समय से पहले सर्दियां हाजिर: अक्टूबर में ही बर्फबारी और बारिश का डबल अटैक, 17 अक्टूबर तक उत्तराखंड में नहीं थमेगा दौर
Uttarakhand ka Mausam: उत्तराखंड में मौसम का मिजाज बदला-बदला सा है. इसका असर पहाड़ी इलाकों में ज्यादा देखने को मिलेगा. मौसम विभाग का कहना है कि कुछ इलाको में गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली चमकने की संभावना है. जानिए अगले कुछ दिनों तक मौसम कैसा रहेगा?
Uttarakhand Weather Today: उत्तराखंड में मौसम एक बार फिर तेजी से बदल रहा है. मौसम विज्ञान केंद्र ने राज्य के कई जिलों में बारिश और बर्फबारी को लेकर नया अलर्ट जारी किया है. खासतौर से पर्वतीय इलाकों में मौसम के मिजाज में आ रहे इस बदलाव के चलते ठंड में इजाफा होने की पूरी संभावना है.
पर्वतीय जिलों में बारिश और बर्फबारी के आसार
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 13 और 14 अक्टूबर को उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर, नैनीताल और पिथौरागढ़ समेत देहरादून के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है. इस दौरान 3500 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी के आसार दिख रहे हैं. पर्वतीय इलाकों में कुछ स्थानों पर आकाशीय बिजली चमकने की भी संभावना है, जिसे लेकर प्रशासन अलर्ट है. इन दो दिनों में राज्य के अन्य जनपदों में मौसम शुष्क बना रहेगा. राजधानी देहरादून और चारधाम यात्रा मार्गों पर आसमान रहने के आसार हैं. हालांकि, दोपहर या शाम के समय आंशिक रूप से बादल छाए रहने का अनुमान है.
15 अक्टूबर को पूरे प्रदेश में बदलेगा मौसम
मौसम विभाग का कहना है कि 15 अक्टूबर को मौसम का असर और अधिक व्यापक हो सकता है. इस दिन उत्तराखंड के सभी जनपदों में कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है. ऊंचाई वाले पर्वतीय इलाकों में बर्फबारी का दौर जारी रह सकता है. जबकि, कुछ इलाकों में गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने के साथ धूल भरी आंधी चलने की भी आशंका है. राजधानी देहरादून में भी इस दिन आसमान में आंशिक बादल छाए रहने और मौसमी गतिविधियों के बढ़ने के संकेत हैं.
17 अक्टूबर तक बारिश-बर्फबारी की संभावना
IMD के मुताबिक, 16 अक्टूबर को कुमाऊं मंडल के कुछ स्थानों और गढ़वाल मंडल के जनपदों में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है. जबकि, 3800 मीटर व उससे अधिक ऊंचाई पर बर्फबारी हो सकती है. 17 अक्टूबर को उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर व पिथौरागढ़ में बहुत हल्की बारिश/बर्फबारी (3800 मीटर से ऊपर) होने की संभावना है. जबकि, अन्य जिलों में मौसम पूरी तरह शुष्क रहेगा.
पर्यटकों और स्थानीय लोगों के लिए सलाह
मौसम के इस बदलते मिजाज को देखते हुए पहाड़ी इलाकों की यात्रा करने वाले पर्यटकों और स्थानीय लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है. ऊंचाई वाले इलाकों में जाने से पहले मौसम की ताजा जानकारी जरूर लें. गरज-चमक के दौरान खुले स्थानों, बिजली के खंभों और ऊंचे पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचें. पहाड़ी रास्तों पर सफर करते समय लैंडस्लाइड या अचानक मौसम खराब होने की स्थिति में स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग के दिशा-निर्देशों का पूरी तरह पालन करें.