में हत्या की हो. साथ ही, अगर उसके पीछे कोई देश या आतंकी संगठन है, तो उसे भी इसकी कीमत चुकानी चाहिए.'
यह घटनाक्रम नेतन्याहू के उस वीडियो संदेश के लगभग एक दिन बाद हुई, जिसमें उन्होंने मंगलवार को इजरायली वायु सेना के सबसे पुराने और मुख्य बेस, तेल नोफ से कहा था,'हमें संकेत मिले हैं कि चुनावों से पहले हमारे दुश्मन हम पर हमला करने की कोशिश करेंगे.'उन्होंने आगे कहा,'इसलिए मैं यहां वायु सेना के बेस से इजरायल की लंबी पहुंच की तरफ से आपको संदेश दे रहा हूं. हमसे उलझने की कोशिश न करें, न अभी और न कभी. हमारी पहुंच आप तक कहीं भी और कभी भी पहुंच सकती है.'
दरअसल दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाइट नंबर FZ1073 में उस समय हड़कंप मच गया, जब वो जॉर्डन के हवाई क्षेत्र के ऊपर से गुजर रही थी. बताया जा रहा है कि कॉकपिट के अंदर दोनों पायलटों के बीच झड़प हो गई. इजरायली अधिकारियों के मुताबिक, इसी दौरान को-पायलट ने कथित तौर पर कप्तान पर चाकू से हमला किया. Flightradar24 के मुताबिक, विमान करीब 30 सेकंड से भी कम समय में लगभग 14000 फीट नीचे आ गया. विमान में 150 से 180 लोग लोग सवार थे, इनमें इजरायली नागरिकों की तादाद ज्यादा थी.
🔴El resumen de tal vez el mayor desastre evitado en la historia de la aviación
🔴Un avión de FlyDubai salió de Dubai a Tel Aviv con 180 pasajeros a bordo
🔴100 eran israelíes
🔴El piloto era de emiratos árabes y el copiloto de Omán,
🔴El copiloto atacó al piloto, y se… pic.twitter.com/jPfzMMPyPo— @IsraelVive (@IsraelVive1948) September 30, 2026
इसी बीच विमान की तरफ से एक सामान्य इमरजेंसी अलर्ट जारी किया गया. हालांकि इसके बाद ऐसा सिग्नल गया, जो संभावित गैरकानूनी दखल या फिर हाईजैक जैसी सिच्युएशन में भेजा जाता है. दूसरा अलर्ट मिलते ही, सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया. इसके बाद विमान जॉर्डन के हवाई क्षेत्र से सऊदी अरब की तरफ मुड़ गया और तबूक एयरपोर्ट पर इमरजेंसी लैंडिंग की. दोनों ही पायलट जख्मी थे, उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया. संबंधित पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.