जुबिन नौटियाल के पिता रामशरण नौटियाल ने छोड़ा बीजेपी का साथ, पार्टी में अंदरूनी खींचतान बनी वजह?
Dehradun News: चकराता विधानसभा से बीजेपी प्रत्याशी रहे रामशरण नौटियाल ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है. हालांकि, बीजेपी छोड़कर वह किस पार्टी में जाएंगे? अभी इसकी जानकारी नहीं दी है.
Dehradun News: बॉलीवुड सिंगर जुबिन नौटियाल के पिता रामशरण नौटियाल ने बीजेपी छोड़ दिया है. बताया जा रहा है कि रामशरण नौटियाल बीजेपी के अंदर फिट नहीं बैठ पा रहे थे. बीजेपी में क्षेत्रीय नेताओं की आपसी सियासी खींचतान से वह नाराज चल रहे थे. मंगलवार को उन्होंने पार्टी से इस्तीफा दे दिया.
बीजेपी का दामन छोड़ा
रामशरण नौटियाल ने 2027 के विधानसभा चुनाव से ठीक पहले ये फैसला लिया है. इससे पहले वह 2022 के विधानसभा चुनाव में चकराता सीट से बीजेपी के टिकट से चुनाव लड़ चुके हैं. हालांकि, उन्हें हार का सामना करना पड़ा था. कांग्रेस उम्मीदवार प्रीतम सिंह ने रामशरण नौटियाल को हरा दिया था. चुनाव में हार के बाद साल 2023 से लगातार रामशरण नौटियाल स्थानीय नेताओं से नाराज चल रहे थे. उन्होंने स्थानीय नेताओं पर गंभीर आरोप भी लगाए थे.
जिला पंचायत अध्यक्ष भी रहे
विधानसभा चुनाव से पहले वह देहरादून के जिला पंचायत अध्यक्ष भी रह चुके हैं. रामशरण नौटियाल लंबे समय से कांग्रेस में थे. कांग्रेस के बाद ही वह बीजेपी में आए थे. अब बीजेपी छोड़कर किस पार्टी का दामन थामेंगे? इसकी जानकारी नहीं है. हालांकि, उनके बीजेपी छोड़ने को लेकर उत्तराखंड की सियासत में हलचल मच गई है. बीजेपी ने उनके पार्टी छोड़ने से अनभिज्ञयता जताई है.
जुबिन नौटियाल पिता बने
बता दें कि जुबिन नौटियाल पिछले दिनों ही 14 सितंबर को गणेश चतुर्थी पर पिता बन गए. उनकी पत्नी ने गणेश चतुर्थी के दिन बेटे को जन्म दिया. हालांकि, उस समय यह जानकारी मीडिया में नहीं आ पाई थी. मंगलवार को जुबिन नौटियाल के पिता बनने की खबरें आईं. सिंगर जुबिन नौटियाल ने खुद इसकी पुष्टि की है. उन्होंने बताया कि मां और बच्चा दोनों स्वस्थ हैं और अस्पताल से घर लौट चुके हैं.
शंख को लेकर विवाद छिड़ा
वहीं, बद्रीनाथ धाम में देवभूमि कल्चरल फेस्टिवल में DJ और तेज साउंड पर मचे बवाल के बीच पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने विवाद को ही खारिज कर दिया. सतपाल महाराज ने कहा कि बद्रीनाथ में संगीत कोई नई बात नहीं, यहां मिलिट्री का पाइप बैंड भी बजता है, लेकिन इसी सफाई में उन्होंने एक विवादित लाइन कह दी. सतपाल महाराज ने कहा कि बद्रीनाथ मंदिर के अंदर शंख इसलिए नहीं बजता क्योंकि शंख जानवर की हड्डी से बना होता है. बस फिर क्या था, बयान पर बवाल मच गया.
सतपाल महाराज पर कसा तंज
चारधाम महापंचायत के महासचिव बृजेश सती ने मंत्री के ज्ञान पर ही सवाल उठा दिया. बृजेश सती ने तंज कसा कि शायद उम्र के इस पड़ाव में सतपाल महाराज को ये दिव्य ज्ञान प्राप्त हुआ है. उन्होंने कहा कि सनातन में शंख को सबसे पवित्र माना जाता है, घर-घर में पूजा में बजता है, भगवान विष्णु और कृष्ण के हाथ में पाञ्चजन्य शंख है, उसे हड्डी बताना हास्यास्पद है. तीर्थ पुरोहितों का कहना है कि पारंपरिक शंख और मिलिट्री बैंड की तुलना DJ के तेज शोर से नहीं की जा सकती और हड्डी वाला बयान देकर DJ विवाद से ध्यान भटकाया जा रहा है. अब ये विवाद DJ से निकलकर आस्था बनाम ज्ञान की बहस बन गया है.